एमपी के संविदा कर्मचारियों को बड़ी राहत, 8 घंटे से अधिक काम पर रोक, वेतन को लेकर भी फैसला

Dablu Kumar | Sept 24, 2025, 14:21 IST
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samvida karmchari
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श्रम विभाग ने संविदा कर्मचारियों और आउटसोर्स कर्मियों को 8 घंटे से ज्यादा काम करने से रोकने के लिए नए निर्देश जारी किए हैं। अब विभागों को न्यूनतम वेतन देने की जिम्मेदारी भी उठानी होगी।

संविदा और आउटसोर्स कर्मचारियों के लिए श्रम विभाग की ओर से दो अहम फैसले लिए गए हैं। अब कोई भी सरकारी विभाग इन कर्मचारियों से आठ घंटे से ज्यादा काम नहीं करा पाएगा। साथ ही, उन्हें श्रम आयुक्त द्वारा निर्धारित न्यूनतम वेतन भी पूरा मिलेगा।

श्रम आयुक्त ने जारी किए निर्देश

इस संबंध में श्रम आयुक्त ने सभी विभागाध्यक्षों को निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों में न्यूनतम मजदूरी अधिनियम 1948, भुगतान अधिनियम 1936 और संविदा श्रम (विनियमन एवं उन्मूलन) अधिनियम 1970 का उल्लेख किया गया है।

मध्यप्रदेशश्रम आयुक्त ने यह भी कहा है कि हर महीने की 5 तारीख तक इस संबंध में मासिक रिपोर्ट भेजी जाए। इस फैसले से एक लाख से ज्यादा संविदा कर्मचारियों और 10 लाख से ज्यादा आउटसोर्स कर्मियों को राहत मिलेगी।

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संविदा कर्मचारियों को राहत वाली खबर एक नजर

  • श्रम विभाग ने संविदा कर्मचारियों को 8 घंटे से ज्यादा काम करने से रोकने के लिए नया आदेश जारी किया है।
  • सभी विभागों को कर्मचारियों को न्यूनतम वेतन देने का आदेश दिया गया है।
  • कर्मचारियों को साप्ताहिक अवकाश और अर्जित अवकाश की पात्रता होगी, जो पहले नहीं थी।
  • शिकायत के बाद कस्तूरबा गांधी विद्यालय और छात्रावास में 24 घंटे काम करने की समस्याओं को हल किया गया।
  • श्रम आयुक्त ने विभागों को हर महीने 5 तारीख तक रिपोर्ट भेजने का निर्देश दिया है।
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संविदा कर्मचारियों ने की थी शिकायत

मध्य प्रदेश संविदा कर्मचारी-अधिकारी महासंघ ने स्कूल शिक्षा विभाग के तहत कुछ संस्थानों में कर्मचारियों से 24 घंटे काम कराए जाने की शिकायत की है। शिकायत में विशेष रूप से मध्य प्रदेश शिक्षा केंद्र के अंतर्गत संचालित कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय और बालिका छात्रावासों की सहायक वार्डन का जिक्र किया गया है।



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बताया गया है कि इन कर्मचारियों से साल भर 24 घंटे काम लिया जाता है, और उन्हें साप्ताहिक या अर्जित अवकाश नहीं दिया जाता। यहां तक कि गर्मी की छुट्टियों में भी उन्हें छात्रावासों में ही रुकने के लिए कहा जाता है।

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नए आदेश के तहत क्या बदलाव होंगे?

  1. 8 घंटे काम का नियम
    अब सभी विभागों को आदेश दिया गया है कि वे संविदा कर्मचारियों से निर्धारित समय से अधिक काम न लें। यह बदलाव कर्मचारी के कार्य घंटे को सीमित करेगा और उनकी कामकाजी परिस्थितियों में सुधार लाएगा।
  2. न्यूनतम वेतन का पालन
    श्रम विभाग ने आदेश दिया है कि कर्मचारियों को न्यूनतम वेतन का पूरा भुगतान किया जाए। इस आदेश के तहत विभागों को यह सुनिश्चित करना होगा कि संविदा कर्मचारियों के वेतन में कोई कमी न हो।
  3. रिपोर्टिंग प्रणाली
    हर महीने के 5 तारीख तक विभागों को श्रम आयुक्त को मासिक रिपोर्ट भेजनी होगी। इसमें यह बताया जाएगा कि विभाग ने नए नियमों का पालन किया है या नहीं।

FAQ

  1. श्रम विभाग के नए आदेश का क्या उद्देश्य है?
    श्रम विभाग के नए आदेश का उद्देश्य संविदा कर्मचारियों के कार्य घंटे को सीमित करना और उन्हें उनका हक, जैसे न्यूनतम वेतन और अवकाश, सुनिश्चित करना है। अब कोई भी विभाग संविदा कर्मचारियों से 8 घंटे से ज्यादा काम नहीं ले सकेगा।
  2. संविदा कर्मचारियों को क्या-क्या अधिकार मिलेंगे?
    संविदा कर्मचारियों को अब न्यूनतम वेतन, साप्ताहिक अवकाश, अर्जित अवकाश और अन्य लाभ दिए जाएंगे। इसके अलावा, उन्हें 8 घंटे से ज्यादा काम करने की मजबूरी नहीं होगी।
  3. यदि कोई विभाग आदेश का पालन नहीं करता है तो क्या होगा?
    यदि कोई विभाग श्रम आयुक्त के आदेशों का पालन नहीं करता है, तो उसे कानूनी कार्यवाही का सामना करना पड़ सकता है। श्रम आयुक्त ने यह सुनिश्चित किया है कि सभी विभाग हर महीने रिपोर्ट भेजे और आदेशों का पालन सुनिश्चित करें।


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