भजनलाल सरकार के कार्यकाल में यमुना का पानी आना मुश्किल, 7 साल से अधिक लगेगा समय, कहां-कहां फंसा है पेंच

Amit Baijnath Garg | Dec 26, 2025, 14:36 IST
Share
bhajanlal sharma
Photograph: (the sootr)

यमुना का पानी राजस्थान तक लाने में 7 साल से अधिक समय लग सकता है। हिमाचल प्रदेश और अन्य राज्यों की समस्याएं मुख्य बाधाएं हैं। हिमाचल बांधों के निर्माण में अपना अंशदान देने में आनाकानी कर रहा है। किशाऊ बांध के निर्माण में फंडिंग बाधा बनी।

Jaipur. यमुना नदी का पानी राजस्थान तक लाने के प्रयासों में तेजी आई है, लेकिन भजनलाल सरकार के कार्यकाल में यह पानी आता कठिन दिख रहा है। सब कुछ ठीक चलता रहा तो भी यमुना का पानी शेखावाटी की धरती तक पहुंचाने में 7 साल से अधिक लग सकते हैं।

यमुना का पानी राजस्थान तक पहुंचाने में बांधों के निर्माण और पाइपलाइन बिछाने का काम समय लेने वाला है। इसमें हिमाचल प्रदेश का बड़ा पेंच भी फंसा हुआ है। कांग्रेस शासित होने के कारण हिमाचल बांधों के निर्माण में अपना अंशदान देने में आनाकानी कर रहा है।

News Strike : अगले चुनाव तक रिटायर हो जाएगी बीजेपी नेताओं की पूरी खेप; मप्र, राजस्थान और छत्तीसगढ़ के ये नेता होंगे रिटायर?

यमुना के पानी को लेकर यह समझौता

फरवरी, 2024 में केंद्र सरकार, हरियाणा और राजस्थान के बीच यमुना जल समझौते के तहत एक नया एग्रीमेंट हुआ। यह राजस्थान की भजनलाल सरकार की उपलब्धियों में एक था। इस एग्रीमेंट के अनुसार राजस्थान को उसके हिस्से का पानी (1119 मिलियन क्यूबिक मीटर) देना तय हुआ। पानी के लिए हथिनीकुंड बैराज से चूरू, सीकर, झुंझुनूं और आसपास के जिलों तक पानी लाने के लिए भूमिगत पाइपलाइन बिछाने की योजना है।

राजस्थान में 5 IAS के तबादले, दिल्ली से लौटे सिद्धार्थ महाजन को मिली बड़ी जिम्मेदारी, देखिए सूची

काम में तेजी आने का दावा

समझौते के बाद अब हथिनीकुंड बैराज से शेखावाटी तक भूमिगत पाइपलाइन बिछाने के लिए डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) पर काम चल रहा है। राजस्थान तक पानी पहुंचाने के लिए संयुक्त टास्क फोर्स बन चुकी है। डीपीआर बनाने के लिए कंसल्टेंट नियुक्त किया गया है। यह परियोजना रेणुकाजी (हिमाचल), लखवार (उत्तराखंड) और किशाऊ बांधों के पूरा होने से और मजबूत होगी। इससे राजस्थान को सालभर पानी मिल सकेगा।

द सूत्र मन मत सर्वे:: राजस्थान के 46% लोग बोले- आज चुनाव तो हार जाएंगे मौजूदा विधायक, आधी जनता विधायकों के खिलाफ खुलकर नहीं बोल पाती

किशाऊ बांध पर हिमाचल का पेंच

यमुना के ऊपरी बेसिन पर किशाऊ बांध के निर्माण में फंडिंग बाधा बन रही है। इस समस्या का हल निकालने का प्रयास चल रहा है। ​राष्ट्रीय परियोजना होने के कारण किशाऊ बांध के लिए 90 प्रतिशत केंद्र और 10 प्रतिशत राशि राज्यों को देनी है।

राजस्थान ने इस बांध के लिए अपना अंशदान देने को तैयार है, लेकिन हिमाचल का कहना है कि इस प्रोजेक्ट से दिल्ली, हरियाणा, यूपी व राजस्थान को फायदा होगा। इसलिए पूरी लागत केंद्र या ये राज्य वहन करें। इसके लिए केंद्र राज्यों को मनाने में जुटा है।
राजस्थान पहुंची एमपी की बाघिन, 25 दिन के बाद लगी हाथ, अधिकारी बोले एमपी के बाघ ताकतवर

10 फीसदी मिलेगा अतिरिक्त पानी

ऊपरी यमुना बेसिन में यमुना व उसकी सहायक नदियों गिरी पर रेणुकाजी, यमुना पर लखवार और टोंस पर किशाऊ बांध बनने से हरियाणा, यूपी, राजस्थान, दिल्ली को पानी और बिजली की आपूर्ति हो सकेगी। किशाऊ बांध उत्तराखंड के देहरादून जिले और हिमाचल प्रदेश के सिरमौर जिले में यमुना की सहायक नदी टोंस नदी पर बनना है।

पाइपलाइन से पानी पहुंचेगा

किशाऊ बांध की ऊंचाई 236 मीटर और लंबाई 680 मीटर होगी। इससे 97,076 हेक्टेयर जमीन की सिंचाई होगी। साथ ही कुल 660 मेगावाट पन बिजली का उत्पादन होगा। यह बिजली उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश को बराबर मिलेगी। राजस्थान को इन परियोजनाओं से करीब दस फीसदी पानी मिलेगा। यमुना का अतिरिक्त पानी ताजेवाला हैड से पाइपलाइन के जरिए राजस्थान तक पहुंचेगा।

बार-बार ट्रांसफर से परेशान जज दिनेश कुमार गुप्ता पहुंचे सुप्रीम कोर्ट, राजस्थान हाईकोर्ट को मिले नए निर्देश

भजन सरकार में पानी आना मुश्किल

भजनलाल सरकार ने यमुना का पानी का राजस्थान में लाने की पहल की है। हालांकि भजनलाल सरकार के कार्यकाल में यमुना का पानी आना मुश्किल है। कई राज्यों से जुड़ा होने के कारण समय पर पूरा होने में इस प्रोजेक्ट में कई तरह की कठिनाई है। राष्ट्रीय परियोजना होने के कारण इसमें सब कुछ सही चलता रहा तो भी यमुना का पानी राजस्थान तक पहुंचाने में 7 साल से अधिक का समय लग सकता है। भजनलाल सरकार के अगले तीन साल के कार्यकाल में पानी आना मुश्किल है।

Tags:
  • राजस्थान
  • भजनलाल सरकार
  • उत्तराखंड
  • हिमाचल प्रदेश
  • हरियाणा
  • भजनलाल सरकार के कार्यकाल में यमुना का पानी आना मुश्किल
  • यमुना का पानी
गूगल पर द सूत्र चुनें ! Add as a preferredsource on Google
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन

By Jitendra Shrivastava

मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें

By Sanjay Dhiman

mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे

By Sanjay Gupta

झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा

By Arun Tiwari

बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग

By Jitendra Shrivastava

Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग

By Jitendra Shrivastava

Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग

By Jitendra Shrivastava

Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग