मंदिर तोड़ने के आरोप निराधार, बार एसोसिएशन अध्यक्ष ने चिट्ठी लिखकर मांगी माफी

Ravi Singh | Jan 27, 2025, 16:43 IST
Share
Justice Suresh Kumar Kait
Justice Suresh Kumar Kait

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष बार एसोसिएशन अध्यक्ष धन्य कुमार जैन ने चीफ जस्टिस को लिखे पत्र में मंदिर तोड़ने के निराधार आरोपों पर खेद व्यक्त किया और माफी मांगी।

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष धन्य कुमार जैन ने चीफ जस्टिस सुरेश कुमार कैत को एक पत्र लिखकर अपने द्वारा लगाए गए आरोपों पर खेद जताया है। उनका दावा था कि चीफ जस्टिस के बंगले में स्थित हनुमान मंदिर को तोड़ा गया है। हालांकि, इस आरोप की जांच के बाद यह निराधार साबित हुआ।

क्या है पूरा मामला?

23 दिसंबर 2024 को बार एसोसिएशन अध्यक्ष धन्य कुमार जैन ने एक आवेदन पत्र के आधार पर आरोप लगाया था कि चीफ जस्टिस बंगले में हनुमान मंदिर तोड़ा गया है। यह आरोप अधिवक्ता रविंद्र नाथ त्रिपाठी द्वारा दिए गए आवेदन पर आधारित था। इस शिकायत के बाद लोक निर्माण विभाग (PWD) और हाईकोर्ट प्रशासन ने जांच की। जांच में पाया गया कि चीफ जस्टिस के बंगले में कभी कोई मंदिर था ही नहीं।

e3fee062-75c
e3fee062-75c


ये खबर भी पढ़ें...

मंदिर के मुद्दे पर तकरार, हाईकोर्ट और बार काउंसिल आमने-सामने आए

फूड सेफ्टी ऑफिसर की भर्ती में डिग्री में यह जरूरी, केवल अंग्रेजी में पेपर पर यह चल रहा

खेद व्यक्त करते हुए माफी मांगी

27 जनवरी 2025 को धन्य कुमार जैन ने अपना खेद प्रकट करते हुए एक पत्र जारी किया। इसमें उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका दावा निर्धारित तथ्यों पर आधारित नहीं था। उन्होंने लिखा कि भविष्य में इस तरह की स्थिति की पुनरावृत्ति नहीं होगी और अपने पहले भेजे गए आवेदन पर किसी कार्रवाई की मांग नहीं की।

जांच के परिणाम

PWD विभाग की रिपोर्ट: बंगले में मंदिर तोड़े जाने का कोई प्रमाण नहीं मिला। हाईकोर्ट प्रशासन का बयान: चीफ जस्टिस के बंगले में कभी कोई मंदिर मौजूद नहीं था।
ये खबर भी पढ़ें...

EWS आरक्षण मामले में सुप्रीम कोर्ट ऑर्डर के बाद भी क्या हाई कोर्ट में होगी सुनवाई

DJ को लेकर हाईकोर्ट ने एमपी सरकार को लगाई फटकार, कहा-नियमों का पालन जरूरी

मामले की सीख

इस घटना ने बार एसोसिएशन और न्यायपालिका के बीच पारस्परिक सम्मान की महत्ता को रेखांकित किया। बार एसोसिएशन अध्यक्ष का खेद जताना एक सकारात्मक कदम है जो भविष्य में ऐसी गलतफहमियों से बचने का मार्ग प्रशस्त करता है।

Tags:
  • एमपी हाईकोर्ट
  • मध्य प्रदेश
  • एमपी हिंदी न्यूज
  • स्टेट बार एसोसिएशन
  • जस्टिस सुरेश कुमार कैत
  • mandir controversy
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा