सूअर की किडनी के सहारे 271 दिनों तक जिंदा रहा इंसान, चिकित्सा जगत में जागी बड़ी उम्मीद

Arohi Raj | Sootr Creatives | Sept 22, 2026, 14:39 IST
Share
सूअर की जेनेटिकली मॉडिफाइड किडनी ने बचाई मरीज की जान, 271 दिनों तक करती रही काम
सूअर की जेनेटिकली मॉडिफाइड किडनी ने बचाई मरीज की जान, 271 दिनों तक करती रही काम

अमेरिकी डॉक्टरों ने सूअर की जेनेटिकली मॉडिफाइड किडनी का सफल प्रयोग किया है। इस किडनी ने इंसान में 271 दिन काम करके नया इतिहास रचा है। टिम एंड्रयूज नाम के मरीज को यह किडनी लगाई गई थी, जिससे उन्हें डायलिसिस से आजादी मिली। नौ महीने बाद किडनी खराब होने पर इसे निकाल दिया गया और फिर एक मृत व्यक्ति की किडनी लगाई गई।

अमेरिकी डॉक्टरों ने सूअर की जेनेटिकली मॉडिफाइड किडनी एक इंसान में लगाया गया है। यह ऐतिहासिक सर्जरी अमेरिका के मैसाचुसेट्स जनरल अस्पताल में हुई। 66 साल के टिम एंड्रयूज, जो टाइप-2 डायबिटीज से पीड़ित थे। इनकी दोनों किडनियां पूरी तरह से खराब हो चुकी थीं। इसके बाद उनके शरीर में 'विल्मा' नाम की मिनी पिग की किडनी ट्रांसप्लांट कराया गया। इससे पहले, एंड्रयूज को लगातार डायलिसिस करवाना पड़ रहा था। सूअर की किडनी लगने के बाद उन्हें डायलिसिस से आजादी मिल गई। वे सामान्य जीवन जीने लगे।

डॉक्टरों के अनुसार, एंड्रयूज को इंसानी किडनी के लिए सात साल तक इंतजार करना पड़ता। डायलिसिस पर इतने लंबे समय तक जिंदा रहना बहुत मुश्किल था। मरीज की जान जाने का जोखिम 40% से ज्यादा बढ़ गया था। समय रहते डॉक्टरों ने प्रयोगात्मक तौर पर सूअर की किडनी लगाने का फैसला लिया। जो टिम एंड्रयूज के लिए एक जीवनदान साबित हुआ।


डायलिसिस क्या है?

डायलिसिस एक ऐसी प्रक्रिया है , जिसमें शरीर के खून को मशीन द्वारा कृत्रिम रूप से साफ किया जाता है। यह तब किया जाता है जब किडनी अपना काम ठीक से नहीं कर पातीं। यह प्रक्रिया मरीज के लिए काफी दर्दनाक और थकाऊ होती है।


मानव अंगों की भारी कमी

दुनिया भर में मानव अंगों की भारी कमी एक गंभीर समस्या है। अस्पतालों में अंग प्रत्यारोपण के लिए मरीजों की लंबी कतारें लगी हैं। अकेले अमेरिका में एक लाख से ज्यादा लोग किडनी का इंतजार कर रहे हैं, जबकि हर साल केवल 25 हजार प्रत्यारोपण ही संभव हो पाते हैं। ब्रिटेन में भी 7 हजार से ज्यादा मरीज कतार में हैं।


'विल्मा' नाम की मिनी पिग चुना गया था

जानवर के अंग को मानव शरीर तुरंत स्वीकार नहीं करता। इस बायोलॉजिकल बैरियर को दूर करने के लिए जीन एडिटिंग का सहारा लिया गया। टिम एंड्रयूज के लिए 'विल्मा' नाम की एक मिनी पिग को चुना गया था। विल्मा यूकाटन प्रजाति की एक छोटी सूअर थी। वैज्ञानिकों ने विल्मा के जीनोम में 69 बार जेनेटिक बदलाव किए, जिससे सूअर की किडनी इंसानी शरीर के लिए पूरी तरह अनुकूल हो गई। ऑपरेशन के तुरंत बाद, इस किडनी ने काम करना शुरू कर दिया था।

चिकित्सा इतिहास में यह एक नया रिकॉर्ड है। इससे पहले किसी भी जानवर का अंग दो महीने से ज्यादा नहीं चला था। साल 2024 में हुए एक पहले प्रयास में, जानवर का अंग केवल 52 दिन चला था। उस मरीज की मौत हार्पटअटैक से हो गई थी। लेकिन टिम एंड्रयूज का मामला बिल्कुल अलग था। सूअर की किडनी ने उनके शरीर में 271 दिनों तक लगातार काम किया। इस ऐतिहासिक मामले की पूरी रिपोर्ट 'द लांसेट' जर्नल में छपी है।


