ओबीसी आरक्षण मामले की सुनवाई 13 मई तक टली: जानें अब तक क्या-क्या हुआ

Neel Tiwari | Apr 28, 2026, 15:35 IST
Share
obc-reservation-case-hearing-postponed-may-13
Photograph: (the sootr)

ओबीसी आरक्षण मामले की सुनवाई अब 13 मई तक टल गई है। सुप्रीम कोर्ट से ट्रांसफर हुई लंबित याचिकाओं की लिस्ट होने और दस्तावेज अपलोड होने के बाद कोर्ट सुनवाई शुरू करेगा।

News in Short

  • जबलपुर हाईकोर्ट में ओबीसी आरक्षण मामले की सुनवाई अब 13 मई तक टल गई है।
  • सुप्रीम कोर्ट से ट्रांसफर हुई चार याचिकाओं की लिस्टिंग बाकी थी।
  • दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं ने सुनवाई शुरू करने के लिए सहमति दी थी।
  • कोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का पालन करने का आदेश दिया।
  • 13 मई को याचिकाओं की लिस्टिंग और दस्तावेज़ ट्रांसफर के बाद सुनवाई होगी।

News in Detail

ओबीसी आरक्षण मामले में सुनवाई को लेकर एक महत्वपूर्ण अपडेट सामने आया है। ओबीसी आरक्षण मामले की सुनवाई अब 13 मई तक टल गई है। यह मामला काफी समय से चर्चा में है। इसके फैसले का असर लाखों लोगों की जिंदगी पर होगा।

सुप्रीम कोर्ट से ट्रांसफर हुई चार लंबित याचिकाओं को अब तक लिस्ट नहीं किया गया था। हाल ही में सुप्रीम कोर्ट ने इन याचिकाओं को ट्रांसफर किया था, लेकिन अब तक इनका दस्तावेजीकरण और लिस्टिंग बाकी था।

क्या हैं ये याचिकाएं?

सुप्रीम कोर्ट ने कुल 52 याचिकाओं को ट्रांसफर किया था, जिनमें से चार याचिकाओं की लिस्टिंग बाकी थी। इन याचिकाओं में प्रमुख हैं:

OBC Welfare Advocate Association (496/2026)
PSC Students (WP606/2025)
WP735/2025 और WP866/2025

इन याचिकाओं का संबंध ओबीसी (ओल्ड बैकवर्ड क्लास) के आरक्षण से है, और इससे जुड़े अधिकारों की व्याख्या की जा रही है।

कोर्ट का आदेश और स्थिति

अधिवक्ताओं ने इस मामले की सुनवाई को शुरू करने के लिए सहमति दी थी, लेकिन कोर्ट ने इस पर एक सख्त आदेश दिया है। कोर्ट ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का पालन करना जरूरी है।

सभी दस्तावेजों की लिस्टिंग और ट्रांसफर प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही सुनवाई शुरू की जाएगी। कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि यह फैसला सिर्फ ओबीसी के आरक्षण से संबंधित नहीं है, बल्कि इससे जुड़े सभी कानूनी पहलुओं पर विचार किया जाएगा।

लगातार तीन दिन होगी सुनवाई

अब मामले की सुनवाई 13 14 और 15 मई को लगातार होगी। कोर्ट ने पहले भी आदेश दिया था कि मामले की सुनवाई लगातार 27, 28 और 29 अप्रैल को की जाएगी पर तकनीकी कमी के चलते यह सुनवाई टल गई है। कोर्ट ने फिर लगातार तीन दिन मामले की सुनवाई के लिए तय किए है।

अब आगे क्या होगा?

अब इन चार याचिकाओं की लिस्टिंग और दस्तावेज़ों का ट्रांसफर होने के बाद, इस मामले की सुनवाई 13 मई को होगी। इस तारीख तक, सभी संबंधित दस्तावेज़ हाई कोर्ट को ट्रांसफर कर दिए जाएंगे। यह फैसला कई राज्यों में चल रहे ओबीसी आरक्षण मुद्दों पर महत्वपूर्ण प्रभाव डाल सकता है।

क्यों है यह मामला अहम?

ओबीसी आरक्षण के मामले में अब तक कई अहम फैसले हो चुके हैं, लेकिन यह मामला इसलिए भी अहम है क्योंकि यह सीधे तौर पर लाखों ओबीसी वर्ग के लोगों के भविष्य से जुड़ा हुआ है।

सरकारी नौकरियों और शैक्षिक संस्थानों में आरक्षण की नीति को लेकर चल रही कानूनी प्रक्रिया को लेकर लोग चिंतित हैं। इस मामले का परिणाम भविष्य में ओबीसी वर्ग के आरक्षण को लेकर कई नीतिगत फैसलों की दिशा तय कर सकता है।

ओबीसी आरक्षण मामला: पिछले 2 महीनों की पूरी टाइमलाइन

मार्च 2026: सुप्रीम कोर्ट की एंट्री और फाइलों का ट्रांसफर

10 मार्च 2026: सुप्रीम कोर्ट ने मध्य प्रदेश से जुड़ी ओबीसी आरक्षण की करीब 52 याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए इन्हें वापस जबलपुर हाई कोर्ट भेजने का निर्देश दिया। कोर्ट ने कहा कि स्थानीय परिस्थितियों को देखते हुए हाई कोर्ट ही इस पर फैसला ले।

22 मार्च 2026: हाई कोर्ट में इन सभी फाइलों के पहुंचने की प्रक्रिया शुरू हुई। राज्य सरकार ने अपनी ओर से हलफनामा पेश कर पुराने 87-13% वाले फॉर्मूले को जारी रखने की बात कही।

28 मार्च 2026: पीएससी के छात्रों ने एक नई याचिका (WP606/2025) के जरिए कोर्ट से मांग की कि भर्तियों को आरक्षण की वजह से और ज्यादा न रोका जाए।

अप्रैल 2026: तकनीकी पेंच और नई तारीखों का दौर-

5 अप्रैल 2026: जबलपुर हाई कोर्ट ने सभी संबंधित याचिकाओं को एक साथ जोड़कर (Clubbing) सुनने का फैसला किया। इस दिन कोर्ट रूम में वकीलों और छात्रों की भारी भीड़ रही।

12 अप्रैल 2026: ओबीसी वेलफेयर एडवोकेट एसोसिएशन ने नई दलीलें पेश कीं। उन्होंने कहा कि 27% आरक्षण देना संवैधानिक रूप से सही है और सरकार को इसे तुरंत लागू करना चाहिए।

20 अप्रैल 2026: कोर्ट ने पाया कि सुप्रीम कोर्ट से भेजी गई 52 याचिकाओं के अलावा 4 और याचिकाएं हैं, जिनका डिजिटल डेटा (Document Upload) अभी सर्वर पर नहीं आया है।

25 अप्रैल 2026: सरकार की तरफ से महाधिवक्ता ने कोर्ट को बताया कि वे डेटा ट्रांसफर के लिए दिल्ली (सुप्रीम कोर्ट रजिस्ट्री) से संपर्क में हैं।

28 अप्रैल 2026: कोर्ट ने ओबीसी आरक्षण मामले की सुनवाई अब 13 मई तक टाल दी है। मई में लगातार तीन दिन 13,14 व 15 मई को सुनवाई की जाएगी।



यह खबरें भी पढ़ें...

ओबीसी आरक्षण मामले की सुनवाई में आया तकनीकी रोड़ा, अब दोपहर 2:30 बजे होगी सुनवाई

ओबीसी आरक्षण : पहले दिन पूरी नहीं हो पाई सुनवाई! अब 28 अप्रैल को हाईकोर्ट में केस पर बहस

MP में दिग्विजय सिंह और फिर कमलनाथ ने किया 27 फीसदी ओबीसी आरक्षण, सोमवार से अंतिम सुनवाई

मोहन कैबिनेट ने छात्रवृत्ति राशि में की बढ़ोतरी, ओबीसी के छात्रों को अब मिलेंगे 10 हजार प्रति माह

Tags:
  • सुप्रीम कोर्ट
  • जबलपुर हाईकोर्ट
  • ओबीसी
  • ओबीसी आरक्षण
  • ट्रांसफर
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा