देश के 1400 नर्सिंग कॉलेज बिना मान्यता के, MP-CG राजस्थान के 350 शामिल

Arun Tiwari | Aug 17, 2026, 15:44 IST
Share
नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता रद्द
नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता रद्द

देशभर के 1,484 नर्सिंग कॉलेजों की INC मान्यता रद्द होने से हजारों छात्रों के भविष्य पर सवाल खड़े हो गए हैं। इनमें मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान के 357 कॉलेज शामिल हैं।

देश के कई राज्य Gen z के भविष्य से खेल रहे हैं। लाखों छात्रों के साथ धोखा किया जा रहा है। देश के डेढ़ हजार नर्सिंग कॉलेज बिना मान्यता के चल रहे हैं। इनमें 350 से ज्यादा मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान के नर्सिंग कॉलेज हैं।

इन कॉलेजों के पास INC यानी इंडियन नर्सिंग काउंसिल की मान्यता नहीं है। इसका असर ये होगा कि छात्र सिर्फ उन राज्यों में ही काम कर पाएंगे जहां पर ये पढ़ाई कर रहे हैं।

जिनको दूसरे राज्यों में मान्यता नहीं मिलेगी। हम आपको इन कॉलेजों की पूरी लिस्ट बताएंगे जो इंडियन नर्सिंग काउंसिल ने जारी की है।

बिना मान्यता के नर्सिंग कॉलेज:

देश के अलग-अलग राज्यों में बिना आईएनसी मान्यता के चल रहे नर्सिंग कॉलेजों की संख्या 1484 है। ये कॉलेज राज्य की नर्सिंग काउंसिल की मान्यता पर चल रहे हैं लेकिन इनको आईएनसी की मान्यता नहीं है।

आईएनसी की मान्यता न होने से छात्र उसी राज्य में काम कर पाएंगे जहां पर इनका कॉलेज संचालित है। उस राज्य के बाहर इनकी नर्सिंग डिग्री की मान्यता नहीं होगी यानी इनको काम नहीं मिलेगा।

एमपी, छत्तीसगढ़, राजस्थान की स्थिति:

मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान के 357 नर्सिंग कॉलेज आईएनसी की मान्यता के बिना चल रहे हैं। मध्य प्रदेश के 131, छत्तीसगढ़ के 42 और राजस्थान के 184 नर्सिंग कॉलेजों के पास ये मान्यता नहीं है।

यह सिर्फ राज्य की मान्यता के ही सहारे हैं। इनके पास आईएनसी की मान्यता इसलिए नहीं है क्योंकि ये निर्धारित मापदंड पूरा नहीं करते। इन कॉलेजों में हज़ारों छात्र पढ़ रहे हैं। ये छात्र इन राज्यों से बाहर अपनी सेवाएं नहीं दे पाएंगे।

देखिए एमपी के कॉलेजों के नाम







देखिए छत्तीसगढ़ के कॉलेजों के नाम-





देखिए राजस्थान के कॉलेजों के नाम-



नक्शा जमा नहीं करने पर कार्रवाई:

मामले में सबसे बड़ी वजह कॉलेजों द्वारा भवन का सत्यापित नक्शा जमा नहीं करना बताई गई है। चिकित्सा शिक्षा विभाग ने निजी नर्सिंग कॉलेजों से बिल्डिंग का सत्यापित नक्शा मांगा था। इसके बावजूद अधिकांश कॉलेजों ने निर्धारित समय में नक्शे जमा नहीं किए।

विभाग के मुताबिक कई कॉलेज तय मानकों के अनुरूप संचालित नहीं हो रहे थे। इसके बाद भी लंबे समय तक इन संस्थानों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गई।

अब आईएनसी ने एक्ट 1947 की धारा 14 के तहत कॉलेजों की मान्यता समाप्त कर दी है। इस फैसले के बाद सरकारी और निजी नर्सिंग कॉलेजों में हड़कंप की स्थिति है। आईएनसी ने देशभर में 1484 कॉलेजों में संचालित विभिन्न नर्सिंग पाठ्यक्रमों की मान्यता रद्द की है।

एक दो कमरों में चल रहे कॉलेज:

निजी कॉलेजों के लिए निर्धारित भवन संबंधी नियम भी कार्रवाई की प्रमुख वजहों में शामिल हैं। निजी कॉलेज तय मापदंडों के विपरीत संचालित हो रहे हैं। कई जगह एक-दो कमरों के किराए के भवन में ही कॉलेज चलाए जा रहे हैं।

आईएनसी के मानकों के अनुसार नर्सिंग कॉलेज के लिए करीब 23 हजार वर्गफीट क्षेत्र में भवन होना जरूरी है। इसके बावजूद कई संस्थान इस मानक को पूरा नहीं कर रहे हैं।

कॉलेजों के पास अपना अस्पताल होना भी ज़रूरी है। इन कॉलेजों के पास निर्धारित बिस्तर वाला अस्पताल नहीं है।

आईएनसी की ओर से पुराने मानकों के आधार पर कॉलेजों को नए सत्र में प्रवेश देने की अनुमति दिए जाने की संभावना भी जताई जा रही है। हालांकि, अंतिम निर्णय निरीक्षण और मान्यता संबंधी प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगा।



मान्यता रद्द होने से विद्यार्थियों पर असर:

कॉलेजों की मान्यता रद्द होने का सीधा असर वहां पढ़ रहे विद्यार्थियों पर पड़ सकता है। डिग्री और पंजीयन की वैधता को लेकर छात्रों में असमंजस की स्थिति बन गई है।

खासकर दूसरे राज्यों में नौकरी करने की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए यह फैसला बड़ी परेशानी खड़ी कर सकता है। नर्सिंग क्षेत्र में काम करने के लिए संबंधित राज्य की नर्सिंग काउंसिल में पंजीयन जरूरी होता है।

ऐसे में मान्यता रद्द किए गए कॉलेजों के विद्यार्थियों के लिए आगे की पढ़ाई, पंजीयन और रोजगार से जुड़े नियमों को लेकर स्थिति स्पष्ट होना जरूरी है।

ये खबरें भी पढ़ें...

छत्तीसगढ़ के 42 नर्सिंग कॉलेजों की मान्यता रद्द, जानिए पूरा मामला

एनएमसी मान्यता का जुगाड़ : मंजूरी मिलते ही नए मेडिकल कॉलेजों से 12 प्रोफेसर बाहर

नीरजा मोदी स्कूल की मान्यता रद्द करने के आदेश पर रोक, कोर्ट ने खामियां सुधारने के लिए दिया समय

नर्सिंग कॉलेजों में पुरुषों को भर्ती का रास्ता साफ, 100% महिला आरक्षण की शर्त हटी, ईसबी ने जारी किया विज्ञापन

Tags:
  • राजस्थान
  • inc
  • छत्तीसगढ़
  • मध्य प्रदेश
  • नर्सिंग कॉलेज
  • इंडियन नर्सिंग काउंसिल
मध्यप्रदेश में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, 11 जिलों के कलेक्टर बदले; CM मोहन यादव के कुनबे में भी बढ़ोतरी

By Sumit Kumar

मध्यप्रदेश में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल, 11 जिलों के कलेक्टर बदले; CM मोहन यादव के कुनबे में भी बढ़ोतरी
सरकार ने जारी की नई किराया दरें, साधारण से लेकर एसी और स्लीपर बसों तक यात्रियों की जेब पर पड़ेगा असर

By VINAY VERMA

सरकार ने जारी की नई किराया दरें, साधारण से लेकर एसी और स्लीपर बसों तक यात्रियों की जेब पर पड़ेगा असर
भजनलाल शर्मा की समीक्षा बैठक के बाद पुलिस महकमे में बड़ी कार्रवाई, 9 अफसरों पर गिरी गाज

By Ashish Bhardwaj

भजनलाल शर्मा की समीक्षा बैठक के बाद पुलिस महकमे में बड़ी कार्रवाई, 9 अफसरों पर गिरी गाज
Fire Safety Rules 2026: आग लगी तो जिम्मेदार कौन? MP में अब हर साल देना होगा भवनों की सुरक्षा का हिसाब

By Ramanand Tiwari

Fire Safety Rules 2026: आग लगी तो जिम्मेदार कौन? MP में अब हर साल देना होगा भवनों की सुरक्षा का हिसाब
पुलिस होती कौन है हमें रोकने वाली? AISF कार्यकर्ता श्रावणी का बड़ा आरोप, इटारसी हिरासत से हाईकोर्ट तक की पूरी कहानी

By Neel Tiwari

पुलिस होती कौन है हमें रोकने वाली? AISF कार्यकर्ता श्रावणी का बड़ा आरोप, इटारसी हिरासत से हाईकोर्ट तक की पूरी कहानी
CG Top News: CM हाउस के बाहर हंगामा, मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े का WhatsApp हैक, मंत्रालय में 162 कर्मचारियों के तबादले समेत पढ़े बड़ी खबरें

By Umeshwari Baghel

CG Top News: CM हाउस के बाहर हंगामा, मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े का WhatsApp हैक, मंत्रालय में 162 कर्मचारियों के तबादले समेत पढ़े बड़ी खबरें
Rajasthan Top News: जयपुर जिला परिषद चुनाव में भाजपा-कांग्रेस ने घोषित किए प्रत्याशी

By Ashish Bhardwaj

Rajasthan Top News: जयपुर जिला परिषद चुनाव में भाजपा-कांग्रेस ने घोषित किए प्रत्याशी