कांकेर लोकसभा चुनाव 2024: हाईकोर्ट में कांग्रेस प्रत्याशी की याचिका पर जारी रहेगी सुनवाई, भाजपा को झटका
Sanjay Dhiman | Sept 12, 2025, 18:08 IST
Photograph: (the sootr)
कांकेर लोकसभा चुनाव में अनियमितता के मामले में कांग्रेस उम्मीदवार ने नतीजों को रद्द करने के लिए हाईकोर्ट में याचिका लगाई थी। सांसद भोजराज नाग की याचिका हाईकोर्ट ने खारिज कर दी क्योंकि आपत्ति में दम नहीं था। मामले की सुनवाई अब 3 नवंबर को होगी।
कांकेर लोकसभा चुनाव 2024 (Kanker Lok Sabha Election 2024) के नतीजों को लेकर विवाद थमने की बजाय बढ़ता जा रहा है। कांग्रेस उम्मीदवार बीरेश सिंह ठाकुर ने आरोप लगाया है कि चुनावी प्रक्रिया में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM - Electronic Voting Machine) से छेड़छाड़ हुई है और मतगणना में गंभीर अनियमितताएं हुई हैं।
इस आरोप को लेकर वे छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट भी पहुंचे है। उनकी याचिका को कोर्ट ने स्वीकार भी कर लिया है। इधर इस याचिका को खारिज करने की सांसद की मांग को खारिज कर दिया गया है।
सांसद भोजराज नाग (Bhojraj Nag), जिन्होंने कांकेर सीट जीती थी, ने कांग्रेस की याचिका को खारिज करने की मांग की थी। उनका तर्क था कि याचिका Representation of People Act, 1951 की धारा 81, 82 और 83 के अनुरूप नहीं है और इसमें कोई ठोस आरोप नहीं है।
हालांकि, हाईकोर्ट ने कहा कि याचिका में पर्याप्त तथ्य और सबूत मौजूद हैं। इसलिए, याचिका को खारिज नहीं किया जा सकता और सुनवाई जारी रहेगी। अगली सुनवाई 3 नवंबर 2024 को निर्धारित की गई है।
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कांग्रेस प्रत्यासी रहे बीरेश ठाकुर ने आरोप लगाया कि:
भोजराज नाग ने दलील दी कि याचिका:
यह फैसला सिर्फ कांकेर चुनाव तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पूरे लोकतांत्रिक तंत्र के लिए महत्वपूर्ण है। चुनाव में पारदर्शिता और विश्वसनीयता बनाए रखना लोकतंत्र की मजबूती का मूल आधार है।
भारत में EVM को लेकर समय-समय पर विपक्षी दलों ने सवाल उठाए हैं। कांकेर का मामला भी उसी बहस को और मजबूत करता है।
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Representation of People Act, 1951
इस आरोप को लेकर वे छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट भी पहुंचे है। उनकी याचिका को कोर्ट ने स्वीकार भी कर लिया है। इधर इस याचिका को खारिज करने की सांसद की मांग को खारिज कर दिया गया है।
सांसद की याचिका खारिज
हालांकि, हाईकोर्ट ने कहा कि याचिका में पर्याप्त तथ्य और सबूत मौजूद हैं। इसलिए, याचिका को खारिज नहीं किया जा सकता और सुनवाई जारी रहेगी। अगली सुनवाई 3 नवंबर 2024 को निर्धारित की गई है।
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चुनावी याचिका का आधार
EVM में गड़बड़ी और मतगणना पर सवाल
- EVM मशीनों में छेड़छाड़ हुई।
- वोटिंग डेटा ट्रांसमिशन में देरी हुई।
- मतगणना के दौरान कई बूथों पर आंकड़े मेल नहीं खा रहे थे।
सांसद नाग की दलीलें
- भ्रष्ट आचरण (corrupt practices) पर आधारित नहीं है।
- चुनाव आयोग को पक्षकार नहीं बनाया गया है।
- तकनीकी कारणों से सुनवाई योग्य नहीं है।
कांग्रेस प्रत्याशी की याचिका और आरोपों को ऐसे समझें
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हाईकोर्ट का फैसला: क्यों अहम है?
लोकतांत्रिक प्रक्रिया की मजबूती
EVM पर लगातार सवाल
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चुनावी याचिका और कानून
- धारा 81: चुनाव याचिका दाखिल करने की प्रक्रिया।
- धारा 82: आवश्यक पक्षकारों को शामिल करना।
- धारा 83: याचिका में तथ्यों और आरोपों का उल्लेख।
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