पेंच टाइगर रिजर्व में जंगल बुक के बघीरा की एक झलक देखने लोग घंटों कर रहे इंतजार
Amresh Kushwaha | Jul 04, 2026, 13:45 IST
पेंच टाइगर रिजर्व
पेंच टाइगर रिजर्व में अब बघीरा सबसे बड़ा आकर्षण बन गया है। पर्यटक इसकी एक झलक के लिए घंटों इंतजार करते हैं। वन विभाग इसे पेंच की नई यूएसपी बना रहा है।
समझें क्या है पूरा मामला...
- पेंच टाइगर रिजर्व में अब बघीरा पर्यटकों की पहली पसंद बन गया है।
- यहां 4 ब्लैक पैंथर की मौजूदगी दर्ज हुई है।
- पर्यटक बघीरा की एक झलक के लिए घंटों इंतजार करते हैं।
- वन विभाग इसे पेंच की नई यूएसपी बना रहा है।
- एक्सपर्ट बताते हैं यह मेलानिज्म नामक आनुवंशिक बदलाव है।
बघीरा बना नया आकर्षण
वनकर्मी बताते हैं कि उसकी मौजूदगी की सूचना किसी वीआईपी मूवमेंट से कम नहीं होती। वन विभाग अब बघीरा को पेंच की नई यूएसपी (Unique Selling Proposition) के तौर पर विकसित करने में जुटा है। पेंच के डिप्टी डायरेक्टर पुनीत गोयल कहते हैं कि पर्यटकों में ब्लैक पैंथर को लेकर खास आकर्षण है। उनका मानना है कि आने वाले समय में यह पेंच की ब्रांडिंग का बड़ा हिस्सा बन सकता है।
क्यों काला है यह तेंदुआ
इस स्थिति में शरीर में मेलानिन पिगमेंट सामान्य से ज्यादा बनने लगता है। मेलानिन वही पदार्थ है जो त्वचा और बालों को काला रंग देता है। जब यह ज्यादा बनता है, तो तेंदुए का पूरा शरीर काला दिखने लगता है। इसलिए इसे अलग जानवर मानना सही नहीं है। यह प्रकृति का एक दुर्लभ खेल है, नई प्रजाति नहीं।
पर्यटकों की पहली पसंद
इमरान खान बताते हैं कि सफारी पर आने वाले हर पर्यटक की पहली जिज्ञासा बघीरा को देखने की होती है। लोग बाघ से पहले ब्लैक पैंथर के बारे में पूछते हैं। कई पर्यटक तो सिर्फ इसी उम्मीद में कई-कई घंटे सफारी में बैठे रहते हैं। गाइड भी अब रूट प्लान करते समय इसका खास ध्यान रखते हैं। इससे साफ है कि बघीरा ने बाघ की लोकप्रियता को भी टक्कर देना शुरू कर दिया है।
स्वस्थ जंगल की निशानी
वन विभाग इसे वन्यजीव संरक्षण की एक बड़ी कामयाबी मानता है। पेंच पहले से बाघों और मोगली की कहानियों के कारण दुनिया में जाना जाता है। अब ब्लैक पैंथर की मौजूदगी इस पहचान को और मजबूत कर रही है।
अफसरों का क्या कहना है
अब बघीरा इस पहचान में एक नया अध्याय जोड़ रहा है। वन विभाग की कोशिश है कि आगे भी इस दुर्लभ तेंदुए का संरक्षण ठीक तरीके से हो। इसके लिए बफर और नॉन-टूरिज्म जोन में खास निगरानी रखी जा रही है। अफसरों का मानना है कि सही योजना से पेंच की टूरिज्म ग्रोथ और तेज हो सकती है।
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