टी संवर्ग के 1335 प्राचार्य पदों पर पोस्टिंग विवाद, हाईकोर्ट पहुंचे 11 व्याख्याता

Harrison Masih | Aug 18, 2025, 17:02 IST
Share
t-samvarg-1335-principal-posting-dispute-highcourt-case the sootr
t-samvarg-1335-principal-posting-dispute-highcourt-case the sootr

स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा जारी आदेश के बाद प्राचार्य पदों पर काउंसलिंग प्रक्रिया विवादों में घिर गई है। 491 पदों पर सीधे पोस्टिंग को लेकर शिक्षकों ने इसे भेदभाव बताया है और हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की है।

CG Principal Posting Dispute: छत्तीसगढ़ स्कूल शिक्षा विभाग में टी संवर्ग के 1335 पदों पर प्राचार्य (Principal) की पोस्टिंग को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। संचालक लोक शिक्षण (डीपीआई) द्वारा जारी काउंसलिंग आदेश को लेकर 11 व्याख्याताओं ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। शिक्षकों का आरोप है कि डीपीआई ने काउंसलिंग में दोहरा मापदंड अपनाया है और इससे शिक्षकों के साथ भेदभाव हो रहा है।

ये खबर भी पढ़ें...

स्कूल सचिव छुट्टी पर हैं, ट्राइबल स्कूलों के 1335 प्राचार्यो की पदस्थापना रुकी

क्यों उठा प्राचार्य पोस्टिंग पर विवाद?

स्कूल शिक्षा विभाग ने 30 अप्रैल 2025 को टी संवर्ग के 1335 व्याख्याता, व्याख्याता एल.बी. और प्रधान पाठक को प्राचार्य पद पर पदोन्नत किया था। प्रमोशन आदेश में स्पष्ट था कि सभी की पदस्थापना काउंसलिंग के जरिए होगी और इस प्रक्रिया की जिम्मेदारी डीपीआई को सौंपी गई थी।

लेकिन 14 अगस्त 2025 को डीपीआई द्वारा जारी सूचना में कहा गया कि केवल 845 पदों के लिए काउंसलिंग होगी, जबकि 491 पदों पर पदोन्नत शिक्षकों को उनके ही वर्तमान स्कूल में सीधे प्राचार्य पद पर पोस्टिंग दे दी जाएगी।

ये खबर भी पढ़ें...

1478 शिक्षकों को प्राचार्य पद पर पदोन्नति की उम्मीद... हाईकोर्ट ने सुरक्षित रखा फैसला

याचिकाकर्ताओं की आपत्ति

संजय बडेरा सहित 11 शिक्षकों ने अपनी याचिका में कहा: सभी 1335 शिक्षकों की पोस्टिंग काउंसलिंग से होनी चाहिए। 491 पदों को काउंसलिंग से बाहर रखना नियम विरुद्ध है और इससे प्रक्रिया दूषित हो जाएगी। डीपीआई ने व्याख्याता संवर्ग के साथ भेदभाव किया है। काउंसलिंग प्रक्रिया में व्याख्याता, व्याख्याता एल.बी. और प्रधान पाठक की आनुपातिक सूची 2:1:1 रखी गई है, जो व्याख्याताओं के साथ अन्याय है।

शिक्षकों की मांग

  • डीपीआई के आदेश को निरस्त किया जाए।
  • सभी 1335 पदोन्नत प्राचार्यों की पोस्टिंग काउंसलिंग से ही हो।
  • आनुपातिक सूची में संशोधन कर पहले 670 व्याख्याताओं की काउंसलिंग कराई जाए, उसके बाद एल.बी. व्याख्याता और प्रधान पाठक की।
ये खबर भी पढ़ें...

9 साल बाद 1262 व्याख्याताओं का प्रमोशन... बनेंगे प्राचार्य

क्या है टी संवर्ग प्राचार्य पोस्टिंग विवाद?

1. 1335 पदों पर प्रमोशन

स्कूल शिक्षा विभाग ने 30 अप्रैल 2025 को टी संवर्ग के 1335 शिक्षकों (व्याख्याता, व्याख्याता एल.बी. और प्रधान पाठक) को प्राचार्य पद पर पदोन्नत किया।

2. काउंसलिंग का आदेश

सरकार के निर्देशानुसार सभी की पदस्थापना काउंसलिंग के माध्यम से होनी थी और यह जिम्मेदारी डीपीआई को सौंपी गई।

3. 491 पदों पर सीधे पोस्टिंग

डीपीआई ने आदेश जारी कर केवल 845 पदों के लिए काउंसलिंग घोषित की, जबकि 491 शिक्षकों को उनके वर्तमान स्कूल में ही सीधे प्राचार्य पद पर पदस्थापित करने की बात कही।

4. भेदभाव का आरोप

शिक्षकों का आरोप है कि यह कदम नियमों के खिलाफ और भेदभावपूर्ण है। इससे पूरी प्रक्रिया दूषित हो जाएगी और व्याख्याता संवर्ग के साथ अन्याय होगा।

5. हाईकोर्ट में मामला

11 शिक्षकों ने डीपीआई के इस आदेश को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट में याचिका दायर की और मांग की कि सभी 1335 प्राचार्यों की पदस्थापना केवल काउंसलिंग से ही की जाए।

ये खबर भी पढ़ें...

छत्तीसगढ़ में 3576 स्कूलों में प्राचार्य के पद खाली, 75% स्कूल प्रभारी के भरोसे, पदोन्नति सूची अटकी

हाईकोर्ट में सुनवाई

याचिकाकर्ताओं का कहना है कि डीपीआई का यह कदम सरकारी आदेश और नियमों के खिलाफ है। अब मामला छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में पहुंच गया है, जहां अदालत तय करेगी कि प्राचार्यों की पदस्थापना प्रक्रिया किस प्रकार आगे बढ़ेगी।

FAQ

  1. टी संवर्ग के शिक्षकों की मुख्य मांग क्या है?
    शिक्षकों की मांग है कि सभी 1335 प्राचार्यों की पदस्थापना केवल काउंसलिंग प्रक्रिया से की जाए और नियम विरुद्ध सीधी पोस्टिंग को निरस्त किया जाए।
  2. छत्तीसगढ़ में प्राचार्य पोस्टिंग विवाद क्या है?
    यह विवाद टी संवर्ग के 1335 शिक्षकों की प्राचार्य पद पर पदस्थापना को लेकर है। शिक्षकों का कहना है कि सभी की पोस्टिंग काउंसलिंग से होनी चाहिए, लेकिन डीपीआई ने केवल 845 पदों के लिए काउंसलिंग तय की और 491 शिक्षकों को सीधे पोस्टिंग देने का निर्णय लिया।
  3. छत्तीसगढ़ में कितने शिक्षकों ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की है?
    रायगढ़ के संजय बडेरा सहित 11 शिक्षकों ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। उन्होंने डीपीआई पर दोहरा मापदंड अपनाने और भेदभाव करने का आरोप लगाया है।

thesootr links

दसूत्र की खबरें आपको कैसी लगती हैं? Google my Business पर हमें कमेंट केसाथ रिव्यू दें। कमेंट करने के लिए इसी लिंक पर क्लिक करें

अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩‍👦👨‍👩‍👧‍👧

Tags:
  • छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट
  • टी संवर्ग प्राचार्य पोस्टिंग
  • प्राचार्य पोस्टिंग विवाद
  • 1335 शिक्षकों की पोस्टिंग
  • CG Principal Posting Dispute
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा