विश्वविद्यालयों में अधिकारियों की जांच से पहले लेनी होगी राज्यपाल की अनुमति
Arun Tiwari | Jan 01, 2026, 13:50 IST
governor approval
शासकीय विश्वविद्यालयों में अब किसी भी अधिकारी, शिक्षक या कर्मचारी के खिलाफ जांच शुरू करने से पहले राज्यपाल की अनुमति अनिवार्य हो गई है। जांच पूरी होने के बाद अंतिम निर्णय लेने के लिए भी कुलाधिपति की स्वीकृति जरूरी होगी।
Raipur. शासकीय विश्वविद्यालयों में अब किसी भी अधिकारी, शिक्षक या कर्मचारी के खिलाफ जांच शुरू करने से पहले राज्यपाल की अनुमति अनिवार्य हो गई है। जांच पूरी होने के बाद अंतिम निर्णय लेने के लिए भी कुलाधिपति की स्वीकृति जरूरी होगी।
इस संबंध में लोकभवन से आदेश जारी कर दिए गए हैं। इस आदेश के बाद छत्तीसगढ़ में राज्यपाल और राज्य सरकार के बीच अधिकारों को लेकर टकराव की स्थिति पैदा हो गई है।
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अब तक विश्वविद्यालयों में कुलपति स्तर तक राज्यपाल के अधिकार क्षेत्र में रहा है। इसके बाद के अधिकारियों से जुड़े मामलों में राज्य सरकार निर्णय लेती है, लेकिन नई व्यवस्था के तहत कुलसचिव या प्रभारी कुलसचिव के अलावा अब किसी भी अधिकारी, शिक्षक या कर्मचारी के खिलाफ जांच शुरू करने से पहले राज्यपाल से अनुमति लेना जरूरी हो गया है।
राज्य में संचालित 15 शासकीय विश्वविद्यालयों से जुड़े अधिनियमों का हवाला देते हुए कहा गया है कि राज्यपाल इन विश्वविद्यालयों के कुलाधिपति हैं। इसी आधार पर निर्देश जारी कर सभी विश्वविद्यालयों को यह सुनिश्चित करने को कहा गया है कि किसी भी नियुक्ति प्रक्रिया या अनुशासनात्मक कार्रवाई से पहले आवश्यक अनुमोदन लिया जाए।
साथ ही, जांच के बाद लिए जाने वाले हर अंतिम फैसले में भी कुलाधिपति की स्वीकृति अनिवार्य होगी। इस आदेश के बाद विश्वविद्यालयों से जुड़े मामलों में सरकार और राजभवन के बीच अधिकारों को लेकर खींचतान और तेज होने के संकेत मिल रहे हैं।
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इस संबंध में लोकभवन से आदेश जारी कर दिए गए हैं। इस आदेश के बाद छत्तीसगढ़ में राज्यपाल और राज्य सरकार के बीच अधिकारों को लेकर टकराव की स्थिति पैदा हो गई है।
5 पॉइंट्स में समझें पूरी खबरशासकीय विश्वविद्यालयों में जांच शुरू करने से पहले अब राज्यपाल की अनुमति जरूरी होगी।जांच पूरी होने के बाद अंतिम निर्णय के लिए भी कुलाधिपति की स्वीकृति अनिवार्य होगी। लोकभवन से जारी आदेश के बाद राजभवन और राज्य सरकार के बीच टकराव की स्थिति बनी। नए नियम के तहत कुलसचिव को छोड़कर अन्य सभी अधिकारियों, शिक्षकों व कर्मचारियों पर यह लागू होगा। राज्य के 15 शासकीय विश्वविद्यालयों को निर्देश जारी कर आदेश का पालन सुनिश्चित करने को कहा गया। |
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राजभवन-सरकार में टकराव:
विश्वविद्यालयों को निर्देश जारी:
साथ ही, जांच के बाद लिए जाने वाले हर अंतिम फैसले में भी कुलाधिपति की स्वीकृति अनिवार्य होगी। इस आदेश के बाद विश्वविद्यालयों से जुड़े मामलों में सरकार और राजभवन के बीच अधिकारों को लेकर खींचतान और तेज होने के संकेत मिल रहे हैं।
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