आठ महीने में 21 हजार महिलाएं लाड़ली बहना योजना से बाहर, तीन साल में 6.26 लाख नाम कटे
Sourabh Bhatnagar | Sept 14, 2026, 11:54 IST
ladli behna yojana mahila apatra
मध्य प्रदेश की लाड़ली बहना योजना में पात्र महिलाओं की संख्या लगातार घट रही है। जनवरी से सितंबर 2026 तक 21 हजार 150 नाम कटे। तीन साल में कुल 6.26 लाख महिलाएं अपात्र हुईं। नए नाम जोड़ने की प्रक्रिया फिलहाल बंद है।
जनवरी में योजना की पात्र महिलाओं की संख्या 1 करोड़ 25 लाख 31 हजार थी। सितंबर में यह घटकर 1 करोड़ 25 लाख 10 हजार 150 रह गई। योजना शुरू होने के बाद से करीब 6 लाख 26 हजार महिलाओं के नाम कट चुके हैं।
नए नाम नहीं जुड़ रहे
अक्टूबर 2023 में योजना के लिए 1 करोड़ 31 लाख 35 हजार 985 आवेदन आए थे। इसके बाद आवेदनों और आपत्तियों की जांच की गई। जांच पूरी होने पर 1 करोड़ 29 लाख 5 हजार 457 महिलाएं पात्र रहीं।
हालांकि, कुल 2 लाख 18 हजार 858 आपत्तियां दर्ज हुई थीं। आपत्तियों को सीधे हटाए गए नामों की संख्या नहीं माना जा सकता। दोनों आंकड़ों में अंतर है, इसलिए विभागीय स्पष्टीकरण जरूरी है।
पात्रता की क्या हैं शर्तें
- महिला मध्य प्रदेश की स्थानीय निवासी होनी चाहिए।
- महिला की उम्र 21 से 60 वर्ष के बीच होनी चाहिए।
- महिला विवाहित होनी चाहिए।
- विधवा, तलाकशुदा और परित्यक्ता महिलाएं भी पात्र हैं।
- परिवार की सालाना आय 2.5 लाख रुपए से ज्यादा नहीं होनी चाहिए।
- परिवार में कोई सदस्य आयकरदाता नहीं होना चाहिए।
- परिवार में कोई सदस्य सरकारी कर्मचारी नहीं होना चाहिए।
- दूसरी सरकारी योजना से 1,250 रुपए मासिक नहीं मिलने चाहिए।
- परिवार में कोई मौजूदा या पूर्व सांसद-विधायक नहीं होना चाहिए।
- निर्वाचित जनप्रतिनिधि होने पर भी महिला अपात्र होगी।
- पंच और उपसरपंच इस प्रतिबंध से बाहर रखे गए हैं।
- परिवार के पास पांच एकड़ से ज्यादा कृषि भूमि नहीं होनी चाहिए।
- परिवार के पास चार पहिया वाहन नहीं होना चाहिए।
- ट्रैक्टर को चार पहिया वाहन वाली शर्त से बाहर रखा गया है।
60 साल पूरे होते ही कट रहा नाम
तीन साल का पूरा आंकड़ा
- अक्टूबर 2023: 1 करोड़ 31 लाख 35 हजार 985 महिलाएं
- जनवरी 2024: 1 करोड़ 29 लाख 26 हजार 835 महिलाएं
- जनवरी 2025: 1 करोड़ 26 लाख 36 हजार महिलाएं
- जनवरी 2026: 1 करोड़ 25 लाख 31 हजार महिलाएं
- सितंबर 2026: 1 करोड़ 25 लाख 10 हजार 150 महिलाएं
- तीन साल में करीब 6 लाख 26 हजार महिलाओं के नाम घटे।
राशि में कितना इजाफा
नवंबर 2025 में सरकार ने फिर 250 रुपए बढ़ाए। अब पात्र महिलाओं को हर महीने 1,500 रुपए मिल रहे हैं। सरकार ने पांच वर्षों में राशि 3 हजार रुपए तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा है। हालांकि अगली बढ़ोतरी की तारीख अभी घोषित नहीं हुई है।
आगे और घट सकती है संख्या
वहीं योजना में नए नाम जोड़ने की प्रक्रिया फिलहाल बंद है। ऐसे में पात्र महिलाओं की कुल संख्या और कम हो सकती है। कई परिवार अब नए पंजीयन शुरू होने का इंतजार कर रहे हैं।
योजना का महत्व क्यों बड़ा
FAQ
- प्रश्न 1: लाड़ली बहना योजना से महिलाओं के नाम क्यों कट रहे हैं?
मुख्य रूप से उम्र सीमा पूरी होने पर महिलाओं के नाम हटाए जा रहे हैं। योजना में अधिकतम पात्रता आयु 60 साल तय है। इसके अलावा हितग्राही की मृत्यु होने पर भी नाम सूची से बाहर होता है। किसी अन्य पात्रता शर्त के टूटने पर भी नाम कट सकता है। - प्रश्न 2: लाड़ली बहना योजना में नए नाम जोड़े जा रहे हैं?
नहीं, फिलहाल योजना में नए नाम जोड़ने की कोई प्रक्रिया शुरू नहीं है। इस वजह से पुराने नाम हटने पर कुल पात्र संख्या लगातार घट रही है। जनवरी से सितंबर 2026 के बीच ही 21 हजार 150 नाम कम हुए हैं। - प्रश्न 3: एमपी की लाड़ली बहना योजना में अभी कितनी राशि मिल रही है?
अभी पात्र महिलाओं को हर महीने 1,500 रुपए दिए जा रहे हैं। योजना जून 2023 में 1 हजार रुपए प्रतिमाह से शुरू हुई थी। सरकार ने पांच साल में यह राशि बढ़ाकर 3 हजार रुपए करने का फैसला लिया है।
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