अरावली पर SC की कमेटी का 6 अगस्त से दौरा, अभी तक नहीं बना नोडल अधिकारी

Jageshwar prasad | Aug 04, 2026, 18:00 IST
Share
अरावली पर SC कमेटी का 6 अगस्त से दौरा, 1000 किमी क्षेत्र का मुआयना
अरावली पर SC कमेटी का 6 अगस्त से दौरा, 1000 किमी क्षेत्र का मुआयना

अरावली संरक्षण को लेकर सुप्रीम कोर्ट की समिति 6 अगस्त से दौरा शुरू कर रही है। अभी तक राजस्थान सरकार ने इस समिति के लिए कोई नोडल अधिकारी नहीं बनाया है।

समझें क्या है पूरा मामला

  • अरावली संरक्षण को लेकर सुप्रीम कोर्ट की समिति का 6 अगस्त से दौरा।
  • पांच दिन के इस दौरे में समिति अरावली की जमीनी हकीकत देखेगी।
  • यह समिति चार दिन तक राजस्थान में अरावली की स्थिति का आकलन करेगी।
  • राजस्थान सरकार ने इस समिति के समन्वय के लिए अभी तक नहीं बनाया नोडल अधिकारी।
सुनील जैन @ अलवर

अरावली पर्वतमाला के संरक्षण पर बनी सुप्रीम कोर्ट की हाई पावर कमेटी तीन राज्यों की जमीनी हकीकत जानेगी। इसका पांच दिन का दौरा 6 अगस्त से शुरू हो रहा है।

अरावली दिल्ली-एनसीआर से लेकर राजस्थान तक की पर्यावरणीय लाइफलाइन है। यह अब अवैध खनन, अंधाधुंध निर्माण और बिगड़ते जल तंत्र के कारण अस्तित्व का संकट झेल रही है।

अरावली की परिभाषा तय करने के लिए ​25 मई 2026 को सुप्रीम कोर्ट ने यह हाई पावर कमेटी बनाई थी। यह कमेटी जल्द ही अपनी रिपोर्ट शीर्ष कोर्ट को सौंपेगी।

​क्या है सुप्रीम कोर्ट का एक्शन प्लान?

​भारतीय वानिकी अनुसंधान एवं शिक्षा परिषद के डीजी के नेतृत्व में बनी इस कमेटी ने अरावली संरक्षण को लेकर आमजन से फीडबैक भी मांगा है।

समिति अरावली संरक्षण के लिए खनन गतिविधियों, भू-वैज्ञानिक संरचना, जैव विविधता, घटते जल संसाधनों और बदलते भूमि उपयोग की रिपोर्ट तैयार करेगी।

सूत्रों के अनुसार समिति छह अगस्त से शुरू हो रहे दौरे में अरावली के 1000 किलोमीटर से ज्यादा क्षेत्र का मुआयना करेगी।

यह रहेगा समिति का शेड्यूल​

समिति के दौरे का रूट मैप इस प्रकार है:

​6 अगस्त: दिल्ली, गुरुग्राम और फरीदाबाद के अरावली क्षेत्रों का विस्तृत जायजा।
​7 अगस्त: फरीदाबाद से रवाना होकर कोटपूतली, नीमकाथाना और खंडेला जैसे संवेदनशील खनन इलाकों से होते हुए सरिस्का टाइगर रिजर्व पहुंचेगी समिति।
​8 अगस्त: सरिस्का, जयपुर और अजमेर के वन व पर्यावरणीय क्षेत्रों का मुआयना।
​9 अगस्त: अजमेर, ब्यावर, राजसमंद और उदयपुर का दौरा-जहां खनन और प्रकृति के बीच का संघर्ष सबसे ज्यादा है।
​10 अगस्त: उदयपुर, पिंडवाड़ा से होते हुए माउंट आबू के पारिस्थितिक संवेदनशील क्षेत्र का अंतिम निरीक्षण।

अरावली पर SC कमेटी का 6 अगस्त से दौरा, 1000 किमी क्षेत्र का मुआयना
अरावली पर SC कमेटी का 6 अगस्त से दौरा, 1000 किमी क्षेत्र का मुआयना


नोडल अधिकारी पर अटका पेंच

सुप्रीम कोर्ट की कमेटी इतने बड़े अभियान की तैयारी में जुटी है, वहीं राजस्थान प्रशासन की लापरवाही पर सवाल खड़े हो रहे हैं।

​राजस्थान सरकार ने अब तक इस हाई पावर कमेटी के समन्वय के लिए नोडल अधिकारी की नियुक्ति नहीं की है।

आईसीएफआरई के महानिदेशक ने राजस्थान के मुख्य सचिव को पत्र लिखकर नाराजगी जाहिर की है। पत्र में साफ कहा गया है कि इससे पहले 27 जून को भी रिमाइंडर भेजा गया था। जवाब नहीं मिलने पर दोबारा पत्र जारी करना पड़ा।

​आम जनता सीधे रखेगी अपनी बात

​इस दौरे की खास बात यह है कि समिति इस दौरे में रोज दो चरणों में काम होगा:

​सुबह 8:00 बजे से शाम 4:00 बजे तक: खेतों, जंगलों, खदानों और जल स्रोतों का जमीनी निरीक्षण।
​शाम 4:30 बजे से 6:30 बजे तक: ओपन मल्टी-स्टेकहोल्डर बैठक।

​शाम की बैठक में पर्यावरणविद, स्थानीय ग्रामीण, खनन पट्टाधारक, एनजीओ, शोधकर्ता, किसान और खदान मजदूर सीधे समिति के सामने अपनी बात रख सकेंगे। सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि अंतिम रिपोर्ट में आम लोगों और विशेषज्ञों की राय को शामिल करना अनिवार्य है।

ये भी पढ़ें:-

अरावली की तबाही पर हाईकोर्ट का चाबुक, पहाड़ियों को निगल गए होटल, कटघरे में सरकार

अरावली की सुरक्षा पर SC की समिति ने मांगे सुझाव, 21 दिन के लिए विंडो खुली

​अरावली पर पर्यावरणविदों ने सीजेआई को लिखा पत्र, नई कमेटी पर उठाए सवाल

अरावली में मिला प्राचीन काल का खजाना, चट्टानों पर हो रही खूबसूरत नक्काशी

Tags:
  • सुप्रीम कोर्ट
  • राजस्थान सरकार
  • नोडल अधिकारी
  • अरावली पर्वतमाला
  • अरावली संरक्षण
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी

By Sandeep Kumar

मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी

By VINAY VERMA

IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं

By Ashish Bhardwaj

राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई

By Arun Tiwari

पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच

By Jitendra Shrivastava

भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज

By Sanjay Dhiman

UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज
अस्पताल का लैब बोतलों में भ्रूण : कोरबा के लाइफ केयर हॉस्पिटल में कौन सा खेल? कोर्ट को भी नहीं मिला जवाब

By VINAY VERMA

अस्पताल का लैब बोतलों में भ्रूण : कोरबा के लाइफ केयर हॉस्पिटल में कौन सा खेल? कोर्ट को भी नहीं मिला जवाब