तेल संकट में मोदी सरकार के 5 बड़े फैसले कोरोना काल से मिलते-जुलते
Amresh Kushwaha | May 19, 2026, 16:03 IST
modi govt 5 lockdown like decisions fuel crisis
तेल संकट के बीच मोदी सरकार ने 5 बड़े फैसले लिए हैं जो लॉकडाउन की याद दिलाते हैं। बैंकों को ऑनलाइन मीटिंग, वर्क फ्रॉम होम, सोना न खरीदने की अपील और पब्लिक ट्रांसपोर्ट पर जोर दिया गया है। सरकार ने लॉकडाउन की संभावना को नकारा है।
शॉर्ट में समझें क्या है पूरा मामला...
- मिडिल ईस्ट में तनाव और हॉर्मुज रूट बाधित होने से कच्चे तेल की कीमतें आसमान पर हैं।
- पीएम मोदी ने 10 मई को पेट्रोल-डीजल बचाने की देशवासियों से अपील की।
- सरकार ने विदेशी मुद्रा भंडार बचाने के लिए 5 बड़े कदम उठाए हैं।
- बैंकों को ऑनलाइन मीटिंग का आदेश दिया गया, दिल्ली में हफ्ते में दो दिन वर्क फ्रॉम होम अनिवार्य है।
- सरकार ने साफ कहा है कि देश में लॉकडाउन नहीं लगेगा, ईंधन की पर्याप्त उपलब्धता है।
लॉकडाउन नहीं, लेकिन एहतियात जरूर
मिडिल ईस्ट यानी पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और हॉर्मुज रूट बाधित होने की आशंका ने वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमतें बेकाबू कर दी हैं। नतीजा देश में पेट्रोल-डीजल के दाम तेजी से बढ़ रहे हैं। इसी पृष्ठभूमि में मोदी सरकार ने कुछ ऐसे फैसले लिए हैं जो कोरोना काल की याद दिला रहे हैं, लेकिन उनका मकसद बिल्कुल अलग है।
सरकार ने साफ कर दिया है कि देश में ईंधन की कोई कमी नहीं है और लॉकडाउन जैसी कोई स्थिति नहीं है। ये कदम केवल विदेशी मुद्रा भंडार बचाने और तेल की खपत नियंत्रित करने के लिए उठाए जा रहे हैं।
1. बैंकों को ऑनलाइन मीटिंग का सख्त आदेश
बेहद जरूरी होने पर ही फिजिकल मीटिंग की अनुमति होगी। इसके पीछे तर्क यह है कि अधिकारियों की यात्रा पर होने वाला ईंधन खर्च बचाया जाए। कोरोना काल में भी ऑफिसों और बैंकों ने इसी तरह काम किया था।
2. वर्क फ्रॉम होम एक बार फिर
कई राज्य सरकारें भी इस दिशा में काम करने लगी हैं। उद्देश्य एक ही है, पेट्रोल-डीजल की रोजाना होने वाली खपत को सीमित करना।
3. सोना खरीदने पर भावुक अपील
मकसद यह है कि कीमती विदेशी मुद्रा भंडार को कच्चे तेल जैसे जरूरी आयात के लिए बचाकर रखा जाए।
इसी के साथ विदेश यात्रा पर भी संयम बरतने की अपील की गई है। जब भी कोई भारतीय नागरिक विदेश जाता है, तो रुपये को डॉलर में बदलना पड़ता है। इससे देश के विदेशी मुद्रा भंडार से डॉलर बाहर निकलता है। सरकार चाहती है कि हर डॉलर सिर्फ जरूरी आयात के लिए सुरक्षित रहे।
4. काफिले में कटौती, नई गाड़ियां नहीं
दिल्ली सरकार ने अगले 6 महीनों के लिए पेट्रोल, डीजल या सीएनजी (CNG) से चलने वाले किसी भी नए सरकारी वाहन की खरीद पर पूरी तरह रोक लगा दी है। सरकारी विभागों को इलेक्ट्रिक वाहनों यानी ईवी (EV - Electric Vehicle) की ओर तेजी से बढ़ने को कहा गया है।
5. पब्लिक ट्रांसपोर्ट अपनाओ, निजी गाड़ी कम चलाओ
डरने की नहीं, सावधान रहने की जरूरत
ये खबरें भी पढ़िए...
राहुल गांधी की राय से अलग, तीन वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं ने किया मोदी सरकार का समर्थन
मोदी सरकार के बजट 2026 में मिडिल क्लास से लेकर टैक्सपेयर्स को क्या मिला ?
मोदी सरकार मनरेगा की जगह लाएगी विकसित भारत-जी राम जी नई योजना, अब मजदूरों को 125 दिन मिलेगा काम
मध्यावधि 2026: मोहन और विष्णु के आधे सफर पर द सूत्र के सर्वे में हिस्सा लेकर दें आपकी राय
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
By Neel Tiwari
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava