ESB की माध्यमिक शिक्षक चयन परीक्षा रिजल्ट में देरी, अभ्यर्थी राजधानी में करेंगे प्रदर्शन
Dablu Kumar | Sept 14, 2025, 10:07 IST
TEACHER ASSPARAINTS
कर्मचारी चयन मंडल (ईएसबी) ने माध्यमिक शिक्षक चयन परीक्षा का परिणाम 4 महीनों बाद भी जारी नहीं किया है। इससे उम्मीदवारों में असंतोष है। परीक्षा का परिणाम जारी करने के लिए अभ्यर्थियों ने प्रदर्शन का ऐलान किया है।
कर्मचारी चयन मंडल (ईएसबी) के जरिए आयोजित माध्यमिक शिक्षक चयन परीक्षा का रिजल्ट चार महीने से अटका हुआ है। परीक्षा अप्रैल में आयोजित की गई थी, लेकिन अब तक इसका रिजल्ट जारी नहीं किया गया है। इस देरी के कारण परीक्षा में शामिल हुए लगभग डेढ़ लाख उम्मीदवार परेशान हैं। वहीं, अपनी परेशानियों को लेकर कई बार ईएसबी से संपर्क भी किया। लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई है। अब अभ्यर्थी आज (15 सितंबर) राजधानी भोपाल में विरोध करने वाले हैं।
ईएसबी ने दिसंबर 2022 में इस परीक्षा का विज्ञापन जारी किया था। इसके बाद पात्रता परीक्षा अप्रैल 2023 में आयोजित की गई थी। उम्मीदवारों का कहना है कि वे बार-बार ईएसबी के कार्यालय में गए, लेकिन वहां उन्हें कोई समाधान नहीं मिला। उन्होंने बताया कि हाई कोर्ट ने भी आदेश दे दिया है कि इनका रिजल्ट जारी किया जा सकता है।
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ईएसबी के अधिकारियों के मुताबिक, प्रक्रिया चल रही है, लेकिन परिणाम की घोषणा में देरी हो रही है। अभ्यर्थियों का कहना है कि यदि समय पर परिणाम घोषित किया जाता, तो डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन में भी समय नहीं लगता और भर्ती प्रक्रिया में देरी नहीं होती।
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अभ्यर्थियों ने यह भी बताया कि कुछ पदों, जैसे खेल और संगीत के शिक्षक में पिछले 20 वर्षों से भर्ती नहीं हुई है। हालांकि, स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी है। इसके पीछे की बड़ी वजह भर्ती प्रक्रिया में विफलता है। परिणाम घोषित होने के बाद भी डोक्यूमेंट वेरिफिकेशन में समय लगने से नियुक्ति प्रक्रिया में और देरी हो सकती है।
स्कूलों में शिक्षकों की कमी होने के बाद भी शिक्षक भर्ती उस अनुपात में नहीं हो रही। अभ्यर्थियों ने बताया कि उन्हें आर्थिक दिक्कतों का सामना भी करना पड़ रहा है।
बता दें कि, यह परीक्षा लगभग डेढ़ लाख अभ्यर्थियों ने दी थी। इसमें साढ़े 10 हजार पद थे। अभ्यर्थियों ने कहा कि तीन साल से भर्ती प्रक्रिया ही चल रही है, यह पूरी नहीं की जा रही। रिजल्ट घोषित होने के बाद डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन में भी समय लगेगा।
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ईएसबी के एक अधिकारी ने बताया कि परीक्षा का रिजल्ट अभी प्रक्रिया में है। जल्द ही इसे घोषित कर दिया जाएगा। लेकिन जब तक परिणाम घोषित नहीं होते, तब तक उम्मीदवारों के लिए अनिश्चितता की स्थिति बनी रहती है।
अभ्यर्थियों ने यह भी बताया कि यह वही स्थिति है, जो पटवारी परीक्षा में भी देखने को मिली थी। वहां भी परीक्षा परिणाम घोषित होने में काफी देरी हुई थी और इसके बाद आरोप लगे थे कि इस देरी के कारण कई उम्मीदवारों को निराशा हुई थी। अब उम्मीदवार इस बार भी उसी स्थिति का सामना कर रहे हैं।
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इधर, ईएसबी के एक अधिकारी का कहना है कि यह प्रक्रियाधीन है। इधर, अभ्यर्थियों का यह भी कहना है कि परिणाम जितना देर से घोषित होता है, उस पर उतने ही सवाल उठते हैं। पटवारी परीक्षा में भी ऐसा ही हुआ था।
ईएसबी ने दिसंबर 2022 में इस परीक्षा का विज्ञापन जारी किया था। इसके बाद पात्रता परीक्षा अप्रैल 2023 में आयोजित की गई थी। उम्मीदवारों का कहना है कि वे बार-बार ईएसबी के कार्यालय में गए, लेकिन वहां उन्हें कोई समाधान नहीं मिला। उन्होंने बताया कि हाई कोर्ट ने भी आदेश दे दिया है कि इनका रिजल्ट जारी किया जा सकता है।
राजधानी में अभ्यर्थी करेंगे प्रदर्शन
15 सितंबर 2025 को उम्मीदवारों ने मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में एक प्रदर्शन का आयोजन करने का ऐलान किया था। ऐसे में आज अभ्यर्थी भोपाल में प्रदर्शन करेंगे। अभ्यर्थियों का कहना है कि वे लंबे समय से रिजल्ट का इंतजार कर रहे हैं। यदि इसे जल्द घोषित नहीं किया जाता है, तो वे और भी बड़े आंदोलन की योजना बना सकते हैं। प्रदर्शन के दौरान अभ्यर्थी सरकार से मांग करेंगे कि वे शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया को शीघ्र पूरा करें। साथ ही यह सुनिश्चित करें कि किसी प्रकार की और देरी न हो।
चार महीने बाद भी परिणाम की कोई जानकारी नहीं
माध्यमिक शिक्षक चयन परीक्षा परिणाम वाली खबर पर एक नजर
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शिक्षक भर्ती में लंबे समय से रोक
स्कूलों में शिक्षकों की कमी होने के बाद भी शिक्षक भर्ती उस अनुपात में नहीं हो रही। अभ्यर्थियों ने बताया कि उन्हें आर्थिक दिक्कतों का सामना भी करना पड़ रहा है।
बता दें कि, यह परीक्षा लगभग डेढ़ लाख अभ्यर्थियों ने दी थी। इसमें साढ़े 10 हजार पद थे। अभ्यर्थियों ने कहा कि तीन साल से भर्ती प्रक्रिया ही चल रही है, यह पूरी नहीं की जा रही। रिजल्ट घोषित होने के बाद डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन में भी समय लगेगा।
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ईएसबी के जरिए दी गई प्रतिक्रिया
अभ्यर्थियों ने यह भी बताया कि यह वही स्थिति है, जो पटवारी परीक्षा में भी देखने को मिली थी। वहां भी परीक्षा परिणाम घोषित होने में काफी देरी हुई थी और इसके बाद आरोप लगे थे कि इस देरी के कारण कई उम्मीदवारों को निराशा हुई थी। अब उम्मीदवार इस बार भी उसी स्थिति का सामना कर रहे हैं।
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जानें क्या है परीक्षा परिणाम में देरी का कारण?
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