CBSE 12th Re-evaluation: सीबीएसई ने घटाई री-इवैल्यूएशन फीस, नंबर बढ़े तो फीस वापस

Manya Jain | May 18, 2026, 12:28 IST
Share
CBSE 12th Re-evaluation 2026 Fees Reduced
CBSE 12th Re-evaluation 2026 Fees Reduced

सीबीएसई 12वीं के छात्रों के लिए बड़ी राहत की खबर है। बोर्ड ने री-इवैल्युएशन और कॉपी री-चेकिंग की फीस में भारी कटौती की है। अब एक नंबर बढ़ने पर भी पूरी फीस रिफंड होगी। आवेदन 19 मई से शुरू हो रहे हैं।

5 प्वाइंट में समझें क्या है पूरा मामला

  • सीबीएसई ने छात्रों के भारी विरोध के बाद पुनर्मूल्यांकन फीस ( Re-evaluation) कम कर दी है।
  • अब उत्तर पुस्तिका की स्कैन कॉपी केवल 100 रुपए में मिल जाएगी।
  • अंकों के सत्यापन यानी दोबारा टोटलिंग की फीस भी घटाकर 100 रुपए हुई।
  • पुनर्मूल्यांकन के दौरान एक भी नंबर बढ़ने पर पूरी फीस वापस मिल जाएगी।
  • हल्की स्याही वाली करीब 13 हजार कॉपियों की जांच मैनुअल तरीके से हुई।

सीबीएसई का बड़ा फैसला

CBSE Revaluation.सीबीएसई 12वीं के छात्रों के लिए एक बहुत अच्छी खबर आई है। बोर्ड ने पुनर्मूल्यांकन की फीस में बड़ी कटौती कर दी है। पिछले दिनों छात्र इस फीस का लगातार विरोध कर रहे थे। छात्रों के इस गुस्से के आगे आखिरकार बोर्ड को झुकना ही पड़ा।

शिक्षा सचिव संजय कुमार ने रविवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस बुलाई। उन्होंने इस बैठक में फीस कम करने की आधिकारिक घोषणा की। इस फैसले से उन हजारों छात्रों को राहत मिलेगी जो कम नंबरों से परेशान थे। अब वे बहुत कम खर्च में अपनी कॉपियां दोबारा जांचवा सकते हैं।

नए नियमों के तहत हुई फीस कम

बोर्ड ने नए नियमों के तहत फीस को बेहद कम कर दिया है। पहले आंसर शीट की स्कैन कॉपी के लिए 700 रुपए लगते थे। अब छात्रों को इसके लिए केवल 100 रुपए ही देने होंगे। इससे गरीब छात्रों को अपनी कॉपी देखने का मौका मिलेगा।

इसके अलावा अंकों के वेरीफिकेशन यानी टोटलिंग की फीस भी कम हुई है। पहले इसके लिए 500 रुपए प्रति विषय चुकाने पड़ते थे। अब इसके लिए भी केवल 100 रुपए की फीस तय की गई है। इस बदलाव से छात्र बेहद खुश नजर आ रहे हैं।

एक नंबर भी बढ़ा तो वापस मिलेगी पूरी फीस

शिक्षा सचिव ने एक और घोषणा की है। अगर री-चेकिंग में छात्र का एक भी नंबर बढ़ता है तो क्या होगा? ऐसी स्थिति में बोर्ड छात्र की पूरी आवेदन फीस वापस लौटा देगा। यह पुनर्मूल्यांकन नियमछात्रों के हित में लिया गया एक बड़ा फैसला है।

अब छात्रों को फीस डूबने का डर नहीं सताएगा। अगर आपकी कॉपी जांचने में शिक्षक से कोई गलती हुई है तो न्याय मिलेगा। नंबर बढ़ते ही रिफंड की प्रक्रिया सीधे आपके बैंक खाते में शुरू हो जाएगी।

हर सवाल री-चेकिंग की फीस कम

बोर्ड ने प्रति सवाल दोबारा जांच की फीस में भी राहत दी है। पिछले साल तक किसी एक सवाल को चैलेंज करने के 100 रुपए लगते थे। अब नए नियम के अनुसार केवल 25 रुपए प्रति सवाल ही देने होंगे।

यह कटौती लगभग 75 प्रतिशत तक की गई है। छात्र अब बिना किसी आर्थिक मानसिक दबाव के अपने उत्तरों को चुनौती दे सकते हैं। बोर्ड इस पूरी प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने की कोशिश में जुटा है।

क्या है नया शेड्यूल?

