इंदौर में DCP ने Addl. DCP और ACP को हटाने के लिए सीपी को लिखा पत्र
Vishwanath Singh | May 12, 2025, 20:57 IST
The Sootr
शहर के जोन 1 के डीसीपी विनोद कुमार मीना ने एडिशनल डीसीपी आलोक शर्मा और आजाद नगर एसीपी हिमांशु कार्तिकेय को हटाने के लिए पुलिस कमिश्नर को पिछले महीने पत्र लिख चुके हैं।
इंदौर के पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह का सख्त आदेश है कि सभी पुलिस अफसर मैदान में दिखाई दें, ताकि जनता में विश्वास पैदा हो और उनका पुलिस के प्रति सम्मान बड़े। हालांकि यह अलग बात है कि उनके दो वरिष्ठ पुलिस अफसर एडीशनल डीसीपी आलोक शर्मा और एसीपीहिमांशु कार्तिकेय ना तो मैदान में दिखाई दे रहे हैं और ना ही अपराधियों को पकड़ने में खासी रुचि रख रहे हैं।
इसका खुलासा हाल ही में एक पत्र के जरिए हुआ है। यह पत्र किसी और ने नहीं, बल्कि खुद डीसीपी जोन 1 विनोद मीणा ने कमिश्नर संतोष कुमार सिंह को लिखा है। इसमें उन्होंने कहा है कि इन दोनों पुलिस अफसरों की कार्यशैली लापरवाही पूर्वक है और ये कर्तव्य का पालन नहीं कर पा रहे हैं। ऐसे में इन दोनों को हटाया जाए। हालांकि अभी तक सीपी की तरफ से इसको लेकर कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
शहर के जोन 1 के डीसीपी विनोद कुमार मीना ने एडिशनल डीसीपी आलोक शर्मा और आजाद नगर एसीपी हिमांशु कार्तिकेय को हटाने के लिए पुलिस कमिश्नर को पिछले महीने पत्र लिख चुके हैं। डीसीपी ने दोनों अधिकारियों पर काम में लापरवाही और गैर-जिम्मेदाराना रवैये के चलते ये पत्र लिखे हैं।
सूत्रों के मुताबिक डीसीपी विनोद कुमार मीना ने अपने पत्र में लिखा है कि एडिशनल डीसीपी आलोक शर्मा फील्ड में सक्रिय नहीं रहते और अपने कर्तव्यों का सही तरीके से पालन नहीं कर रहे हैं। यह पहली बार नहीं है जब डीसीपी ने उनके खिलाफ शिकायत की है। छह महीने पहले भी डीसीपी ने आलोक शर्मा को हटाने की सिफारिश की थी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
सूत्रों के मुताबिक आजाद नगर एसीपी हिमांशु कार्तिकेय को लेकर भी डीसीपी ने नाराजगी जताई है। हिमांशु कार्तिकेय का नाम पहले भी विवादों में रहा है, जब उनकी एक फोटो सटोरिए के साथ वायरल हुई थी। उस मामले में उन्हें पुलिस कमिश्नर ने सजा के तौर पर कमिश्नर ऑफिस में अटैच किया था।
इसके बाद उनकी कार्यशैली को लेकर लगातार शिकायतें आती रहीं। दोनों अधिकारी क्षेत्र में प्रभावी काम नहीं कर रहे और उनकी लापरवाही से कानून व्यवस्था पर असर पड़ रहा है। साथ ही वे फील्ड में गायब रहते हैं।
यह खबर भी पढ़ें...इंदौर के वैज्ञानिक का दावा, भारत की ब्रह्मोस मिसाइल ने किया पाकिस्तान के परमाणु संयत्र पर वार
गौरतलब है कि ये आलोक शर्मा वे ही हैं जो वीआइपी ड्यूटी के दौरान गैरहाजिर रहे थे। उसी दौरान डीसीपी मौके पर पहुंच गए थे। तब डीसीपी ने आलोक शर्मा की गैरहाजरी डाली थी। बताया जाता है कि डीसीपी इनकी कार्यप्रणाली से इतने खफा हो गए थे कि उसके बाद से ही इनकी हाजिरी एक सिपाही की तरह ही लगाई जाने लगी।
यह खबर भी पढ़ें...इंदौर–उज्जैन रोड के बारोली टोल पर अवैध वसूली, लोकल आईडी दिखाया फिर भी काट लिया टोल
सूत्रों के मुताबिक पिछले दिनों एक ट्रेवल्स की बस से लगभग 1 करोड़ 30 लाख रुपए पुलिस ने जब्त किए थे। बताया गया कि वह राशि लगभग साढ़े 6 करोड़ रुपए थी। उसमें पकड़े गए आरोपी के साथ मिलकर आलोक शर्मा ने सौदेबाजी की है। यह भी जानकारी मिली है कि मुख्य आरोपी से कहा गया कि अगर पूरे साढ़े 6 करोड़ रुपए जब्त हुए तो इसके दोगुना टैक्स भरना होगा।
ऐसे में कम राशि जप्ती में दिखाई गई और बाकी के पैसे में खेल कर लिया। इसकी शिकायत किसी ने वरिष्ठ अफसरों को कर दी। बताया गया कि जिस ट्रैवल्स से ये पैसा पकड़ा गया उस ट्रैवल्स वाले की दो बसें हालही में जल गई थीं। इससे वह घाटे में चल रहा था। इस बंटवारे में ट्रैवल्स वाले के हिस्सेदार होने की भी बात कही जा रही है।
यह खबर भी पढ़ें...इंदौर में शराब की जांच में फूंक मारने के लिए पुलिस पर दादागिरी के आरोप, पत्नी से धक्का-मुक्की कर पति को पीटा
एडी.डीसीपी आलोक शर्मा को लेकर एक और शिकायत वरिष्ठ अफसरों तक पहुंची थी। बताया जाता है कि एयरपोर्ट क्षेत्र की एक जमीन के मामले में पीड़ित पक्ष की तरफ से एफआईआर कराई जानी थी। उसकी फाइल जब इनके पास पहुंची तो दूसरा पक्ष एफआईआर नहीं करने को लेकर इनसे मुलाकात कर गया। इसके लिए दूसरे पक्ष ने शर्मा को अच्छा खासा मान सम्मान किया था। इसके बाद शर्मा ने उस मामले में ऐसा फर्जी पेंच फंसाया कि पीड़ित पक्ष दो महीने से एफआईआर पुलिस अफसरों के चक्कर ही काट रहा है।
यह खबर भी पढ़ें...पेंशन नियमों में बदलाव: अब 25 वर्ष से अधिक आयु की अविवाहित बेटी, विधवा भी होंगी पात्र
इंदौर के आजाद नगर एसीपी हिमांशु कार्तिकेय का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था। जिसमें वे अपनी सरकारी जीप पर लटकते हुए नजर आ रहे हैं। यह वीडियो 29 मार्च को आयोजित बजरंग दल के शौर्य दिवस कार्यक्रम के दौरान का था। जब वे सरकारी जीप पर लटकते हुए दिखाई दे रहे थे।
उस दिन आजाद नगर पुलिस के साथ एसीपी भी ड्यूटी पर तैनात थे। इस दौरान उन्होंने ट्रैफिक को क्लियर करने के लिए जीप पर लटक कर काम किया था। इस घटना को मौके पर मौजूद लोगों ने अपने कैमरों में कैद कर लिया और बाद में यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
इसके साथ ही आजाद नगर में भी आलोक शर्मा एसीपी रहे हैं। जिनके कार्यकाल में ड्रग्स का धंधा फला फूला है, जिसके कई आरोप एसीपी रहते हुए आलोक शर्मा पर लगे थे।पिछले दिनों एक पुलिस जवान लखन जाट के पकड़े जाने के बाद पूरे रैकेट का भांडा फूटा था। उसके बाद कई सारे पुलिस जवानों के नाम को ड्रग्स के रैकेट से जोड़ा जाकर देखा जाने लगा था।
इसका खुलासा हाल ही में एक पत्र के जरिए हुआ है। यह पत्र किसी और ने नहीं, बल्कि खुद डीसीपी जोन 1 विनोद मीणा ने कमिश्नर संतोष कुमार सिंह को लिखा है। इसमें उन्होंने कहा है कि इन दोनों पुलिस अफसरों की कार्यशैली लापरवाही पूर्वक है और ये कर्तव्य का पालन नहीं कर पा रहे हैं। ऐसे में इन दोनों को हटाया जाए। हालांकि अभी तक सीपी की तरफ से इसको लेकर कोई कार्रवाई नहीं की गई है।
गैर-जिम्मेदाराना रवैया है दोनों अफसरों का
सूत्रों के मुताबिक डीसीपी विनोद कुमार मीना ने अपने पत्र में लिखा है कि एडिशनल डीसीपी आलोक शर्मा फील्ड में सक्रिय नहीं रहते और अपने कर्तव्यों का सही तरीके से पालन नहीं कर रहे हैं। यह पहली बार नहीं है जब डीसीपी ने उनके खिलाफ शिकायत की है। छह महीने पहले भी डीसीपी ने आलोक शर्मा को हटाने की सिफारिश की थी, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
The Sootr
फील्ड से रहते हैं गायब
इसके बाद उनकी कार्यशैली को लेकर लगातार शिकायतें आती रहीं। दोनों अधिकारी क्षेत्र में प्रभावी काम नहीं कर रहे और उनकी लापरवाही से कानून व्यवस्था पर असर पड़ रहा है। साथ ही वे फील्ड में गायब रहते हैं।
लेन-देन के गंभीर आरोप
वीआईपी ड्यूटी में रहे थे गैर–हाजिर
यह खबर भी पढ़ें...इंदौर–उज्जैन रोड के बारोली टोल पर अवैध वसूली, लोकल आईडी दिखाया फिर भी काट लिया टोल
एडीशनल डीसीपी आलोक शर्मा पर करोड़ों की हेराफेरी का आरोप
ऐसे में कम राशि जप्ती में दिखाई गई और बाकी के पैसे में खेल कर लिया। इसकी शिकायत किसी ने वरिष्ठ अफसरों को कर दी। बताया गया कि जिस ट्रैवल्स से ये पैसा पकड़ा गया उस ट्रैवल्स वाले की दो बसें हालही में जल गई थीं। इससे वह घाटे में चल रहा था। इस बंटवारे में ट्रैवल्स वाले के हिस्सेदार होने की भी बात कही जा रही है।
यह खबर भी पढ़ें...इंदौर में शराब की जांच में फूंक मारने के लिए पुलिस पर दादागिरी के आरोप, पत्नी से धक्का-मुक्की कर पति को पीटा
जमीन के मामले में एफआईआर ना करने में भी किया बड़ा खेल
यह खबर भी पढ़ें...पेंशन नियमों में बदलाव: अब 25 वर्ष से अधिक आयु की अविवाहित बेटी, विधवा भी होंगी पात्र
सिंघम की तरह गाड़ी पर चड़कर किया था स्टंट
उस दिन आजाद नगर पुलिस के साथ एसीपी भी ड्यूटी पर तैनात थे। इस दौरान उन्होंने ट्रैफिक को क्लियर करने के लिए जीप पर लटक कर काम किया था। इस घटना को मौके पर मौजूद लोगों ने अपने कैमरों में कैद कर लिया और बाद में यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
शर्मा की सरपरस्ती में ही फला-फूला नशे का कारोबार
नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता
By Sanjay Gupta, Sandeep Kumar
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
By Neel Tiwari
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari