होर्मुज स्ट्रेट पर गोलीबारी के बाद दिल्ली ने दी चेतावनी, ऐसी हरकत बर्दाश्त नहीं होगी
Jitendra Shrivastava | Apr 19, 2026, 19:09 IST
Photograph: (THESOOTR)
INTERNATIONAL DESK. ईरानी नौसेना ने होर्मुज स्ट्रेट में दो भारतीय टैंकरों पर फायरिंग की। भारत ने राजदूत तलब कर कड़ी चेतावनी दी। कोई हताहत नहीं हुआ।
News In Short
- दो भारतीय टैंकरों पर ईरानी नौसेना ने फायरिंग की।
- किसी भारतीय चालक दल को नुकसान नहीं हुआ।
- भारत ने ईरानी राजदूत को तलब किया।
- IRGC की टोल वसूली की मांग को भारत ने ठुकराया।
- होर्मुज से 20% वैश्विक तेल आपूर्ति गुजरती है।
News In Detail
भारत ने कड़ा रुख अपनाते हुए ईरानी राजदूत को तलब किया। नई दिल्ली ने साफ चेतावनी दी कि ऐसी हरकत के गंभीर परिणाम होंगे। यह घटना भारत-ईरान संबंधों (India-Iran Relations) के लिए बड़ा झटका है।
होर्मुज में भारतीय टैंकरों पर हमला
फायरिंग के दौरान एक जहाज के केबिन का शीशा टूट गया। राहत की बात यह है कि किसी भी चालक दल का सदस्य हताहत नहीं हुआ। यह घटना मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव की गंभीर कड़ी है। भारत के लिए यह सीधी चुनौती थी।
भारत का सख्त जवाब
भारत ने स्पष्ट कहा कि इस तरह की हरकत बर्दाश्त नहीं होगी। तेहरान को संदेश दिया गया कि ऐसे कदम दोहराने के गंभीर परिणाम होंगे। भारत ने अपने रुख में कोई नरमी नहीं दिखाई। यह भारत की समुद्री सुरक्षा और तेल आपूर्ति का सवाल था। दिल्ली ने साफ कर दिया कि ईरान को अंजाम भुगतना पड़ेगा।
IRGC की टोल वसूली की मांग
भारत में ईरानी दूतावास और IRGC के बीच भी इस मुद्दे पर मतभेद बताया जा रहा है। IRGC का यह कदम अंतरराष्ट्रीय समुद्री कानून का उल्लंघन है। भारत ने किसी भी दबाव में झुकने से साफ मना किया। यह भारत-ईरान संबंधों (India-Iran Relations) में नई दरार डाल सकता है। दोनों देशों के बीच कूटनीतिक तनाव बढ़ता दिख रहा है।
जहाजों को लौटाया गया वापस
ईरानी नौसेना की इस कार्रवाई से व्यापारिक जहाजों की सुरक्षा पर सवाल उठ गए। होर्मुज मार्ग से भारत बड़े पैमाने पर तेल आयात करता है। इस रास्ते की सुरक्षा भारत की ऊर्जा जरूरतों के लिए बेहद अहम है। ऐसे में यह घटना भारत के लिए रणनीतिक चिंता बन गई है।
होर्मुज स्ट्रेट का विश्व में महत्व
भारत जैसे बड़े तेल आयातक देशों के लिए यह मार्ग जीवनरेखा है। ईरान की आक्रामकता से वैश्विक बाजार में तेल कीमतें बढ़ सकती हैं। अमेरिका पहले ही इमरजेंसी रिजर्व से करोड़ों बैरल तेल जारी कर चुका है। होर्मुज पर किसी भी तरह का नियंत्रण एक खतरनाक संकेत है।
सुरक्षा मामले में समझौता नहीं: भारत
इस घटना ने भारत को अपनी समुद्री सुरक्षा नीति पर पुनर्विचार का मौका दिया है। भारतीय नौसेना की भूमिका इस दौर में और अहम हो गई है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजर भी इस संकट पर टिकी है। सबकी उम्मीद है कि जल्द शांतिपूर्ण समाधान निकले।
FAQ
- होर्मुज स्ट्रेट में भारतीय टैंकरों पर हमला क्यों हुआ?
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज (Strait of Hormuz) में ईरानी नौसेना ने भारतीय तेल टैंकर 'जग अर्णव' और 'सनमार हेराल्ड' पर फायरिंग की। सूत्रों के मुताबिक, इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों से टोल वसूलना चाहता है। भारत ने इस अवैध मांग को मानने से साफ इनकार कर दिया। इसके बाद IRGC ने भारतीय जहाजों पर फायरिंग की और उन्हें वापस लौटने पर मजबूर किया। यह घटना मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव की एक गंभीर कड़ी है। - इस हमले पर भारत ने क्या कदम उठाए?
भारतीय तेल टैंकर (Indian Oil Tankers) पर हमले के बाद भारत के विदेश मंत्रालय ने तुरंत ईरानी राजदूत को तलब किया। भारत ने कड़ा विरोध दर्ज कराया और स्पष्ट चेतावनी दी कि ऐसी हरकत के गंभीर परिणाम होंगे। नई दिल्ली ने तेहरान को संकेत दिया कि अगर यह कदम दोहराया गया तो ईरान को अंजाम भुगतना पड़ेगा। भारत ने IRGC की किसी भी टोल वसूली की मांग को मानने से साफ मना कर दिया। भारत-ईरान संबंधों में यह घटना बड़े तनाव का कारण बनी है। - होर्मुज स्ट्रेट का भारत और दुनिया के लिए क्या महत्व है?
होर्मुज स्ट्रेट (Hormuz Strait) दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण तेल मार्ग है। इस रास्ते से दुनिया की करीब 20 प्रतिशत वैश्विक तेल आपूर्ति (Global Oil Supply) गुजरती है। खाड़ी देशों से निकलने वाला अधिकांश तेल इसी संकरे रास्ते से बाहर जाता है। भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए बड़े पैमाने पर इसी मार्ग से तेल आयात करता है। इस रास्ते पर किसी भी व्यवधान का असर न केवल भारत बल्कि पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था पर पड़ता है। इसलिए इस मार्ग की सुरक्षा भारत की ऊर्जा और आर्थिक सुरक्षा के लिए अत्यंत जरूरी है।
ईरानी राष्ट्रपति ने कहा, हम युद्ध नहीं चाहते, आत्मरक्षा के लिए बना रहे हथियार, अमेरिका पर भरोसा नहीं
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर ईरान की दादागीरी, भारतीय जहाजों पर की गोलीबारी
Iran-Israel War: ईरान की चेतावनी: अगर हमारे जहाज होर्मुज से नहीं गुजरे तो किसी को नहीं गुजरने देंगे
ईरान ने ब्रिटेन के टैंकर पर किया हमला, होर्मुज स्ट्रेट फिर बंद, ट्रंप की नाकाबंदी के खिलाफ जवाब
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari