पिपलोदी स्कूल हादसा जांच रिपोर्ट में लापरवाही उजागर, 12 पर एक्शन
Jageshwar prasad | Jul 24, 2026, 14:01 IST
पिपलोदी स्कूल हादसा, 1 साल बाद 12 अफसर-शिक्षकों पर कार्रवाई, वेतन वृद्धि रोकी
राजस्थान में झालावाड़ के पिपलोदी स्कूल हादसे के 1 साल बाद जांच रिपोर्ट के आधार पर बड़ा एक्शन हुआ है। 7 अधिकारियों और 5 शिक्षकों की वेतन वृद्धि रोकी गई है।
समझें क्या है पूरा मामला
- पिपलोदी स्कूल हादसे के 1 साल बाद बड़ा एक्शन, 12 पर गाज।
- 7 मासूमों की मौत के जिम्मेदार 7 अफसरों की सैलरी रुकी।
- जर्जर स्कूल पर हुई लापरवाही, 5 शिक्षकों के भी इंक्रीमेंट रोके।
- अब किसान के घर चल रहा स्कूल, 90 बच्चे ले रहे शिक्षा।
जर्जर भवन की सुध न लेने से दीवार ढह गई थी। इस हादसे में 7 बच्चों की मौत हो गई थी और 21 बच्चे घायल हुए थे। अब विभाग ने 7 अफसरों और 5 शिक्षकों की वेतन वृद्धि रोक दी है।
पिपलोदी हादसे के जिम्मेदारों पर कार्रवाई
विभाग ने झालावाड़ में पदस्थापित रहे 7 अधिकारियों और 5 शिक्षकों को दोषी माना है। इन सभी की वेतन वृद्धि (इंक्रीमेंट) रोकने के आदेश जारी किए गए हैं।
हादसे के बाद संविदा जेईएन (Junior Engineer) पारस कुमार गुप्ता को बर्खास्त किया जा चुका था। 25 जुलाई को स्कूल की दीवार गिरने से 7 मासूम बच्चों की जान चली गई थी। हादसे में 21 बच्चे गंभीर रूप से घायल भी हुए थे।
अफसरों और शिक्षकों ने बरती लापरवाही
डीईओ (District Education Officer) मुख्यालय नरसो मीणा के 3 इंक्रीमेंट रोके गए हैं। सीडीईओ (CDEO) रामसिंह मीणा और एडीईओ (ADEO) हंसराज मीणा के 2-2 इंक्रीमेंट रोके गए।
पीईईओ (PEEO) राधेश्याम मीणा, कार्यवाहक पीईईओ प्रभुलाल कारपेंटर, एईएन (AEN) कैलाशचंद पाटोदिया और सीबीईओ (CBEO) प्रमोद कुमार के 2-2 इंक्रीमेंट रोके गए हैं।
एडीपीसी (ADPC) कल्याणमल वर्मा का 1 इंक्रीमेंट रोका गया है। शिक्षक मीना गर्ग, जावेद अहमद, रामविलास, कन्हैयालाल सुमन और बद्रीलाल लोधा के भी 2-2 इंक्रीमेंट रोके गए हैं। इन्होंने समय रहते जर्जर भवन की सूचना उच्च अधिकारियों को नहीं दी थी।
लंबे समय से जर्जर था स्कूल भवन
पानी निकासी के पाइप टूटे हुए थे। दीवार बिना प्लास्टर की ईंट और मिट्टी से बनी थी। लगातार पानी के रिसाव के कारण दीवार की नींव कमजोर हो गई थी।
इसके बावजूद किसी भी जिम्मेदार अधिकारी ने भवन का निरीक्षण नहीं किया। न ही इसकी मरम्मत के लिए कोई कदम उठाया गया।
किसान के घर में पढ़ रहे 90 बच्चे
भवन में आरसीसी (RCC – Reinforced Cement Concrete) सहित कई निर्माण कार्य अभी भी बाकी हैं। नए सत्र की शुरुआत हो चुकी है, लेकिन बच्चों के पास बैठने की जगह नहीं है।
ऐसे में गांव के किसान मोरसिंह ने इंसानियत की मिसाल पेश की है। उन्होंने अपना घर बच्चों की पढ़ाई के लिए दे दिया है। फिलहाल इसी घर में 90 से अधिक बच्चे निशुल्क पढ़ाई कर रहे हैं।
ये भी पढ़ें:-
झालावाड़ स्कूल हादसा : पीड़ित परिवारों की दो माताओं को मिलेगा मातृत्व सुख, वसुंधरा राजे ने की मदद
झालावाड़ स्कूल हादसा: नासा ने अंतरिक्ष में गृह को दिया 'प्रमिश्का' नाम, मृत बच्चों को कर दिया अमर
पिपलोदी स्कूल हादसा पीड़ितों संग आए नरेश मीणा, आमरण अनशन पर बैठे
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari