MP में क्राइम जस्टिस सिस्टम होगा ऑनलाइन, पुलिस, वकील, डॉक्टर, जेल विभाग तुरंत देंगे रिपोर्ट

Rohit Sahu | Mar 23, 2025, 12:58 IST
Share
digital justice
digital justice

मध्य प्रदेश में आपराधिक न्याय प्रणाली को डिजिटल बनाने की पहल शुरू हो गई है। देवास जिला पायलट जिले के रूप में चयनित किया गया है, जहां विवेचक टेबलेट के माध्यम से डिजिटल विवेचना करेंगे।

मध्य प्रदेश में अब आपराधिक न्याय प्रणाली को पूरी तरह डिजिटल बनाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। इस पहल के तहत देवास जिले को पायलट प्रोजेक्ट के रूप में चुना गया है। इस परियोजना के अंतर्गत आपराधिक न्याय व्यवस्था के सभी महत्वपूर्ण स्तंभों को ऑनलाइन जोड़ा जाएगा। इससे पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, अभियोजन, न्यायालय और जेल प्रशासन को आवश्यक दस्तावेज तुरंत उपलब्ध हो सकेंगे।

ई-विवेचना: विवेचकों को मिलेंगे टेबलेट

पायलट प्रोजेक्ट के तहत देवास जिले के विवेचकों को 300 टेबलेट दिए जाएंगे। इन टेबलेट की मदद से घटनास्थल के फोटो, नक्शा मौका, बयान, जब्ती पत्रक और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज डिजिटल रूप से संग्रहित किए जाएंगे। इस नई व्यवस्था से न्याय प्रक्रिया अधिक पारदर्शी और तेज होगी।

ई-समन और वारंट व्यवस्था

न्यायालय से जारी होने वाले समन और वारंट अब ऑनलाइन भेजे जाएंगे। यह जानकारी संबंधित थाना प्रभारी की सीसीटीएनएस (CCTNS) आईडी में उपलब्ध होगी। इस प्रक्रिया से समन और वारंट की त्वरित तामील सुनिश्चित की जाएगी।

डिजिटल प्लेटफॉर्म से जुड़े सभी विभाग

न्याय प्रणाली के तहत विभिन्न विभागों के बीच सूचना के आदान-प्रदान को सुचारू बनाने के लिए पुलिस, स्वास्थ्य, अभियोजन, न्यायालय और जेल विभाग को ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से जोड़ा जा रहा है। इस प्रणाली से सभी एमएलसी (MLC), पोस्टमार्टम रिपोर्ट, एफएसएल जांच और अभियोजन से संबंधित दस्तावेज ऑनलाइन उपलब्ध होंगे।

यह भी पढ़ें: केंद्र सरकार का अश्लील कंटेंट पर कड़ा रुख, ग्वालियर हाईकोर्ट में कही ये बड़ी बात

जेल प्रशासन की निगरानी होगी आसान

आईसीजेएस (ICJS) पोर्टल के माध्यम से अब जेल प्रशासन से संबंधित सभी सूचनाएं ऑनलाइन उपलब्ध होंगी। किसी भी कैदी से मिलने वालों का रिकॉर्ड, उसकी सजा का विवरण और संभावित रिहाई की तारीख अब एक क्लिक में देखी जा सकेगी।

यह भी पढ़ें: MP में निजी स्कूलों के लिए लागू होगा संशोधित फीस नियंत्रण कानून, जानें क्या होगा बदलाव

यह भी पढ़ें: महाकाल मंदिर में अवैध वीआईपी दर्शन कांड, पुलिस ने कोर्ट में दाखिल की 2360 पन्नों की चार्जशीट

डिजिटल न्याय व्यवस्था के फायदे

  • तेजी से न्याय प्रक्रिया: समन, वारंट और विवेचना से जुड़े कार्य ऑनलाइन होने से न्यायिक प्रक्रिया में तेजी आएगी।
  • पारदर्शिता में वृद्धि: सभी डॉक्यूमेंट ऑनलाइन उपलब्ध होंगे, जिससे किसी भी प्रकार की धांधली की संभावना कम होगी।
  • सूचनाओं का त्वरित आदान-प्रदान: पुलिस, अभियोजन, स्वास्थ्य विभाग और न्यायालय के बीच सूचनाओं का तत्काल आदान-प्रदान संभव होगा।
  • कागजी कार्यवाही में कमी: पूरी प्रक्रिया पेपरलेस होने से कागजों की बचत होगी और रिकॉर्ड प्रबंधन आसान होगा।
यह भी पढ़ें:पूर्व सीएम कमलनाथ ने OBC आरक्षण पर बीजेपी को घेरा, कहा- मेरे कार्यकाल में बना था कानून

Tags:
  • MP News
  • MP Police
  • मध्य प्रदेश
  • Jail Department
  • Madhya Pradesh Jail Department
  • Justice System
  • Police System
  • mp Criminal Justice System
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि

By Neel Tiwari

20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें

By Arun Tiwari

छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी

By Sandeep Kumar

मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी

By VINAY VERMA

IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं

By Ashish Bhardwaj

राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई

By Arun Tiwari

पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच

By Jitendra Shrivastava

भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच