QR कोड स्कैन कर दें पुलिस के व्यवहार का फीडबैक, इसी आधार पर होंगे तबादले
Jitendra Shrivastava | May 23, 2025, 20:25 IST
Photograph: (THESOOTR)
पुलिस के व्यवहार और कार्यशैली पर जनता की राय जानने के लिए QR कोड आधारित फीडबैक सिस्टम शुरू, इससे फील्ड अफसरों के तबादले में भी मदद मिलेगी। आम जनता सीधे अपने अनुभव पुलिस मुख्यालय तक पहुंचा सकेगी।
पुलिस की कार्यशैली में सुधार के लिए मध्य प्रदेश पुलिस मुख्यालय ने एक नई पहल शुरू की है। अब प्रदेशभर के थानों में QR कोड लगाए जाएंगे, जिनके माध्यम से आम जनता सीधे अपने अनुभव, शिकायतें और सुझाव पुलिस मुख्यालय तक पहुंचा सकेगी।
यह व्यवस्था जनता की बातों को गंभीरता से सुनने और पुलिस सेवाओं को बेहतर बनाने के उद्देश्य से लागू की गई है। QR कोड स्कैन करके लोग अपनी शिकायतों के साथ-साथ पुलिस के व्यवहार और थाने की व्यवस्थाओं पर भी फीडबैक दे सकेंगे।
पिछले समय में पुलिस के रवैये को लेकर कई शिकायतें सामने आई हैं, जैसे-
ये खबरें भी पढ़ें...
असदुद्दीन ओवैसी ने दिया विधायक आरिफ मसूद को जवाब, 'दुनिया में ऐसा कोई माई का लाल नहीं...'
EPFO ने बदला PF ट्रांसफर नियम : नौकरी बदलते ही होगा पैसा आसानी से ट्रांसफर
हर थाने के बाहर QR कोड लगाए जाएंगे जिन्हें आप अपने मोबाइल से स्कैन कर सकेंगे। स्कैन करते ही आपके सामने एक फॉर्म खुलेगा जिसमें आप निम्नलिखित जानकारियां भरेंगे-
ये खबरें भी पढ़ें...
सरकार का बड़ा फैसला : इन मोबाइल नंबरों पर अब UPI ट्रांजैक्शन बंद! जानिए वजह
WhatsApp पर फोटो, कॉल पर डील...घर मालकिन ही चला रही थी जिस्म का कारोबार
न सिर्फ फीडबैक, बल्कि जनता की राय को फील्ड अफसरों के तबादले के लिए भी इस्तेमाल किया जाएगा। पुलिस मुख्यालय अब तबादला सूची तैयार करते समय इस फीडबैक को गंभीरता से लेगा, जिससे बेहतर और जवाबदेह पुलिसिंग को बढ़ावा मिलेगा।
यह व्यवस्था पुलिस कर्मियों की कार्यशैली को सुधारने में सहायक होगी और गलतफहमियों से बचाएगी।
मध्य प्रदेश पुलिस ने इस पहल का पायलट प्रोजेक्ट देवास जिले से शुरू किया है। यहां के सभी 21 थानों में QR कोड लगाए गए हैं। जनता इन कोड्स से फीडबैक देकर सीधे एसपी तक अपनी शिकायत और राय भेज रही है।
इसके अलावा, वल्लभ भवन भोपाल से कॉलर फीडबैक सर्वे भी चलाया जा रहा है, जिसमें जनता आठ सवालों के माध्यम से पुलिस की कार्यशैली का आकलन करती है।
मप्र पुलिस | पुलिस थाने | पुलिस सुधार
यह व्यवस्था जनता की बातों को गंभीरता से सुनने और पुलिस सेवाओं को बेहतर बनाने के उद्देश्य से लागू की गई है। QR कोड स्कैन करके लोग अपनी शिकायतों के साथ-साथ पुलिस के व्यवहार और थाने की व्यवस्थाओं पर भी फीडबैक दे सकेंगे।
क्यों जरूरी है पुलिस कार्यशैली का फीडबैक?
- पुलिस कर्मचारियों का अमर्यादित व्यवहार।
- पुराने मामलों की धीमी या लापरवाही भरी जांच।
- झूठे मुकदमों में फंसाने की शिकायतें।
- थानों में सुविधाओं की कमी।
ये खबरें भी पढ़ें...
असदुद्दीन ओवैसी ने दिया विधायक आरिफ मसूद को जवाब, 'दुनिया में ऐसा कोई माई का लाल नहीं...'
EPFO ने बदला PF ट्रांसफर नियम : नौकरी बदलते ही होगा पैसा आसानी से ट्रांसफर
QR कोड स्कैन कर दें फीडबैक
- आपका नाम और मोबाइल नंबर
- थाने में आने का कारण
- पुलिस का व्यवहार कैसा था
- थाने की साफ-सफाई, पेयजल, शौचालय जैसी सुविधाएं कैसी थीं
- आपके मामले की प्रगति या लंबित स्थिति
- आपके मामले की प्रगति क्या है?
- क्या आपको पुलिस से संतोषजनक सेवा मिली?
- कोई सुझाव या शिकायत जो आप साझा करना चाहते हैं?
ये खबरें भी पढ़ें...
सरकार का बड़ा फैसला : इन मोबाइल नंबरों पर अब UPI ट्रांजैक्शन बंद! जानिए वजह
WhatsApp पर फोटो, कॉल पर डील...घर मालकिन ही चला रही थी जिस्म का कारोबार
फील्ड अफसरों की तबादला सूची में जनता की भूमिका
यह व्यवस्था पुलिस कर्मियों की कार्यशैली को सुधारने में सहायक होगी और गलतफहमियों से बचाएगी।
देवास में पायलट प्रोजेक्ट: ऐसे हुई शुरुआत
इसके अलावा, वल्लभ भवन भोपाल से कॉलर फीडबैक सर्वे भी चलाया जा रहा है, जिसमें जनता आठ सवालों के माध्यम से पुलिस की कार्यशैली का आकलन करती है।
मप्र पुलिस | पुलिस थाने | पुलिस सुधार
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava
UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज
By Sanjay Dhiman
अस्पताल का लैब बोतलों में भ्रूण : कोरबा के लाइफ केयर हॉस्पिटल में कौन सा खेल? कोर्ट को भी नहीं मिला जवाब
By Umeshwari Baghel
RCA चुनाव में बड़ा उलटफेर, राजेंद्र राठौड़ के बेटे पराक्रम सिंह ने छोड़ा मैदान
By Ashish Bhardwaj
वेदांता ग्रुप को जल्द नया और युवा नेतृत्व मिलेगा: प्रिया अग्रवाल हेब्बर हो सकती हैं उत्तराधिकारी, कौन सी जिम्मेदारी मिलेगी?
By Arohi Raj
हाईकोर्ट की फटकार से जागा स्वास्थ्य विभाग: सचिव अमित कटारिया पर लगा जुर्माना, लापरवाही में कांकेर CMHO सस्पेंड
By Umeshwari Baghel
बंटी नागर सुसाइड केस: रियल एस्टेट कारोबारी की मौत पर तीन महिलाएं पुलिस के राडार पर
By Sanjay Gupta