माफिया राज में फंसा छत्तीसगढ़ का सबसे बड़ा अस्पताल

Krishna Kumar Sikander | May 27, 2025, 12:08 IST
Share
Chhattisgarh's biggest hospital trapped in mafia rule the sootr
Chhattisgarh's biggest hospital trapped in mafia rule the sootr

छत्तीसगढ़ का सबसे बड़ा सरकारी अस्पताल, मेकाहारा, अपनी बदहाली और गड़बड़ियों के लिए हमेशा चर्चा में रहता है। हालात ये हैं कि यहां मरीजों से ज्यादा अपराधी और माफिया टाइप के लोग घूमते नजर आते हैं।

छत्तीसगढ़ का सबसे बड़ा सरकारी अस्पताल, मेकाहारा, अपनी बदहाली और गड़बड़ियों के लिए हमेशा चर्चा में रहता है। हालात ये हैं कि यहां मरीजों से ज्यादा अपराधी और माफिया टाइप के लोग घूमते नजर आते हैं। जैसे ही आप अस्पताल के गेट से अंदर घुसते हैं, साइकिल स्टैंड से लेकर हर कोने में नशेड़ी, ड्रग्स के सौदागर और बदमाशों की भीड़ दिखती है। सुरक्षा के नाम पर रोज कोई ना कोई झगड़ा-विवाद हो रहा है। हालात इतने खराब हैं कि लोग कहते हैं, यहां चौकी नहीं, पूरा थाना खोल देना चाहिए ताकि मरीज और उनके परिजन सुरक्षित रह सकें।

ये खबर भी पढ़ें... पोलावरम परियोजना से छत्तीसगढ़ के 9 गांवों पर डूब का खतरा

माफिया ने बिछा रखें है चार तरह के जाल

मेकाहारा में चार तरह के माफिया अपना जाल बिछाए हुए हैं, और कोई भी सरकार आए, इनका सिस्टम अडिग रहता है। मरीजों और उनके परिजनों को इलाज के लिए इन माफियाओं की बनाई बाधाओं से गुजरना पड़ता है। ये चार माफिया हैं।

ये खबर भी पढ़ें... छत्तीसगढ़ में कोरोना के दो नए मामले सामने आए, सावधानी बरतने की अपील

पार्किंग माफिया : अस्पताल में गाड़ी खड़ी करने के लिए परिजनों को इनके साथ जूझना पड़ता है। ये लोग मनमानी करते हैं और पैसे वसूलते हैं।

मेंटेनेंस माफिया : अस्पताल की व्यवस्था को ये अपने कब्जे में रखते हैं, जिससे साफ-सफाई और दूसरी सुविधाएं बदहाल रहती हैं।

ये खबर भी पढ़ें... भारतमाला प्रोजेक्ट घोटाला में 150 संदिग्ध खाताधारकों पर जांच की तलवार, पूछताछ तेज

कैंटीन माफिया : मरीजों को मिलने वाला खाना घटिया, कम मात्रा में और बासी होता है। ठेकेदार बरसों से जमे हैं और मनमाने ढंग से सस्ता-घटिया खाना परोसते हैं। मरीजों की शिकायतें दबा दी जाती हैं।

दवा माफिया : ये सबसे खतरनाक है। अस्पताल में सरकारी दवाएं हमेशा "नहीं हैं" का बोर्ड लगा रहता है। मरीजों के परिजनों को मजबूरन बाहर की मेडिकल दुकानों से महंगी दवाएं खरीदनी पड़ती हैं, क्योंकि काउंटर पर दवाएं "खत्म" होती हैं।

ये खबर भी पढ़ें... छत्तीसगढ़ में मानसून से पहले भारी बारिश की चेतावनी

खाने की मात्रा में भी चोरी

कैंटीन में खाने की मात्रा में भी चोरी होती है। मरीजों को ना तो स्वादिष्ट, ना ही ताजा और ना ही पर्याप्त खाना मिलता है। कोई परिजन आवाज उठाए तो उसे चुप करा दिया जाता है। सामाजिक कार्यकर्ता और RTI वाले भी इस गंदगी में दखल देने से बचते हैं।

कांग्रेस सरकार के समय घुसे थे माफिया

पिछली भूपेश सरकार के समय से ये माफिया और उनके गुर्गे अस्पताल में जमे हुए हैं। नई सरकार में भी हालात जस के तस हैं। पार्किंग माफिया आज भी मरीजों के परिजनों से उलझता है। अगर यही हाल रहा तो लोग सरकारी अस्पतालों से मुंह मोड़ लेंगे। सरकार और प्रशासन को इस सिस्टम को तोड़ने के लिए सख्त कदम उठाने होंगे, नहीं तो मेकाहारा का बुरा हाल और बिगड़ेगा।



Hospital | trapped | Mafia

Tags:
  • छत्तीसगढ़
  • Chhattisgarh
  • Mafia
  • माफिया
  • Hospital
  • trapped
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता

By Sanjay Gupta, Sandeep Kumar

नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि

By Neel Tiwari

20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें

By Arun Tiwari

छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी

By Sandeep Kumar

मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी

By VINAY VERMA

IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं

By Ashish Bhardwaj

राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई

By Arun Tiwari

पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई