100 करोड़ का बजट, रायपुर में मच्छर पकड़ रहे लोग, सदन से लेकर सड़क तक चर्चा
VINAY VERMA | Dec 20, 2025, 18:26 IST
raipur-corporation-neglect-mosquito-problem-dengue-malaria-budget-issues the sootr
पिछले कई सालों से रायपुर में डेंगू और मलेरिया जैसी घातक बीमारियों से लोगों की मौत होने के बावजूद रायपुर नगर निगम सचेत नहीं हुआ है। इस कारण से लोग खुद मच्छर पकड़ रहे हैं।
Raipur. पिछले कई सालों से रायपुर में डेंगू और मलेरिया जैसी घातक बीमारियों से लोगों की मौत होने के बावजूद रायपुर नगर निगम सचेत नहीं हुआ है। इस कारण से लोग खुद मच्छर पकड़ रहे हैं। वामन राव लाखे वार्ड के निवासी दाउ लाल पटेल की अधिकारियों ने नहीं सुनी तो मच्छर को पकड़ नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी के पास पहुंच गए।
इधर महापौर मीनल चौबे ने भी जनसहयोग की अपेक्षा की है। जबकि निगम मे साफ-सफाई के लिए 100 करोड़ रुपए से अधिक का बजट है।
बीते दिनों छत्तीसगढ़ विधानसभा में भी प्रदेश के अप्रत्याशित लाइन की कटौती और मच्छर काटने का मामला सदन में उठ चुका है। इसपर मुख्यमंत्री तक को जवाब देना पड़ा था।
जिसके बाद लाइट कटने की समस्या तो दूर हुई लेकिन नगर निगम के अधिकारी लाइट नहीं जाने को ही बचाव मान बैठे। जिसके कारण से न तो खुद बचाव का इंतजाम किया और न ही लोगों की सुन रहे।
ये खबरें भी पढ़ें...
मच्छर बढ़े, पर अमला बूथों पर-भोपाल में स्वास्थ्य से बड़ी चिंता चुनाव की
मच्छरों के बदले मिलेंगे पैसे, इससे निपटने के लिए इस देश की अनोखी मुहिम, जानें वजह
रायपुर नगर निगम के अधिकारियेां ने बताया कि सालाना सफाई के लिए 100 करोड़ रुपए से भी अधिक का बजट है। इसके अलावा फागिंग और केमिकल ट्रीटमेंट के लिए निगम पैसे खर्च करती है। इधर रायपुर नगर निगम की महापौर नालियों को ढ़कवाने और शहर में जल्द फागिंग शुरु करवाने के लिए कहा है।
जवाब जानने के लिए नगर निगम की महापौर मीनल चौबे से संपर्क किया तो वे ये तो मानती हैं कि स्वच्छता के लिए निगम के पास करोड़ों का बजट है लेकिन इस तरह की स्थिति क्यों बन नहीं, इसका जवाब उनके पास नहीं है।
हालांकि वे अधिकारियों से सवाल-जवाब करने, रेग्यूलर नाली की सफाई, फागिंग, खुली नालियों को ढ़कवाने का आश्वासन जरुर दे रही हैं।
ये खबरें भी पढ़ें...
राजधानी में मच्छर भगाने आई एजेंसी भागी, अब ग्लोबल टेंडर होगा
CG NEWS | रायपुर नगर निगम में डेंगू का मच्छर लेकर पहुंचा था शख्स, क्या है पूरा मामला ?
दाउ लाल पटेल ने हमें बताया कि मच्छर के काटने से उनके परिवार के एक सदस्य की मौत भी चुकी है। लेकिन इस बार वे निगम की लापरवाही की भेट लोगों को नहंी चढ़ने देना चाहते। उन्होंने मच्छर पकड़कर पहले एक डॉक्टर से कंफर्म किया फिर निगम मुख्यालय लेकर पहुंचे।
अधिकारी अगर बात ही सुन लेते तो उन्होने नेता प्रतिपक्ष के पास जाने की जरुरत नहीं थी। इधर रायपुर नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी का कहना है कि रायपुर नगर निगम के अधिकारी पिछले कई सालों से स्वच्छ रायपुर, सुंदर रायपुर का सपना बेच रहे हैैं। लेकिन ऐसे वाकये से निगम के स्वच्छता की पोल खुल रही है।
इधर महापौर मीनल चौबे ने भी जनसहयोग की अपेक्षा की है। जबकि निगम मे साफ-सफाई के लिए 100 करोड़ रुपए से अधिक का बजट है।
सदन में भी हो चुकी है चर्चा
जिसके बाद लाइट कटने की समस्या तो दूर हुई लेकिन नगर निगम के अधिकारी लाइट नहीं जाने को ही बचाव मान बैठे। जिसके कारण से न तो खुद बचाव का इंतजाम किया और न ही लोगों की सुन रहे।
ये खबरें भी पढ़ें...
मच्छर बढ़े, पर अमला बूथों पर-भोपाल में स्वास्थ्य से बड़ी चिंता चुनाव की
मच्छरों के बदले मिलेंगे पैसे, इससे निपटने के लिए इस देश की अनोखी मुहिम, जानें वजह
100 करोड़ से अधिक का बजट
कार्यवाही और कार्रवाई का आश्वासन
हालांकि वे अधिकारियों से सवाल-जवाब करने, रेग्यूलर नाली की सफाई, फागिंग, खुली नालियों को ढ़कवाने का आश्वासन जरुर दे रही हैं।
ये खबरें भी पढ़ें...
राजधानी में मच्छर भगाने आई एजेंसी भागी, अब ग्लोबल टेंडर होगा
CG NEWS | रायपुर नगर निगम में डेंगू का मच्छर लेकर पहुंचा था शख्स, क्या है पूरा मामला ?
स्वच्छ और सुंदर रायपुर का सपना फेल
अधिकारी अगर बात ही सुन लेते तो उन्होने नेता प्रतिपक्ष के पास जाने की जरुरत नहीं थी। इधर रायपुर नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी का कहना है कि रायपुर नगर निगम के अधिकारी पिछले कई सालों से स्वच्छ रायपुर, सुंदर रायपुर का सपना बेच रहे हैैं। लेकिन ऐसे वाकये से निगम के स्वच्छता की पोल खुल रही है।
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava
UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज
By Sanjay Dhiman