खटवानी मोटर्स के मालिक पर अपहरण का आरोप, HC ने एसपी और मालिक को थमाया नोटिस
Neel Tiwari | Jul 03, 2025, 19:13 IST
Khatwani Motors HC
खटवानी मोटर्स के मैनेजर अमित बैरागी, जो जबलपुर और शहडोल ब्रांच का काम देखता था, 27 लाख रुपए लेकर अनूपपुर से जबलपुर लौट रहा था। रास्ते में कथित रूप से मारपीट कर उसका अपहरण कर लिया गया।
जबलपुर के चर्चित खटवानी मोटर्स से जुड़ा रहस्यमय अपहरण का मामला अब हाईकोर्ट पहुंच गया है। मैनेजर अमित बैरागी के अचानक लापता होने के बाद पीड़ित पक्ष ने जबलपुर हाईकोर्ट में बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दाखिल की।
कोर्ट की एक्टिंग चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा और जस्टिस विनय सराफ की डिविजन बेंच ने सुनवाई करते हुए खटवानी मोटर्स के मालिक रोहित खटवानी, जबलपुर पुलिस अधीक्षक और अन्य प्रतिवादियों को नोटिस जारी कर स्टेटस रिपोर्ट तलब की है। इस मामले में अधिवक्ता अभिषेक पांडे ने अमित के पक्ष में पैरवी की।
ये खबर भी पढ़ें...केरल में फंसे F-35B फाइटर जेट की नहीं हो सकी मरम्मत, अब टुकड़ों में भेजेंगे ब्रिटेन
खटवानी मोटर्स के मैनेजर अमित बैरागी, जो जबलपुर और शहडोल ब्रांच का काम देखता था। वह 27 लाख रुपए की बड़ी रकम लेकर अनूपपुर से जबलपुर लौट रहा था। उसी दौरान रास्ते में कथित रूप से मारपीट कर उसका अपहरण कर लिया गया।
इस घटना की शिकायत अमित के साले द्वारा की गई थी, जिसमें अपहरण का सीधा आरोप खटवानी मोटर्स के मालिक रोहित खटवानी पर लगाया गया है। उनका आरोप है कि कंपनी के अवैध कामों में लिप्त रहने के लिए अमित पर दबाव बनाया जा रहा था। इसी के चलते खटवानी मोटर्स के मालिक ने इस घटना को अंजाम दिया है।
ये खबर भी पढ़ें...भारतीय रेलवे में निकली 3 हजार से ज्यादा पदों पर भर्ती, करें आवेदन कहीं छूट न जाए मौका
जबलपुर पुलिस की जांच से नाखुश अमित के परिजनों ने अब हाईकोर्ट की शरण ली है। पहले एसपी ऑफिस में पहुंची शिकायत में मामले की गंभीरता को देखते हुए मदन महल थाना प्रभारी को जांच के आदेश तो दिए गए थे। लेकिन पीड़ित परिवार का आरोप है कि जांच में निष्क्रियता और पक्षपात बरता जा रहा है।
इसी कारण अमित के परिजन हाईकोर्ट पहुंचे और बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दाखिल की। यह याचिका तब दाखिल की जाती है जब किसी व्यक्ति को अवैध रूप से हिरासत में रखने या गायब होने की आशंका हो।
ये खबर भी पढ़ें...एमपी का गांधीसागर अभयारण्य बन रहा चीतों का नया ठिकाना, लाए जाएंगे चार और चीते
इस विवाद में नया मोड़ तब आया जब अमित के परिजनों ने आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि खटवानी मोटर्स टैक्स चोरी और फर्जी आरटीओ रजिस्ट्रेशन में शामिल है। आरोप है कि कंपनी ने पुरानी गाड़ियों को अवैध रूप से खरीदकर उन्हें नए वाहनों की तरह रजिस्टर किया और बेचा।
परिवार का कहना है कि अमित को इस आपराधिक षड्यंत्र में दबाव डालकर शामिल किया गया। इस कारण खटवानी मोटर्स के मालिक ने उसका अपहरण किया। इन आरोपों ने मामले को अपहरण से बढ़कर आर्थिक अपराध और संगठित गिरोह की संलिप्तता बना दिया है। प्रशासनिक हलकों में हलचल बढ़ गई है और वाणिज्यिक कर विभाग और परिवहन विभाग की सक्रियता की संभावना जताई जा रही है।
ये खबर भी पढ़ें...एमपी में खुलेगा ऊर्जा थाना : अब बिजली चोरी की तो सीधे होगी FIR, कंपनी की अलग रहेगी पुलिस
खटवानी मोटर्स के खिलाफ लगे आरोपों ने कंपनी की साख को नुकसान पहुंचाया है। दूसरी ओर, पुलिस की निष्क्रियता और प्रारंभिक जांच पर सवाल उठ रहे हैं।
कोर्ट के आदेश के बाद जबलपुर पुलिस को अमित बैरागी को जल्द खोजकर कोर्ट के सामने पेश करना होगा। यदि हाईकोर्ट को आरोपों में सत्यता मिलती है, तो खटवानी मोटर्स और संबंधित व्यक्तियों पर आपराधिक, आर्थिक और कर संबंधी कार्रवाई की संभावना है।
thesootr links
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧
कोर्ट की एक्टिंग चीफ जस्टिस संजीव सचदेवा और जस्टिस विनय सराफ की डिविजन बेंच ने सुनवाई करते हुए खटवानी मोटर्स के मालिक रोहित खटवानी, जबलपुर पुलिस अधीक्षक और अन्य प्रतिवादियों को नोटिस जारी कर स्टेटस रिपोर्ट तलब की है। इस मामले में अधिवक्ता अभिषेक पांडे ने अमित के पक्ष में पैरवी की।
ये खबर भी पढ़ें...केरल में फंसे F-35B फाइटर जेट की नहीं हो सकी मरम्मत, अब टुकड़ों में भेजेंगे ब्रिटेन
रहस्यमय ढंग से गायब हुए थे मैनेजर
इस घटना की शिकायत अमित के साले द्वारा की गई थी, जिसमें अपहरण का सीधा आरोप खटवानी मोटर्स के मालिक रोहित खटवानी पर लगाया गया है। उनका आरोप है कि कंपनी के अवैध कामों में लिप्त रहने के लिए अमित पर दबाव बनाया जा रहा था। इसी के चलते खटवानी मोटर्स के मालिक ने इस घटना को अंजाम दिया है।
ये खबर भी पढ़ें...भारतीय रेलवे में निकली 3 हजार से ज्यादा पदों पर भर्ती, करें आवेदन कहीं छूट न जाए मौका
पुलिस की जांच से नाखुश हैं परिजन
इसी कारण अमित के परिजन हाईकोर्ट पहुंचे और बंदी प्रत्यक्षीकरण याचिका दाखिल की। यह याचिका तब दाखिल की जाती है जब किसी व्यक्ति को अवैध रूप से हिरासत में रखने या गायब होने की आशंका हो।
ये खबर भी पढ़ें...एमपी का गांधीसागर अभयारण्य बन रहा चीतों का नया ठिकाना, लाए जाएंगे चार और चीते
खटवानी मोटर्स पर कई संगीन आरोप
परिवार का कहना है कि अमित को इस आपराधिक षड्यंत्र में दबाव डालकर शामिल किया गया। इस कारण खटवानी मोटर्स के मालिक ने उसका अपहरण किया। इन आरोपों ने मामले को अपहरण से बढ़कर आर्थिक अपराध और संगठित गिरोह की संलिप्तता बना दिया है। प्रशासनिक हलकों में हलचल बढ़ गई है और वाणिज्यिक कर विभाग और परिवहन विभाग की सक्रियता की संभावना जताई जा रही है।
ये खबर भी पढ़ें...एमपी में खुलेगा ऊर्जा थाना : अब बिजली चोरी की तो सीधे होगी FIR, कंपनी की अलग रहेगी पुलिस
खटवानी मोटर्स की बढ़ी मुश्किलें
कोर्ट के आदेश के बाद जबलपुर पुलिस को अमित बैरागी को जल्द खोजकर कोर्ट के सामने पेश करना होगा। यदि हाईकोर्ट को आरोपों में सत्यता मिलती है, तो खटवानी मोटर्स और संबंधित व्यक्तियों पर आपराधिक, आर्थिक और कर संबंधी कार्रवाई की संभावना है।
thesootr links
- मध्यप्रदेश की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- छत्तीसगढ़ की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- राजस्थान की खबरें पढ़ने यहां क्लिक करें
- रोचक वेब स्टोरीज देखने के लिए करें क्लिक
- एजुकेशन की खबरें पढ़ने के लिए क्लिक करें
- निशुल्क वैवाहिक विज्ञापन और क्लासिफाइड देखने के लिए क्लिक करें
अगर आपको ये खबर अच्छी लगी हो तो 👉 दूसरे ग्रुप्स, 🤝दोस्तों, परिवारजनों के साथ शेयर करें📢🔃🤝💬👩👦👨👩👧👧
MP कर्मचारी प्रमोशन: 10 साल बाद पदोन्नति, अब 4 साल की छूट पर अटका मामला, राज्य कर्मचारी संघ ने सीएम मोहन यादव से की मांग
By Atul Dwivedi
एमपी भाजपा में 30 सितंबर को तीन दिग्गजों की एकसाथ आमद, 236 दिन बाद मिला प्रदेश संगठन महामंत्री
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश भाजपा में अब लक्ष्मण रेखा कौन खींचेगा? चंद्रशेखर की होगी असली परीक्षा
By Ramanand Tiwari
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari