रामगढ़ बांध पर कृत्रिम बारिश की शुरुआत अब 12 अगस्त से, एनओसी का भी इंतजार
Gyan Chand Patni | Aug 08, 2025, 13:53 IST
ramgadh dam
राजस्थान के रामगढ़ बांध पर कृत्रिम बारिश की शुरुआत 12 अगस्त से होगी। इसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल होगा।ड्रोन उड़ाने की अनुमति का इंतजार किया जा रहा है। जानें इस पहल के बारे में।
राजस्थान में जयपुर के रामगढ़ बांध पर कृत्रिम वर्षा का कार्यक्रम 12 अगस्त से शुरू हो रहा है। पहले यह 31 जुलाई को शुरू होने वाला था, लेकिन नागरिक उड्डयन मंत्रालय से ड्रोन उड़ाने के लिए जरूरी 10,000 फीट तक उड़ान भरने की अनुमति (एनओसी) नहीं मिलने के कारण इसे स्थगित कर दिया गया। हालांकि भारी बारिश को भी एक कारण बताया गया था।
राजस्थान में कृत्रिम बारिश का प्रयोग पहली बार हो रहा है| रामगढ़ बांध पर कृत्रिम बारिश का यह प्रयोग सफल रहा तो हजारों लोगों का फायदा होगा।
इस कार्यक्रम का आयोजन कृषि एवं उद्यानिकी विभाग और अमेरिकी कंपनी एक्सल-1 के सहयोग से हो रहा है। एक्सल-1 के मौसम वैज्ञानिक शशांक शर्मा के अनुसार, कृत्रिम वर्षा के लिए बादलों की उपस्थिति महत्वपूर्ण होगी और यदि पर्याप्त बादल नहीं होंगे तो वर्षा संभव नहीं हो सकेगी।
राजस्थान में मानसून एक सप्ताह और रहेगा सुस्त, 15 अगस्त के बाद झमाझम की उम्मीद, जानें मौसम का पूरा हाल
राजस्थान में भारत-पाक सीमा पर मिला चायना मेड ड्रोन, जासूसी की आशंका, सुरक्षा अलर्ट जारी
इस कार्यक्रम को लेकर लोगों में उत्साह देखने को मिल रहा है। जमवारामगढ़ विधायक महेन्द्रपाल मीना और भाजपा कार्यकर्ता 12 अगस्त को होने वाले कार्यक्रम के लिए अधिक से अधिक जनता, किसानों और युवाओं को आमंत्रित कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर भी इस पहल को लेकर जागरूकता फैल रही है।
ट्रंप टैरिफ का राजस्थान के 5 लाख लोगों के रोजगार पर असर, अमरीकी बायर्स के बदल रहे तेवर
राजस्थान पेयजल योजना घोटाला : इंजीनियरों ने उड़ाए 150 करोड़ रुपए, सात दोषी करार, जानें पूरा मामला
इस पहल में नासा उपग्रह और भारतीय मौसम विभाग के राडार की मदद ली जा रही है ताकि मौसम का सही विश्लेषण किया जा सके। ड्रोन का उपयोग करके कृत्रिम वर्षा करवाई जाएगी, जिसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल होगा।
भारत में कृत्रिम वर्षा का प्रयोग नया नहीं है। सबसे पहले 1951 में टाटा फर्म ने केरल में इसका प्रयोग किया था। इसके बाद महाराष्ट्र, कर्नाटक, तमिलनाडु और दिल्ली जैसे राज्यों में भी सूखा और प्रदूषण से निपटने के लिए कृत्रिम वर्षा की तकनीक का उपयोग किया गया।
यह पहला मौका है जब कृत्रिम वर्षा के लिए ड्रोन और AI तकनीक का उपयोग किया जा रहा है। यह पहल देश में अपनी तरह का पहला प्रयास होगा।
यदि यह प्रक्रिया सफल रहती है, तो रामगढ़ बांध को फिर से भरने की दिशा में यह एक बड़ा कदम साबित हो सकता है। इसके साथ ही अन्य क्षेत्रों में भी इस तकनीक का प्रयोग करने की संभावना है।
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢
राजस्थान में कृत्रिम बारिश का प्रयोग पहली बार हो रहा है| रामगढ़ बांध पर कृत्रिम बारिश का यह प्रयोग सफल रहा तो हजारों लोगों का फायदा होगा।
NOC का इंतजार
राजस्थान में मानसून एक सप्ताह और रहेगा सुस्त, 15 अगस्त के बाद झमाझम की उम्मीद, जानें मौसम का पूरा हाल
राजस्थान में भारत-पाक सीमा पर मिला चायना मेड ड्रोन, जासूसी की आशंका, सुरक्षा अलर्ट जारी
कार्यक्रम को लेकर लोगों में उत्साह
ट्रंप टैरिफ का राजस्थान के 5 लाख लोगों के रोजगार पर असर, अमरीकी बायर्स के बदल रहे तेवर
राजस्थान पेयजल योजना घोटाला : इंजीनियरों ने उड़ाए 150 करोड़ रुपए, सात दोषी करार, जानें पूरा मामला
तकनीकी मदद और ड्रोन उड़ान
कृत्रिम वर्षा का इतिहास
इस पहल की विशेषता
भविष्य की दिशा
FAQ
- 1. कृत्रिम वर्षा के लिए ड्रोन का उपयोग क्यों किया जा रहा है?
कृत्रिम वर्षा के लिए ड्रोन का उपयोग AI तकनीक के साथ किया जाएगा ताकि बादलों में बदलाव कर वर्षा की प्रक्रिया को नियंत्रित किया जा सके। यह एक नई और अनूठी पहल है। - 2. रामगढ़ बांध पर कृत्रिम वर्षा कब से शुरू होगी?
रामगढ़ बांध पर कृत्रिम वर्षा की शुरुआत 12 अगस्त से होगी। पहले इसे 31 जुलाई को शुरू किया जाना था, लेकिन यह कार्यक्रम स्थगित कर दिया गया। - 3. क्या रामगढ़ बांध की कृत्रिम वर्षा की प्रक्रिया सफल हो सकेगी?
बादल और मौसम की स्थिति पर इसकी निर्भर है। अगर पर्याप्त बादल हुए, तो कृत्रिम वर्षा का कार्यक्रम सफल रहेगा।
- मध्यप्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- राजस्थान की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
- जॉब्स और एजुकेशन की खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें
- निशुल्क वैवाहिक विज्ञापन और क्लासिफाइड देखने के लिए क्लिक करें
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
By Neel Tiwari
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava