कांग्रेस छोड़ने के बाद विधायक रामनिवास रावत का बड़ा बयान, बोले नहीं दूंगा इस्तीफा
Sandeep Kumar | May 02, 2024, 09:59 IST
PIC
बीजेपी ज्वॉइन करने के बाद भी कांग्रेस एमएलए के तौर पर काम कर रहे रावत ने कहा कि अभी कोई ऐसी परिस्थितियां नहीं बनी हैं कि वे इस्तीफा दें...
BHOPAL. श्योपुर जिले में कांग्रेस से बगावत करके बीजेपी का दामन थामने वाले बागी विधायक रामनिवास रावत ने बड़ा बयान दिया हैं। मीडिया से चर्चा के दौरान रामनिवास रावत ( Ramniwas Rawat ) ने विधायक ( MLA ) पद से इस्तीफा देने से इनकार कर दिया हैं। उन्होने कहा कि अभी कोई ऐसी परिस्थितियां नहीं बनी हैं कि वे इस्तीफा दें। आपको बताते चलें कि मंगलवार को बीजेपी प्रत्याशी की चुनावी सभा के दौरान मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव, प्रदेश बीजेपी अध्यक्ष वीडी शर्मा के सामने कांग्रेस एमएलए रामनिवास रावत ने बीजेपी ज्वॉइन कर लिया था।
ये खबर भी पढ़िए...भाजपा नेता ने बांटी कार्यकर्ता को नोटों की गड्डी, कहा सफाई- टेंट का हिसाब कर रहे थे
इसके बाद चुनावी सभा में रावत ने कहा कि हर किसी की इच्छा रहती है कि वह क्षेत्र की जनता के लिए कुछ करे लेकिन जितना विकास मैं चाहता था, वह नहीं करा पाया। अब बीजेपी में शामिल होकर क्षेत्र को प्रदेश की मुख्यधारा तक ले जाना चाहता हूं। बताया जाता है कि 6 बार के विधायक रामनिवास रावत मुरैना लोकसभा सीट से सत्यपाल सिंह सिकरवार उर्फ नीटू को टिकट दिए जाने से नाराज थे। वे पहले मुरैना में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम के दिन बीजेपी में शामिल होने वाले थे लेकिन तब कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने उनको किसी तरह मना लिया था और तब उनकी बीजेपी में ज्वाइनिंग रुक गई थी।
ये खबर भी पढ़िए...लोकसभा चुनाव 2024 : प्रियंका गांधी आज छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश दौरे पर, चिरमिरी-मुरैना में करेंगी जनसभा
पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह की तत्कालीन सरकार में मंत्री रहे रामनिवास रावत इस समय विधानसभा विजयपुर से विधायक हैं। उन्होंने कांग्रेस से बगावत करके भाजपा तो ज्वॉइन कर ली है लेकिन न तो अभी तक ना तो विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर को और न ही विधानसभा सचिवालय को इस्तीफा भेजा है।
ये खबर भी पढ़िए...CM Mohan: जो अपने प्रत्याशी को बचा नहीं पाए, वो अब दूसरों पर कीचड़ उछाल रहे
विधानसभा के प्रमुख सचिव एपी सिंह का भी कहना है कि अभी तक विधानसभा सचिवालय को एमएलए रावत का इस्तीफा नहीं मिला है। विधानसभा अध्यक्ष की ओर से भी इसकी सूचना नहीं है। इसलिए वे कांग्रेस के विधायक हैं।
विधायक रामनिवास रावत के इस्तीफा नहीं दिए जाने के बाद अब शिवराज सरकार के कार्यकाल के दौरान बीजपी ज्वॉइन करने वाले कांग्रेस विधायक सचिन बिरला और 2009 में बीजेपी सांसद के मंच से समर्थन करने वाले भाजश विधायक दिनेश अहिरवार जैसी स्थिति बन गई है। दोनों के ही सार्वजनिक मंच में बीजेपी का अंगवस्त्र धारण करने के बाद भी उनका विधायक पद बना रहा था क्योंकि विधायक पद से इस्तीफा नहीं दिया था और दोनों के ही मामले में पार्टी ने कोई कार्रवाई नहीं की थी।
ये खबर भी पढ़िए...BJP ने अपने कुनबे में 7 लाख नेता जोड़े, इनमें डॉक्टर और वकील भी, पढ़ें पूरा एनालिसिस
जानकारों के अनुसार अब इस मामले में कांग्रेस के विधायक विधानसभा से शिकायत करें कि रावत ने बीजेपी ज्वॉइन कर ली है, इसलिए उनकी विधायक पद की सदस्यता खत्म की जाए तो ही उनकी विधायकी जा सकती है। अगर कांग्रेस उन्हें पार्टी से निष्कासित करती है तो उनका विधायक पद बना रह सकता है। अब तक की स्थिति में कांग्रेस विधायकों की ओर से रावत के विरुद्ध शिकायत करने की तैयारी नहीं है।
ये खबर भी पढ़िए...भाजपा नेता ने बांटी कार्यकर्ता को नोटों की गड्डी, कहा सफाई- टेंट का हिसाब कर रहे थे
बीजेपी ज्वॉइन करने के बाद यह कहा था रावत ने
इसके बाद चुनावी सभा में रावत ने कहा कि हर किसी की इच्छा रहती है कि वह क्षेत्र की जनता के लिए कुछ करे लेकिन जितना विकास मैं चाहता था, वह नहीं करा पाया। अब बीजेपी में शामिल होकर क्षेत्र को प्रदेश की मुख्यधारा तक ले जाना चाहता हूं। बताया जाता है कि 6 बार के विधायक रामनिवास रावत मुरैना लोकसभा सीट से सत्यपाल सिंह सिकरवार उर्फ नीटू को टिकट दिए जाने से नाराज थे। वे पहले मुरैना में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम के दिन बीजेपी में शामिल होने वाले थे लेकिन तब कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने उनको किसी तरह मना लिया था और तब उनकी बीजेपी में ज्वाइनिंग रुक गई थी।
ये खबर भी पढ़िए...लोकसभा चुनाव 2024 : प्रियंका गांधी आज छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश दौरे पर, चिरमिरी-मुरैना में करेंगी जनसभा
रावत ने अबतक नहीं दिया है इस्तीफा
पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह की तत्कालीन सरकार में मंत्री रहे रामनिवास रावत इस समय विधानसभा विजयपुर से विधायक हैं। उन्होंने कांग्रेस से बगावत करके भाजपा तो ज्वॉइन कर ली है लेकिन न तो अभी तक ना तो विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर को और न ही विधानसभा सचिवालय को इस्तीफा भेजा है।
ये खबर भी पढ़िए...CM Mohan: जो अपने प्रत्याशी को बचा नहीं पाए, वो अब दूसरों पर कीचड़ उछाल रहे
रावत कांग्रेस के विधायक:एपी सिंह
विधानसभा के प्रमुख सचिव एपी सिंह का भी कहना है कि अभी तक विधानसभा सचिवालय को एमएलए रावत का इस्तीफा नहीं मिला है। विधानसभा अध्यक्ष की ओर से भी इसकी सूचना नहीं है। इसलिए वे कांग्रेस के विधायक हैं।
सचिन बिरला और दिनेश अहिरवार जैसी स्थिति
विधायक रामनिवास रावत के इस्तीफा नहीं दिए जाने के बाद अब शिवराज सरकार के कार्यकाल के दौरान बीजपी ज्वॉइन करने वाले कांग्रेस विधायक सचिन बिरला और 2009 में बीजेपी सांसद के मंच से समर्थन करने वाले भाजश विधायक दिनेश अहिरवार जैसी स्थिति बन गई है। दोनों के ही सार्वजनिक मंच में बीजेपी का अंगवस्त्र धारण करने के बाद भी उनका विधायक पद बना रहा था क्योंकि विधायक पद से इस्तीफा नहीं दिया था और दोनों के ही मामले में पार्टी ने कोई कार्रवाई नहीं की थी।
ये खबर भी पढ़िए...BJP ने अपने कुनबे में 7 लाख नेता जोड़े, इनमें डॉक्टर और वकील भी, पढ़ें पूरा एनालिसिस
जा सकती है रावत की विधायकी
जानकारों के अनुसार अब इस मामले में कांग्रेस के विधायक विधानसभा से शिकायत करें कि रावत ने बीजेपी ज्वॉइन कर ली है, इसलिए उनकी विधायक पद की सदस्यता खत्म की जाए तो ही उनकी विधायकी जा सकती है। अगर कांग्रेस उन्हें पार्टी से निष्कासित करती है तो उनका विधायक पद बना रह सकता है। अब तक की स्थिति में कांग्रेस विधायकों की ओर से रावत के विरुद्ध शिकायत करने की तैयारी नहीं है।
20 हजार करोड़ रुपए के बकाया चालान: सुप्रीम कोर्ट ने दिए अनोखे सुझाव: बिजली बिल में जुड़ सकती है चालान की राशि
By Neel Tiwari
छत्तीसगढ़ कांग्रेस का कलेक्ट्रेट घेराव, पुलिस से झूमाझटकी, भूपेश बघेल बोले ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें
By Arun Tiwari
मध्य प्रदेश में 1 अक्टूबर से राशन दुकानें बंद, राशन विक्रेता संघ ने 5 मांगों पर दी चेतावनी
By Sandeep Kumar
IAS आशीष टिकरिहा को जनसंपर्क संचालक का अतिरिक्त प्रभार, वेयर हाउसिंग कॉरपोरेशन के प्रबंध संचालक की जिम्मेदारी भी रहेगी
By VINAY VERMA
राजस्थान हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, तलाक के बाद पासपोर्ट पर पिता के नाम की कोई जरूरत नहीं
By Ashish Bhardwaj
पाटन चुनाव याचिका पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा निर्देश, भूपेश बघेल की आपत्ति पर पहले छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट करेगा सुनवाई
By Arun Tiwari
भोपाल की सेज यूनिवर्सिटी में छात्रों का हंगामा: हॉस्टल मेस के खाने में कीड़े मिलने का आरोप, अब खाद्य विभाग करेगा जांच
By Jitendra Shrivastava