आश्वासन नहीं, समाधान चाहिए, PTI शिक्षकों का बीकानेर में महापड़ाव

Jageshwar prasad | Jun 01, 2026, 16:21 IST
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Ashish Bhardwaj - 2026-06-01T161501.450
Photograph: (the sootr)

PTI भर्ती-2022 में चयनित शारीरिक शिक्षकों का वेतन नियमितीकरण और स्थायीकरण की मांग को लेकर बीकानेर में 14वें दिन भी आंदोलन जारी है। शिक्षकों ने चेतावनी दी है कि जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन व्यापक किया जाएगा।

News In Short

  • PTI भर्ती-2022 के चयनित शिक्षकों का वेतन नियमितीकरण और स्थायीकरण को लेकर आंदोलन।
  • प्रदेशभर से शिक्षक बीकानेर पहुंचे और शिक्षा निदेशालय पर किया महापड़ाव।
  • शिक्षकों का आरोप- सभी जांचें पूरी होने के बाद भी सरकार नहीं ले रही है कोई ठोस निर्णय।
  • प्रतिनिधिमंडल ने शिक्षा निदेशक से मुलाकात कर अपनी मांगों से कराया अवगत।
  • संघ ने चेतावनी दी- मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।

News In Detail

PTI भर्ती-2022 में चयनित शारीरिक शिक्षकों का वेतन नियमितीकरण और स्थायीकरण की मांग को लेकर संघर्ष लगातार जारी है। आंदोलन के 14वें दिन प्रदेशभर से चयनित PTI बीकानेर पहुंचे और माध्यमिक शिक्षा निदेशालय पर महापड़ाव डालकर अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। धरना स्थल पर जुटे शिक्षकों ने हाथों में तख्तियां लेकर अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी की।

शिक्षा निदेशक से वार्ता भी की

प्रदर्शन के दौरान प्रतिनिधिमंडल ने शिक्षा निदेशक से वार्ता भी की। PTI संघ का कहना है कि भर्ती से जुड़ी सभी जांचें पूरी हो चुकी हैं, इसके बावजूद सरकार और विभाग उनकी मांगों पर कोई ठोस निर्णय नहीं ले रहे हैं।

शिक्षकों का कहना है कि लंबे समय से सेवाएं देने के बावजूद उन्हें अभी तक नियमित कर्मचारियों के समान अधिकार और सुविधाएं नहीं मिल रही हैं।

केवल आश्वासन, कोई ठोस निर्णय नहीं

प्रदर्शनकारियों का कहना है कि सरकार और विभाग की ओर से लगातार आश्वासन दिए जा रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है। आंदोलन के दौरान PTI संघ के प्रतिनिधिमंडल ने माध्यमिक शिक्षा निदेशक सीताराम जाट से मुलाकात कर अपनी मांगों से अवगत कराया।

प्रतिनिधियों ने बताया कि भर्ती प्रक्रिया से जुड़े विभिन्न मामलों में जांच पूरी होने के बावजूद चयनित शिक्षकों के भविष्य को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। उन्होंने विभाग से शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेकर चयनित अभ्यर्थियों को राहत प्रदान करने की मांग की।

अब आर-पार की लड़ाई

PTI संघ के प्रदेशाध्यक्ष रामप्रकाश सांगवा ने कहा कि पहले सरकार और विभाग की ओर से यह कहा जा रहा था कि भर्ती प्रक्रिया से संबंधित जांच लंबित होने के कारण कोई निर्णय नहीं लिया जा सकता।

अब प्रदेश के सभी मंडलों से जांच प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और संबंधित रिपोर्ट भी उपलब्ध है, लेकिन इसके बावजूद चयनित शारीरिक शिक्षकों की मांगों पर कोई सुनवाई नहीं हो रही है। इससे प्रदेशभर के चयनित अभ्यर्थियों में निराशा और आक्रोश बढ़ रहा है।

उन्होंने कहा कि चयनित PTI वर्षों की मेहनत और प्रतियोगी परीक्षा प्रक्रिया के बाद नियुक्त हुए हैं और विद्यालयों में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। इसके बावजूद उन्हें वेतन नियमितीकरण और स्थायीकरण जैसी मूलभूत मांगों के लिए आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ रहा है। उन्होंने सरकार से संवेदनशीलता दिखाते हुए जल्द निर्णय लेने की मांग की।

अस्थायी व्यवस्था से बढ़ी चिंता

धरने में शामिल शिक्षकों ने कहा कि वे शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए पूरी निष्ठा से कार्य कर रहे हैं, लेकिन अस्थायी व्यवस्था के कारण उनके भविष्य, आर्थिक सुरक्षा और पारिवारिक जिम्मेदारियों को लेकर चिंता बनी हुई है। उनका कहना है कि सरकार को उनके हितों की रक्षा करते हुए शीघ्र स्थायीकरण और वेतन नियमितीकरण की प्रक्रिया पूरी करनी चाहिए।

जारी रहेगा संघर्ष

प्रदेशभर से पहुंचे चयनित PTI ने एक स्वर में चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। आगामी दिनों में प्रदेश स्तर पर बड़े आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी। आंदोलनकारियों ने कहा कि जब तक उनकी मांगों का समाधान नहीं होता, तब तक संघर्ष जारी रहेगा।

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