नौ महीने बाद इंसानी किडनी लगाई गई

विल्मा नाम की मिनी पिग की किडनी एक अस्थायी सहारे के रूप में काम आई। नौ महीने बाद जब यह किडनी खराब हो गई, तो इसे निकाल दिया गया। इसके बाद एंड्रयूज को कुछ समय के लिए फिर से डायलिसिस पर लौटना पड़ा। लेकिन उन्हें केवल 82 दिनों तक ही डायलिसिस की जरूरत पड़ी। जनवरी 2026 में उन्हें एक मृत व्यक्ति की किडनी लगाई गई। जो पूरी तरह सफल और सुरक्षित रहा। डॉक्टरों ने छह महीने की जांच के बाद मरीज को बिल्कुल स्वस्थ पाया।

  1. अमेरिकी डॉक्टरों ने सूअर की जेनेटिकली मॉडिफाइड किडनी को किस मरीज में ट्रांसप्लांट किया?
    अमेरिकी डॉक्टरों ने 66 वर्षीय टिम एंड्रयूज में सूअर की जेनेटिकली मॉडिफाइड किडनी ट्रांसप्लांट की।
  2. टिम एंड्रयूज को सूअर की किडनी ट्रांसप्लांट करवाने की जरूरत क्यों पड़ी?
    टिम एंड्रयूज की दोनों किडनियां पूरी तरह से खराब हो चुकी थीं और उन्हें लगातार डायलिसिस करवानी पड़ रही थी।
  3. क्या सूअर की किडनी इंसानी शरीर में काम करने लगी?
    हाँ, सूअर की किडनी ने ऑपरेशन के तुरंत बाद काम करना शुरू कर दिया था और 271 दिनों तक सक्रिय रही।
Tags:
  • अमेरिका
  • मिनी पिग
  • विल्मा
  • किडनी ट्रांसप्लांट
  • डायलिसिस
  • जेनेटिकली मॉडिफाइड
  • इतिहास
  • सुअर
  • मानव अंग
  • बायोलॉजिकल बैरियर
स्कूल शिक्षा विभाग के अफसरों को 62 साल तक नौकरी का हक नहीं, 60 में ही होगा रिटायरमेंट, HC से 14 याचिकाएं खारिज

By Neel Tiwari

स्कूल शिक्षा विभाग के अफसरों को 62 साल तक नौकरी का हक नहीं, 60 में ही होगा रिटायरमेंट, HC से 14 याचिकाएं खारिज
Rent A Garba Partner: गरबा में पार्टनर भी किराए पर? भोपाल-इंदौर में अनोखा ट्रेंड वायरल

By Sumit Kumar

Rent A Garba Partner: गरबा में पार्टनर भी किराए पर? भोपाल-इंदौर में अनोखा ट्रेंड वायरल
भ्रष्टाचार के खिलाफ जयपुर ACB की ट्रैप कार्रवाई, वनपाल और वनरक्षक रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार

By Jageshwar prasad

भ्रष्टाचार के खिलाफ जयपुर ACB की ट्रैप कार्रवाई, वनपाल और वनरक्षक रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार
नाजिया इलाही खान उज्जैन में तर्पण करेंगी, क्या अपनाएंगी सनातन धर्म? भाजपा प्रवक्ता ने दिए ये संकेत

By Sandeep Kumar

नाजिया इलाही खान उज्जैन में तर्पण करेंगी, क्या अपनाएंगी सनातन धर्म? भाजपा प्रवक्ता ने दिए ये संकेत
एक साल से दस्तावेज पढ़ रही CBI 1000 करोड़ के समाज कल्याण घोटाले में चार्जशीट का इंतजार, बड़े IAS नामों से सवाल

By VINAY VERMA

एक साल से दस्तावेज पढ़ रही CBI 1000 करोड़ के समाज कल्याण घोटाले में चार्जशीट का इंतजार, बड़े IAS नामों से सवाल
राजस्थान पंचायत चुनाव से पहले कांग्रेस में दो नेताओं की एंट्री, गोपाल गुर्जर और नेम सिंह फौजदार की घर वापसी

By Saurabh Mishra

राजस्थान पंचायत चुनाव से पहले कांग्रेस में दो नेताओं की एंट्री, गोपाल गुर्जर और नेम सिंह फौजदार की घर वापसी
सोडाला जेडीए अतिक्रमण विरोध तीसरे दिन भी जारी: जेडीए की अर्थी निकाली, 160 फीट चौड़ीकरण पर सवाल

By Jyoti Mahender Bhardwaj

सोडाला जेडीए अतिक्रमण विरोध तीसरे दिन भी जारी: जेडीए की अर्थी निकाली, 160 फीट चौड़ीकरण पर सवाल