अगर आप भी अपनी कॉपी देखना चाहते हैं तो तारीखें नोट कर लें। छात्र 19 मई से 22 मई के बीच स्कैन आंसर शीट के लिए अप्लाई कर सकते हैं। यह कॉपियां छात्रों को डिजिटल माध्यम से उपलब्ध कराई जाएंगी।

इसके बाद अगले चरण के लिए एक हफ्ते का समय मिलेगा। छात्र 26 मई से 29 मई के बीच री-चेकिंग या री-इवैल्युएशन करा सकेंगे। सभी आवेदन केवल ऑनलाइन मोड में ही स्वीकार किए जाएंगे।

हल्की स्याही वाली कॉपियों की मैनुअल जांच

प्रेस कॉन्फ्रेंस में शिक्षा सचिव ने एक जरूरी जानकारी भी साझा की। इस साल कुल 9 लाख 866 हजार 222 कॉपियों का मूल्यांकन किया गया था। इनमें से 13 हजार 583 कॉपियां ऐसी थीं जिन्हें कंप्यूटर स्क्रीन पर नहीं जांचा जा सका।

संभवतः छात्रों ने परीक्षा में हल्की स्याही वाले पेन का इस्तेमाल किया था। इस वजह से कॉपियां ठीक से स्कैन नहीं हो पाईं। बोर्ड ने 9 मई के बाद इन सभी कॉपियों को मैनुअल तरीके से जांचा है ताकि गड़बड़ी न हो।

FAQ

  1. सीबीएसई 12वीं री-इवैल्युएशन की नई फीस क्या है?
    छात्रों के विरोध के बाद सीबीएसई ने फीस बहुत कम कर दी है। अब उत्तर पुस्तिका की स्कैन कॉपी पाने के लिए 700 रुपये की जगह केवल 100 रुपये देने होंगे।
  2. सीबीएसई फीस रिफंड का नया नियम क्या है और यह कैसे काम करेगा?
    शिक्षा सचिव संजय कुमार के अनुसार, यदि कोई छात्र पुनर्मूल्यांकन या री-चेकिंग के लिए आवेदन करता है और जांच के बाद उसका केवल एक नंबर भी बढ़ जाता है, तो बोर्ड उसकी पूरी आवेदन फीस वापस कर देगा।
  3. हल्की स्याही वाली कॉपियों को लेकर बोर्ड ने क्या सफाई दी है?
    इस साल करीब 13,583 कॉपियां ऐसी थीं जिन्हें ऑन-स्क्रीन यानी कंप्यूटर पर डिजिटल रूप से नहीं जांचा जा सका।
ये भी पढ़ें...

CBSE 12th Re-evaluation 2026: सीबीएसई ने जारी किया नया शेड्यूल, 19 मई से आवेदन शुरू

CBSE की नई भाषा नीति: कक्षा 9-10 में तीन भाषाएं पढ़ना अनिवार्य, एक जुलाई से होगा लागू

CBSE 12वीं ऑन-स्क्रीन मार्किंग क्या है? जानें क्यों फेल हुए छात्र 75% क्राइटेरिया में

CBSE 12th Result 2026: रिजल्ट में एमपी के सरकारी स्कूलों ने गाड़े झंडे, प्राइवेट स्कूल रह गए पीछे



Tags:
  • cbse
  • सीबीएसई
  • CBSE Revaluation
  • पुनर्मूल्यांकन नियम
  • CBSE 12th Result
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें

By Arun Tiwari

छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी

By Sandeep Kumar

मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी

By VINAY VERMA

IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं

By Ashish Bhardwaj

राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई

By Arun Tiwari

पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच

By Jitendra Shrivastava

भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज

By Sanjay Dhiman

UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज