छत्तीसगढ़ में हाथियों के हमले रोकेंगे AI कैमरे और सोलर हैंगिंग फेंसिंग, जानें कैसे काम करेगी यह तकनीक

Harrison Masih | Apr 15, 2026, 16:16 IST
Share
cg-ai-cameras-elephant-attack-prevention-solar-fencing
cg-ai-cameras-elephant-attack-prevention-solar-fencing

छत्तीसगढ़ में वन विभाग अब एआई आधारित कैमरे और सोलर हैंगिंग इलेक्ट्रिक फेंसिंग लगाने की तैयारी कर रहा है। इन तकनीकों से हाथियों की गतिविधियों पर नजर रखकर समय रहते अलार्म जारी किया जाएगा।

NEWS IN SHORT

  • जंगली हाथियों के हमलों से निपटने के लिए AI कैमरे की तैयारी।
  • हाथियों को रोकने के लिए सोलर आधारित हैंगिंग फेंसिंग का प्रयोग होगा।
  • राज्य के प्रभावित जिलों में करीब 400 हाथियों के दल सक्रिय।
  • ‘गजसंकेत ऐप’ के ग्रामीणों को रियल-टाइम अलर्ट मिल रहा है।
  • पिछले तीन वर्षों में तकनीकी प्रयोगों से मानव मौतों की संख्या घटी।

NEWS IN DETAIL

हाथियों से बचाव के लिए एआई तकनीक का सहारा

छत्तीसगढ़ में वर्षों से जंगली हाथियों के हमलों से प्रभावित लोगों को अब राहत मिलने की उम्मीद बढ़ी है। राज्य का वन विभाग तमिलनाडु और केरल की तर्ज पर एआई आधारित कैमरे और अलार्म सिस्टम लगाने की तैयारी कर रहा है। इन कैमरों की रेंज में जैसे ही हाथी प्रवेश करेंगे, तेज आवाज का अलार्म बजेगा, जिससे हाथियों को गांवों से दूर भगाने में मदद मिलेगी।

सोलर आधारित हैंगिंग फेंसिंग भी लगेगी

वन विभाग एक और नया प्रयोग करने जा रहा है। प्रभावित क्षेत्रों में सोलर आधारित झूलती इलेक्ट्रिक फेंसिंग लगाई जाएगी। यह फेंसिंग हाथियों के संपर्क में आते ही हल्का करंट देगी, जिससे हाथी गांवों की ओर बढ़ने से रुकेंगे और ग्रामीणों की सुरक्षा मजबूत होगी।

राज्य के कई जिले हाथी प्रभावित

वन विभाग के अनुसार राज्य में लगभग 400 हाथियों के दल अलग-अलग क्षेत्रों में भ्रमण कर रहे हैं। सबसे अधिक प्रभावित वन मंडल हैं- रायगढ़, धरमजयगढ़, कोरबा, कटघोरा, सूरजपुर, जशपुर। इसके अलावा धमतरी और गरियाबंद जिलों में भी हाथियों की आवाजाही से खतरा बना रहता है।

इनकी वजह से फसलें बर्बाद हो रही हैं, कच्चे घर टूट रहे हैं और कई बार जनहानि भी हो चुकी है। हर साल 80 से अधिक लोगों की मौत हाथी हमलों में होती थी, हालांकि हाल के वर्षों में यह संख्या घटकर 50-60 तक पहुंची है।

‘गजसंकेत ऐप’ से मिल रहा समय रहते अलर्ट

वन विभाग का ‘गजसंकेत’ ऐप इस समस्या में एक बड़ा कदम साबित हुआ है। यह सिस्टम हाथियों की गतिविधियों को ट्रैक करके 10 किलोमीटर के दायरे में रहने वाले ग्रामीणों को रियल-टाइम वॉयस कॉल, SMS अलर्ट WhatsApp संदेश के जरिए तुरंत चेतावनी देता है। पहले इसे गरियाबंद और धमतरी में लागू किया गया था, अब पूरे राज्य में इसका विस्तार हो चुका है।

तीन साल में हमलों में आई कमी

प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्यजीव) अरुण कुमार पांडेय के अनुसार पिछले तीन वर्षों में किए गए प्रयोगों से सकारात्मक परिणाम मिले हैं। पहले जहां हर साल 80 से ज्यादा लोगों की मौत होती थी, अब यह संख्या घटकर 50-60 के बीच रह गई है।

IMP FACTS

  • प्रभावित जिलों में सक्रिय हाथियों के दल: लगभग 400
  • पहले हर साल मौतें: 80+
  • वर्तमान औसत मौतें: 50–60
  • अलर्ट दायरा (गजसंकेत ऐप): 10 किमी
  • नए उपाय: एआई कैमरे + सोलर हैंगिंग फेंसिंग

आगे क्या

छत्तीसगढ़ वन विभाग जल्द ही चयनित हाथी प्रभावित इलाकों में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में एआई कैमरे और हैंगिंग फेंसिंग स्थापित करेगा। यदि यह प्रयोग सफल रहा तो इसे पूरे प्रभावित वन मंडलों में चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा।

निष्कर्ष

छत्तीसगढ़ में बढ़ते मानव-हाथी संघर्ष को देखते हुए वन विभाग अब पारंपरिक उपायों के साथ एआई तकनीक और सोलर सुरक्षा सिस्टम अपनाने जा रहा है। ‘गजसंकेत ऐप’ की सफलता के बाद ये नए प्रयोग ग्रामीणों की सुरक्षा बढ़ाने और जनहानि कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

ये खबरें भी पढ़ें...

छत्तीसगढ़ में मानव-हाथी संघर्ष: कोरबा में हाथियों के झुंड ने युवक को कुचला, मौत से ग्रामीणों में दहशत

मानव-हाथी टकराव रोकने के लिए सीएम साय की पहल, 'गजराज यात्रा' को दिखाई हरी झंडी

CG News | छत्तीसगढ़ में हाथी कैसे बनेंगे इंसानों के साथी ? लगातार बढ़ रहा मानव-हाथी संघर्ष !

छत्तीसगढ़ में हाथियों के हमले, जंगल में लकड़ी लेने गए बुजुर्ग को कुचला, हाथियों के हमले से हफ्ते भर में पांचवी मौत

Tags:
  • CG News
  • छत्तीसगढ़ वन विभाग
  • छत्तीसगढ़ में हाथियों के हमले
  • छत्तीसगढ़ में मानव-हाथी संघर्ष
  • AI कैमरे
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता

By Sanjay Gupta, Sandeep Kumar

नवरात्रि के पहले इंदौर में 92 लाख रुपए की गर्भपात किट मिलने से भड़के हिंदूवादी नेता
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि

By Neel Tiwari

20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें

By Arun Tiwari

छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी

By Sandeep Kumar

मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी

By VINAY VERMA

IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं

By Ashish Bhardwaj

राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई

By Arun Tiwari

पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई