सुरक्षित करियर छोड़कर चुनी सिविल सेवा की राह और AIR-2 से बनीं आईएएस जागृति अवस्थी
Abhilasha Saksena Chakraborty | Feb 16, 2026, 17:23 IST
IAS jagrati Awasthi
भोपाल की जागृति अवस्थी ने भेल की नौकरी छोड़कर UPSC की तैयारी की। पहले प्रयास में प्रीलिम्स भी क्लियर नहीं कर पाईं, लेकिन हिम्मत नहीं हारी और दूसरे प्रयास में दूसरी रैंक हासिल कर IAS बनीं।
इंजीनियरिंग की डिग्री लेने वाले अधिकतर युवाओं का सपना एक सुरक्षित नौकरी हासिल करना होता है। हालांकि कुछ लोग जोखिम उठाकर जीवन की नई संभावनाओं की तलाश करते हैं। भोपाल की जागृति अवस्थी भी उन्हीं में से एक हैं। जागृति ने BHEL की प्रतिष्ठित नौकरी छोड़कर अपने भीतर की आवाज सुनी और सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी शुरू की। उन्होंने दूसरे ही प्रयास में ऑल इंडिया रैंक-2 हासिल कर इतिहास रच दिया।
नौकरी छोड़ की
आईएएस जागृति अवस्थी मूल रूप से भोपाल की रहने वाली हैं। उनके पिता डॉ. एससी अवस्थी होम्योपैथिक डॉक्टर, मां शिक्षिका और छोटा भाई डॉक्टर है। पढ़ाई में शुरू से ही मेधावी रहीं जागृति ने अपनी स्कूली शिक्षा महर्षि विद्या मंदिर से पूरी की। इसके बाद उन्होंने भोपाल स्थित मौलाना आजाद नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (MANIT) से इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग की पढ़ाई की। इसके बाद उन्होंने भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (भेल), भोपाल में नौकरी हासिल कर ली।
आमतौर पर यही वह पड़ाव होता है, जहां अधिकतर लोग ठहर जाते हैं। लेकिन जागृति के मन में प्रशासनिक सेवा का सपना पहले से था। आर्थिक स्थिरता के लिए उन्होंने नौकरी जॉइन की थी। दो साल बाद तय कर लिया कि अब पूरा ध्यान अपने लक्ष्य पर ही देना है और उन्होंने नौकरी छोड़ दी।
ये भी पढ़ें:
कंफर्ट जोन छोड़कर की कड़ी मेहनत, हासिल की वर्दी और बने आईपीएस आदित्य मिश्रा
जागृति अवस्थी ने दिल्ली जाकर तैयारी शुरू की, लेकिन 2020 के कोविड लॉकडाउन ने उनकी योजना बदल दी। उन्हें भोपाल लौटकर ऑन- लाइन पढ़ाई जारी रखनी पड़ी। पहले प्रयास में वे प्रारंभिक परीक्षा भी पास नहीं कर सकीं। यही वह मोड़ था, जहां कई अभ्यर्थी हार मान लेते हैं। लेकिन जागृति ने असफलता को फीडबैक की तरह लिया। उन्होंने समझा कि पढ़ाई तो बहुत हो रही थी, पर व्यवस्थित नहीं थी।
दूसरे प्रयास के लिए उन्होंने पूरी रणनीति बदल दी। उनकी मां ने उन्हें एक खास सलाह दी अंग्रेजों की डिवाइड एंड रूल पॉलिसी की तरह तुम यूपीएससी के सिलेबस को छोटे-छोटे हिस्सों में बांटो और हर हिस्से पर मजबूत पकड़ बनाओ। यहीं से उनकी तैयारी का नया चरण शुरू हुआ। उन्होंने सिलेबस के टॉपिक्स बांटे। सबके नोट्स बनाए और टारगेट तय करके पढ़ाई शुरू की।
![d4ada919-eae]()
ये भी पढ़ें:
बीहड़ों की धरती से उड़ान भरकर सपनों को सच किया और बने आईएएस श्यामवीर सिंह नरवरिया
जागृति बताती हैं कि तैयारी के दौरान घर का माहौल पूरी तरह पढ़ाई के अनुकूल था। घर में टीवी तक नहीं चलता था और माता-पिता फोन पर ही जरूरी खबरें देख लेते थे। कई बार उन्हें लगा कि नौकरी छोड़ना गलती थी, लेकिन उन्होंने पीछे मुड़कर नहीं देखा। माता-पिता ने सिर्फ एक बात कही, तुम अपना 100 प्रतिशत दो, बाकी हम संभाल लेंगे। यही भरोसा उनकी सबसे बड़ी ताकत बना।
![1912f040-c77]()
ये भी पढ़ें:
एमपी के दो IAS अधिकारी जॉइंट सेक्रेटरी के लिए इंपेनल, केंद्र ने 24 अधिकारियों को चुना
जागृति का मानना है कि तैयारी केवल किताबों तक सीमित नहीं होनी चाहिए। खाली समय में उन्हें पब्लिक स्पीकिंग, कुकिंग और संगीत पसंद है। वह हेल्दी कुकिंग को तनाव कम करने का अच्छा तरीका मानती हैं।
