राजस्थान में मानसून एक सप्ताह और रहेगा सुस्त, 15 अगस्त के बाद झमाझम की उम्मीद, जानें मौसम का पूरा हाल

Nitin Kumar Bhal | Aug 08, 2025, 12:55 IST
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Photograph: (The Sootr)

राजस्थान में मानसून की सुस्ती अगले कुछ दिनों तक बनी रहेगी। 15 अगस्त के बाद तेज बारिश के दौर की संभावना है। जानें प्रदेशभर में मौसम का पूर्वानुमान।

राजस्थान (Rajasthan) में 2025 के मानसून (Mansoon) सीजन में कुछ असामान्य बदलाव देखने को मिल रहे हैं। राज्य में मानसून के कमजोर पड़ने के कारण अगले कुछ दिनों तक बारिश की गतिविधियाँ कम रहने की संभावना है। जयपुर स्थित मौसम केंद्र के अधिकारियों के अनुसार, आगामी सप्ताह के लिए मानसून की गतिविधियाँ कमजोर रहेंगी, और 15 अगस्त के बाद मानसून फिर से सक्रिय हो सकता है। इस लेख में हम राजस्थान के मानसून से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा करेंगे और आगामी मौसम का पूर्वानुमान करेंगे।

राजस्थान मानसून ट्रफ की स्थिति

मौसम केन्द्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि मानसून ट्रफ लाइन (Monsoon Turf Line) वर्तमान में फिरोजपुर, चंडीगढ़ होते हुए हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड से होकर गुजर रही है। यह ट्रफ लाइन उत्तर दिशा की ओर शिफ्ट हो गई है, जो सामान्यत: दक्षिणी दिशा में रहती है। इस स्थिति के कारण राजस्थान में मानसून की गतिविधियाँ काफी सुस्त हो गई हैं। यह ट्रफ लाइन कुछ समय तक इस स्थिति में बनी रह सकती है, जिससे अगले कुछ दिनों तक प्रदेश में बारिश की गतिविधियाँ कम रहेंगी।

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मानसून ट्रफ का क्या प्रभाव पड़ता है?

मानसून ट्रफ एक ऐसी जगह होती है जहां वायु दबाव का अंतर होता है, और इसे मानसून की बारिश से जोड़कर देखा जाता है। जब ट्रफ लाइन अपनी सामान्य स्थिति से हट जाती है, तो यह बारिश की गतिविधियों को प्रभावित करता है, और इससे बारिश का स्तर कम हो सकता है।

मानसून ट्रफ लाइन क्या है?

मानसून ट्रफ लाइन (Monsoon Trough Line)वायुमंडल में एक बेहिसाब दबाव प्रणाली होती है, जो मानसून की दिशा और ताकत को नियंत्रित करती है। यह ट्रफ मानसून के दौरान भारत के उत्तरी हिस्सों में बनती है और मानसून की बारिश वितरण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। जब यह ट्रफ सामान्य स्थिति से हट जाती है, तो बारिश में कमी या बदलाव हो सकता है।



राजस्थान में आगामी सप्ताह का मौसम पूर्वानुमान

मौसम केन्द्र जयपुर के अनुसार, आगामी सप्ताह में राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में मानसून की गतिविधियाँ कमजोर रहेंगी। 9 से 11 अगस्त तक, पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है। हालांकि, पश्चिमी राजस्थान के इलाके जैसे जोधपुर, उदयपुर, अजमेर, और बीकानेर संभाग के क्षेत्रों में बारिश की संभावना बहुत कम है।

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9 से 11 अगस्त तक राजस्थान में ऐसा रहेगा मौसम


पूर्वी राजस्थान: हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।

पश्चिमी राजस्थान: जोधपुर, उदयपुर, अजमेर और बीकानेर में बारिश की संभावना कम है।

इस समय, राजस्थान में मौसम शुष्क रहेगा, और सूर्य की तीव्रता बढ़ सकती है।

राजस्थान में मौसम की शुष्कता और बढ़ती गर्मी

राजस्थान में मानसून की सुस्ती के बाद, मौसम शुष्क हो गया है और गर्मी बढ़ने लगी है। पिछले 24 घंटों के दौरान, राज्य के विभिन्न हिस्सों में मौसम साफ रहा। जयपुर, अजमेर, कोटा, बीकानेर, और जोधपुर संभाग के अधिकतर जिलों में धूप रही, जबकि भरतपुर संभाग में हल्के बादल रहे। भरतपुर के डीग एरिया में हल्की बारिश भी हुई, जहां 20 मिमी तक बारिश दर्ज की गई।

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राजस्थान के विभिन्न क्षेत्रों में तापमान

राजस्थान में बढ़ती गर्मी के कारण तापमान में भी बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। गुरुवार को राज्य में दिन का अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस तक पहुँच गया। श्रीगंगानगर में अधिकतम तापमान 38.2 डिग्री सेल्सियस रहा। यह तापमान बढ़ने का कारण मानसून की गतिविधियों का कमजोर होना और बारिश का दौर रुकना है, जिससे वातावरण में आर्द्रता कम हो रही है और गर्मी में वृद्धि हो रही है।

15 अगस्त के बाद बारिश में वृद्धि की संभावना

मौसम केन्द्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा का कहना है कि 15 अगस्त के बाद मानसून फिर से सक्रिय हो सकता है। वे बताते हैं कि मानसून ट्रफ का दक्षिणी दिशा में शिफ्ट होना और पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के प्रभाव से राजस्थान के कुछ हिस्सों में तेज बारिश हो सकती है। इसके साथ ही, राज्य के कुछ हिस्सों में भारी बारिश का दौर भी शुरू हो सकता है, जिससे जलस्तर में सुधार हो सकता है और किसानों के लिए फायदेमंद हो सकता है।

मानसून का कृषि पर प्रभाव

मानसून का असर राजस्थान की कृषि पर भी पड़ता है, खासकर उन क्षेत्रों में जहां खेती पानी पर निर्भर है। इस बार बारिश की सुस्ती के कारण, किसानों को फसलों के लिए पर्याप्त पानी नहीं मिल पा रहा है। हालांकि, 15 अगस्त के बाद मानसून का फिर से सक्रिय होना फसलों के लिए लाभकारी हो सकता है।

FAQ

  1. 1. राजस्थान में इस साल मानसून की स्थिति कैसी है?
    राजस्थान में मानसून कमजोर है और अगले सप्ताह भी बारिश सुस्त रहने के आसार हैं। 15 अगस्त के बाद बारिश का दौर फिर सक्रिय हो सकता है।
  2. 2. मानसून ट्रफ लाइन का मानसून पर क्या प्रभाव होता है?
    मानसून ट्रफ लाइन मानसून की दिशा और ताकत को प्रभावित करती है। इसकी स्थिति सामान्य से हटने पर बारिश में कमी आती है।
  3. 3. राजस्थान के किन क्षेत्रों में बारिश की संभावना ज्यादा है?
    9 से 11 अगस्त के बीच पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है जबकि पश्चिमी इलाकों में न्यूनतम बारिश होगी।
  4. 4. बारिश कम होने से किसान और आम जनता को क्या नुकसान हो सकता है?
    बारिश कम होने से कृषि प्रभावित होती है जिससे फसल खराबी, जल संकट, और गर्मी बढ़ सकती है।
  5. 5. मानसून सुस्ती के कारण तापमान में क्या प्रभाव पड़ा है?
    बारिश के अभाव में तापमान बढ़ गया है, जो स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकता है।
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