सेक्स सीडी केस में नया ट्विस्ट : क्या बरी होंगे विनोद वर्मा? छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने सीबीआई को किया तलब

Umeshwari Baghel | May 15, 2026, 22:32 IST
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बिलासपुर हाई कोर्ट में फर्जी सेक्स सीडी केस में नया मोड़ आया है। पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पूर्व राजनीतिक सलाहकार विनोद वर्मा ने सत्र न्यायालय के आपराधिक आदेश को चुनौती देते हुए हाई कोर्ट में याचिका दायर की है।

NEWS IN SHORT

  • बिलासपुर हाई कोर्ट में फर्जी सीडी केस में नया मोड़
  • विनोद वर्मा ने हाई कोर्ट में सत्र न्यायालय के आदेश को चुनौती दी
  • सीबीआई को नोटिस, जवाब पेश करने का निर्देश
  • राजेश मूणत और भूपेश बघेल विवाद में हाई कोर्ट सुनवाई जुलाई में
  • पूर्व राजनीतिक सलाहकार का दावा: आरोप झूठे और नकली सीडी आधारित

NEWS IN DETAIL

Bilapur। भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री राजेश मूणत से जुड़े फर्जी सेक्स सीडी मामले में नया मोड़ आया है। सत्र न्यायालय द्वारा आपराधिक अभियोग लगाने के आदेश को चुनौती देते हुए पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पूर्व राजनीतिक सलाहकार विनोद वर्मा ने हाई कोर्ट में याचिका दायर की है। जस्टिस राधाकिशन अग्रवाल की सिंगल बेंच ने सुनवाई के दौरान मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच एजेंसी सीबीआई को नोटिस जारी किया और जवाब पेश करने का निर्देश दिया। अगली सुनवाई जुलाई माह में होगी।

केस का इतिहास और प्रारंभिक एफआईआर

यह विवाद 2017 और 2018 में सुर्खियों में रहा। तत्कालीन मंत्री राजेश मूणत से संबंधित कथित अश्लील सीडी को बनाने और वितरण करने के आरोप में राज्य पुलिस ने मूणत की शिकायत पर भूपेश बघेल और उनके मीडिया सलाहकार विनोद वर्मा के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी। इससे एक दिन पहले भाजपा कार्यकर्ता प्रकाश बजाज की शिकायत पर अज्ञात व्यक्ति के नाम पर दूसरी एफआईआर दर्ज हुई थी। पहली एफआईआर में भयादोहन और संपत्ति वसूलने का अपराध शामिल था जबकि दूसरी में आईटी एक्ट के तहत अश्लील सामग्री प्रसारित करने का आरोप था। 26 और 27 अक्टूबर 2017 को गाजियाबाद में विनोद वर्मा के घर पुलिस ने छापेमारी की और उन्हें गिरफ्तार किया। विरोध स्वरूप भूपेश बघेल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कथित सीडी पत्रकारों को दिखायी। बाद में दोनों एफआईआर की जांच सीबीआई को सौंप दी गई।

सीबीआई का चालान और आरोपों का विस्तार

सीबीआई द्वारा निर्धारित अवधि में चालान पेश न करने के कारण विनोद वर्मा को दिसंबर 2017 में जमानत मिल गई। अक्टूबर 2018 में चालान में विनोद वर्मा, भूपेश बघेल के अलावा भाजपा नेता कैलाश मुरारका, विजय पांडे और भिलाई के व्यापारी विजय भाटिया को भी आरोपी बनाया गया। सीबीआई ने स्वीकार किया कि प्रारंभिक रिपोर्ट झूठी थी, लेकिन चूँकि सीडी रायपुर में वितरित हुई थी, इसलिए दोनों रिपोर्टों को मिलाकर चालान दाखिल किया गया।

विनोद वर्मा का तर्क

हाई कोर्ट में विनोद वर्मा के अधिवक्ताओं ने यह तर्क दिया कि उनके घर पर छापेमारी झूठी रिपोर्ट पर हुई थी। आरोप है कि अश्लील सीडी असली नहीं थी और मुंबई में बनाई गई नकली सीडी में राजेश मूणत का चेहरा जोड़ा गया। डॉ. रमन सिंह के ओएसडी अरुण बिसेन को इसकी जानकारी थी। पत्रकारों के बीच वितरण अपराध नहीं बनता। इसलिए इस आधार पर विनोद वर्मा पर लगाए गए सभी अभियोग सही नहीं हैं और उन्हें बरी किया जाना चाहिए।

निचली अदालत का निर्णय और राजनीतिक प्रभाव

रायपुर सत्र न्यायालय ने विनोद वर्मा के तर्क को खारिज कर उन्हें आरोपी माना, जबकि भूपेश बघेल को पहले बरी किया गया था। सत्र न्यायालय ने भूपेश बघेल पर भी अभियोग लगा दिया। 2018 विधानसभा चुनाव से पहले भूपेश बघेल तीन दिन रायपुर सेंट्रल जेल में रह चुके थे, जो राजनीतिक दृष्टि से संवेदनशील मामला बन गया।

हाई कोर्ट की सुनवाई और आगे की प्रक्रिया

जस्टिस राधाकिशन अग्रवाल ने पूछा कि क्या अन्य आरोपियों ने भी याचिका दाखिल की है। फिलहाल यह पहली याचिका है। हाई कोर्ट ने सीबीआई को नोटिस जारी कर जवाब देने का निर्देश दिया। अगली सुनवाई जुलाई में निर्धारित की गई है। इस मामले का फैसला छत्तीसगढ़ की राजनीति और कानूनी परिदृश्य दोनों पर असर डाल सकता है।

FAQ

  1. यह मामला किससे जुड़ा है?
    मामला भाजपा नेता और पूर्व मंत्री राजेश मूणत से जुड़े फर्जी सेक्स सीडी विवाद से है।
  2. हाई कोर्ट में किसने याचिका दायर की?
    पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पूर्व राजनीतिक सलाहकार विनोद वर्मा ने सत्र न्यायालय के आदेश को चुनौती दी।
  3. सीबीआई की भूमिका क्या है?
    सीबीआई ने दोनों एफआईआर की जांच की और आरोपीयों के खिलाफ चालान दाखिल किया। हाई कोर्ट ने उन्हें नोटिस जारी किया है।
  4. अगली सुनवाई कब होगी?
    हाई कोर्ट में इस मामले की अगली सुनवाई जुलाई 2026 में निर्धारित की गई है।
  5. आरोप सही हैं या नकली सीडी पर आधारित हैं?
    याचिकाकर्ता का तर्क है कि आरोप झूठे हैं और अश्लील सीडी नकली थी, जिसमें राजेश मूणत का चेहरा जोड़ा गया।

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