ये भी पढ़ें:
आईएएस अवि प्रसाद ने की तीसरी शादी, तीनों बार जीवनसाथी भी आईएएस ही मिलीं, दो हैं अभी कलेक्टर
आईएएस जागृति अवस्थी की शादी आईपीएस गौरव पांडे के साथ हुई है। गौरव इस समय मोरवा एसडीओपी के रूप में कार्यरत हैं।
![17c676e1-13a]()
IAS Jagrati Awasthi वर्तमान में उत्तरप्रदेश के सोनभद्र में चीफ डेवलपमेंट ऑफिसर (सीडीओ) के पद पर कार्यरत हैं।
नौकरी छोड़ की यूपीएससी की तैयारी
आमतौर पर यही वह पड़ाव होता है, जहां अधिकतर लोग ठहर जाते हैं। लेकिन जागृति के मन में प्रशासनिक सेवा का सपना पहले से था। आर्थिक स्थिरता के लिए उन्होंने नौकरी जॉइन की थी। दो साल बाद तय कर लिया कि अब पूरा ध्यान अपने लक्ष्य पर ही देना है और उन्होंने नौकरी छोड़ दी।
ये भी पढ़ें:
कंफर्ट जोन छोड़कर की कड़ी मेहनत, हासिल की वर्दी और बने आईपीएस आदित्य मिश्रा
पहले प्रयास में प्रीलिम्स भी नहीं हुआ क्लियर
बदली रणनीति, बदला परिणाम
d4ada919-eae
ये भी पढ़ें:
बीहड़ों की धरती से उड़ान भरकर सपनों को सच किया और बने आईएएस श्यामवीर सिंह नरवरिया
आईएएस जागृति अवस्थी की तैयारी के प्रमुख सूत्र
- रोज 8–10 घंटे केंद्रित पढ़ाई
- नियमित मॉक टेस्ट
- बार-बार रिवीजन
- सुबह याद करने वाले विषय, दिन में विश्लेषणात्मक विषय
- सोशल मीडिया से दूरी
- इंटरनेट का सीमित और उपयोगी प्रयोग
- इंटरव्यू के लिए समसामयिक घटनाओं पर मजबूत पकड़
- रटने की बजाय समझ विकसित करने पर जोरउन्होंने महसूस किया कि जानकारी जमा करना काफी नहीं, उसे व्यवस्थित करना ही सफलता की असली कुंजी है।
घर में टीवी तक नहीं चलता था
1912f040-c77
ये भी पढ़ें:
एमपी के दो IAS अधिकारी जॉइंट सेक्रेटरी के लिए इंपेनल, केंद्र ने 24 अधिकारियों को चुना
कुकिंग की हैं शौकीन
ये भी पढ़ें:
आईएएस अवि प्रसाद ने की तीसरी शादी, तीनों बार जीवनसाथी भी आईएएस ही मिलीं, दो हैं अभी कलेक्टर
पति हैं आईपीएस अधिकारी
17c676e1-13a
करियर एक नजर
- नाम: जागृति अवस्थी
- जन्म: 14-10-1997
- जन्मस्थान: भोपाल
- एजुकेशन: बीटेक
- बैच: 2021
- कैडर: उत्तर प्रदेश
पदस्थापना
Social Accounts of IAS Jagrati Awasthi
| प्लेटफॉर्म | लिंक |
|---|---|
| X (Twitter) | https://x.com/iasjagrati?lang=en |
| https://www.instagram.com/jagrati_awasthi14/?hl=en |
FAQ
- जागृति अवस्थी ने UPSC में कौन-सी रैंक हासिल की थी?
जागृति अवस्थी ने सिविल सेवा परीक्षा में दूसरे प्रयास में ऑल इंडिया रैंक-2 हासिल की थी। - वर्तमान में जागृति अवस्थी किस पद पर कार्यरत हैं?
वह उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले में चीफ डेवलपमेंट ऑफिसर (CDO) के पद पर कार्यरत हैं। - उनकी तैयारी की सबसे खास रणनीति क्या थी?
सीमित सोशल मीडिया, रोज 8–10 घंटे पढ़ाई, टॉपिक-वाइज नोट्स, करंट अफेयर्स पर मजबूत पकड़ और रटने की बजाय समझ पर जोर उनकी प्रमुख रणनीति रही।
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava
UPI एमडीआर पर सुप्रीम कोर्ट का रोक से इनकार: 15 अक्टूबर से दुकानदारों को देना होगा 0.4 फीसदी चार्ज
By Sanjay Dhiman
अस्पताल का लैब बोतलों में भ्रूण : कोरबा के लाइफ केयर हॉस्पिटल में कौन सा खेल? कोर्ट को भी नहीं मिला जवाब
By VINAY VERMA
RCA चुनाव में बड़ा उलटफेर, राजेंद्र राठौड़ के बेटे पराक्रम सिंह ने छोड़ा मैदान
By Ashish Bhardwaj
वेदांता ग्रुप को जल्द नया और युवा नेतृत्व मिलेगा: प्रिया अग्रवाल हेब्बर हो सकती हैं उत्तराधिकारी, कौन सी जिम्मेदारी मिलेगी?
By Arohi Raj
हाईकोर्ट की फटकार से जागा स्वास्थ्य विभाग: सचिव अमित कटारिया पर लगा जुर्माना, लापरवाही में कांकेर CMHO सस्पेंड
By Umeshwari Baghel