भगवान भरोसे छत्तीसगढ़ का शिक्षा विभाग, दफ्तर से डीईओ समेत गायब हुए अधिकारी
Aishwarya Dwivedi | Jul 17, 2026, 17:35 IST
बिलासपुर शिक्षा विभाग के अधिकारी अनुपस्थित
बिलासपुर में कोर्ट केस और प्रमोशन विवाद के चलते डीईओ समेत पूरा स्टाफ दफ्तर में ताला लगाकर गायब हो गया। इस प्रशासनिक लापरवाही से कलेक्टर का स्कूल छुट्टी का आदेश भी बेअसर रहा।
समझें क्या है पूरा मामला
भारी बारिश और बंद दफ्तर
कलेक्टर ने जनहित में छुट्टी का आदेश रात में ही निकाल दिया। लेकिन इस आदेश को आगे बढ़ाने वाला कोई जिम्मेदार अधिकारी नहीं मिला। सुबह जब लोग जिला शिक्षा अधिकारी के दफ्तर पहुंचे तो वहां ताला लटका था।
सुबह की पाली के बच्चे बिना जानकारी के स्कूल पहुंच गए। तेज बारिश में बच्चे और उनके अभिभावक परेशान होते रहे। दोपहर की पाली के लिए भी कोई स्पष्ट निर्देश नहीं मिल सका।
अधिकारी और कर्मचारी सब गायब
कलेक्टर के आदेश पर हस्ताक्षर करने वाला कोई जिम्मेदार मौजूद नहीं था। स्कूलों को आधिकारिक तौर पर निर्देश भेजने की व्यवस्था ठप हो गई। पूरा विभाग भगवान भरोसे काम करता हुआ दिखाई दिया।
मौसम विभाग ने अगले तीन दिनों तक भारी बारिश की चेतावनी दी है। ऐसे में आगे की व्यवस्था कौन संभालेगा, यह बड़ा सवाल है। अभिभावक इस प्रशासनिक लापरवाही से बेहद नाराज नजर आ रहे हैं।
छत्तीसगढ़ का शिक्षा विभाग
प्रमोशन विवाद और कोर्ट का स्टे
विभागीय गलियारों में इस प्रमोशन को लेकर कई तरह की चर्चाएं हैं। जायसवाल को छह महीने में ही द्वितीय श्रेणी से प्रथम श्रेणी में प्रमोट किया गया। इस चमत्कारी पदोन्नति पर अब सवाल उठ रहे हैं।
कहा जा रहा है कि अधिकारी अब नियमों में बदलाव का इंतजार कर रहे हैं। वे किसी भी बड़े विवाद से बचने के लिए 'वेट एंड वॉच' कर रहे हैं। इस कानूनी दांव-पेच के कारण बच्चों की सुरक्षा खतरे में पड़ गई।
पुरानी यादें और प्रशासनिक शून्यता
इस रवैये को प्रशासनिक शब्दावली में 'प्रोटेक्शन मोड' कहा जाता है। जब भी कोई अधिकारी कानूनी पेंच में फंसता है, वह फैसले लेना बंद कर देता है। वह खुद को कोर्ट की अवमानना से बचाने की कोशिश करता है।
बिलासपुर में भी इस समय बिल्कुल यही स्थिति देखने को मिल रही है। अधिकारी अपनी कुर्सी बचाने की रणनीति बनाने में व्यस्त हैं। वहीं दूसरी तरफ, स्कूली बच्चे भारी बारिश में परेशान हो रहे हैं।
FAQ
- बिलासपुर में स्कूलों की छुट्टी क्यों घोषित की गई थी?
बिलासपुर में गुरुवार रात से लगातार भारी बारिश हो रही थी। बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए कलेक्टर ने एक दिन की छुट्टी घोषित की थी। - बिलासपुर में कलेक्टर के आदेश के बाद भी बच्चे स्कूल क्यों पहुंच गए?
जिला शिक्षा अधिकारी का दफ्तर बंद था और अधिकारी गायब थे। स्कूलों तक आधिकारिक आदेश समय पर नहीं पहुंच पाया, जिससे बच्चे स्कूल पहुंच गए। - बिलासपुर शिक्षा विभाग में प्रशासनिक संकट की मुख्य वजह क्या है?
वर्तमान डीईओ के प्रमोशन को लेकर कोर्ट में याचिका दायर की गई है। कोर्ट से स्टे मिलने के बाद अधिकारी सुरक्षात्मक रवैया अपनाकर काम से बच रहे हैं।
यह खबरें भी पढ़ें...
ऑनलाइन हाजिरी ने खोली शिक्षा विभाग की पोल
छत्तीसगढ़ चिकित्सा शिक्षा विभाग में नॉन मेडिको की नियुक्ति पर विवाद
छत्तीसगढ़ शिक्षा विभाग में गड़बड़ी, ग्यारह साल बाद लौटे कर्मी को नौकरी
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava
UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज
By Sanjay Dhiman