कूनो नेशनल पार्क में चीता हाफ सेंचुरी की तैयारी, बोत्सवाना से 8 नए चीते पहुंचेंगे मध्य प्रदेश

Jitendra Shrivastava | Feb 28, 2026, 02:13 IST
Share
cheetah project
Photograph: (thesootr)

कूनो नेशनल पार्क में 8 नए चीते आएंगे। प्रोजेक्ट चीता में मिशन 50 के लक्ष्य से मध्य प्रदेश में चीता पुनर्वास को नई गति मिलेगी। 28 फरवरी तक 8 नए चीते कूनो पहुंचेंगे।

News In Short

  • 28 फरवरी तक 8 नए चीते आएंगे।
  • वर्ष अंत तक 50 चीतों का लक्ष्य।
  • 2032 तक 60–70 चीतों का विजन।
  • गांधी सागर में विस्तार की तैयारी।
  • बन्नी घासभूमि में संरक्षण केंद्र योजना।

News In Detail

मध्य प्रदेश के कूनो नेशनल पार्क में प्रोजेक्ट चीता (Project Cheetah) को बड़ी सफलता मिलती दिख रही है। राज्य सरकार ने 2026 के आखिरी तक चीतों की संख्या 50 तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा है, जिसे मिशन 50 (Mission 50) नाम दिया गया है।

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने घोषणा की है कि 28 फरवरी तक बोत्सवाना से 8 नए चीते मध्य प्रदेश पहुंचेंगे। इससे चीता पुनर्वास (Cheetah Reintroduction) अभियान को नई गति मिलेगी।

एमपी में प्रोजेक्ट चीता को नई रफ्तार

प्रोजेक्ट चीता (Project Cheetah) की शुरुआत 17 सितंबर 2022 को हुई थी, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नामीबिया से लाए गए 8 चीतों को कूनो में छोड़ा था। इसके बाद 2023 में दक्षिण अफ्रीका से 12 और चीते लाए गए। अब बोत्सवाना से 8 और चीतों की नई खेप आने वाली है, जिससे कुल संख्या में बढ़ोतरी होगी।

ये खबर भी पढ़ें...

कूनो नेशनल पार्क का चीता भटक कर राजस्थान आया, तीन दिन से नहीं किया हैं कोई शिकार

गामिनी के शावकों से बढ़ी उम्मीद

हाल ही में दक्षिण अफ्रीकी मादा चीता ‘गामिनी’ ने 18 फरवरी को तीन शावकों को जन्म दिया। यह जैव विविधता संरक्षण (Biodiversity Conservation) की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है। चीतों की दूसरी पीढ़ी का जन्म इस बात का संकेत है कि कूनो की जलवायु और पारिस्थितिकी उनके अनुकूल है।

ये खबर भी पढ़ें...

एक साल में कूनो के 32 चीते चट कर गए 1.27 करोड़ का मीट

cheetah project
cheetah project


ये खबर भी पढ़ें...

एमपी के सरकारी कैलेंडर पर इम्पाला विवाद: हिरण की फोटो से सियासत गरम

गांधी सागर और कच्छ में विस्तार

सरकार केवल कूनो तक सीमित नहीं है। गांधी सागर अभयारण्य और गुजरात के बन्नी घासभूमि में भी संरक्षण प्रजनन केंद्र स्थापित करने की योजना है। यह रणनीति दीर्घकालिक वन्यजीव संरक्षण अभियान को मजबूती देगी।

ये खबर भी पढ़ें...

तीन महीने में सख्त कानून: अवैध कॉलोनियों पर सरकार का बड़ा एक्शन प्लान

जैव विविधता संरक्षण की मिसाल

भारत में 1952 में चीते विलुप्त घोषित कर दिए गए थे। ऐसे में चीता पुनर्वास एक ऐतिहासिक पहल है। भारतीय अभयारण्यों में चीतों को दौड़ते देखना न केवल पर्यावरणीय संतुलन का संकेत है, बल्कि यह वैश्विक स्तर पर भारत की संरक्षण क्षमता को भी दर्शाता है।





Tags:
  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी
  • कूनो नेशनल पार्क
  • मुख्यमंत्री मोहन यादव
  • एमपी में प्रोजेक्ट चीता
  • गांधी सागर अभयारण्य
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग

By Atul Dwivedi

MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री

By Ramanand Tiwari

एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा

By Ramanand Tiwari

मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा