राजस्थान में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना में धांधली, ढाई लाख संदिग्ध मामले
Nitin Kumar Bhal | Oct 17, 2025, 15:01 IST
Photograph: (TheSootr)
राजस्थान में पीएम किसान सम्मान निधि योजना में बड़ी धांधली का खुलासा हुआ है, जिसमें 2.5 लाख संदिग्ध मामले सामने आए हैं। सत्यापन प्रक्रिया और कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
Jaipur . राजस्थान में केंद्र सरकार की फ्लैगशिप योजना, पीएम किसान सम्मान निधि योजना (PM Kisan Samman Nidhi) में बड़े पैमाने पर धांधली का खुलासा हुआ है। इस योजना के तहत राजस्थान के 1.2 करोड़ पंजीकृत किसानों में से 2.5 लाख संदिग्ध लाभार्थी पाए गए हैं। इन धांधली के मामलों में जोधपुर, बीकानेर और जैसलमेर जैसे प्रमुख जिलों का नाम सामने आया है, जहां बड़ी संख्या में गलत लाभार्थी शामिल हैं। इस खुलासे के बाद राजस्थान सरकार और कृषि विभाग ने मामले की गंभीरता को समझते हुए, पूरे राज्य में विशेष टीमें गठित कर लाभार्थियों का सत्यापन करना शुरू कर दिया है।
राजस्थान का युवक मौत के दो महीने बाद बना आरएएस, गम में डूबा परिवार और गांव
राजस्थान में पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत पंजीकृत 1.2 करोड़ किसानों में से 2.5 लाख संदिग्ध मामले सामने आए हैं। इन मामलों की पुष्टि के लिए जोधपुर जिले में 45,000, बीकानेर में 38,000 और जैसलमेर में 32,000 संदिग्ध लाभार्थियों की शिकायतें प्राप्त हुई हैं। यह स्थिति राज्य की कृषि योजनाओं के लिए एक बड़ा झटका है, क्योंकि इस योजना से किसानों को सालाना 6,000 रुपये की सहायता दी जाती है। इन सहायता राशि का उद्देश्य छोटे और सीमांत किसानों को आर्थिक सहायता प्रदान करना है, लेकिन इस योजना में हुई धांधली ने इसके उद्देश्य को खतरे में डाल दिया है।
यह खबर भी देखें...
अंता उपचुनाव: टिकट के नाम पर साइबर ठगी का शिकार बने बारां प्रधान को ही भाजपा का टिकट, त्रिकोणीय मुकाबले के आसार
इस धांधली के कारण सरकारी खजाने को करोड़ों रुपये का नुकसान हुआ है। फर्जी लाभार्थियों ने गलत तरीके से इस योजना का लाभ उठाया, जिससे भारतीय सरकार के कृषि विभाग को फंड की वसूली और धोखाधड़ी की जांच करनी पड़ी। कृषि विभाग ने फैसला लिया है कि गलत लाभार्थियों से पैसे की वसूली की जाएगी और उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की भी जाएगी। यह कदम योजना की पारदर्शिता और उचित क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है।
यह खबर भी देखें...
राजस्थान में 2026 के लिए सरकारी छुट्टियों का कलैंडर जारी, शनिवार-रविवार के कारण नौ अवकाश का हो गया नुकसान
कृषि विभाग ने पूरे राज्य में सत्यापन प्रक्रिया को तेज किया है और विशेष टीमें गठित की हैं। इस सत्यापन प्रक्रिया में हर एक लाभार्थी की जानकारी की जाँच की जाएगी। विभाग ने एक एसओपी (Standard Operating Procedure) जारी किया है, जिसके तहत सभी राज्यों को संदिग्ध लाभार्थियों के नामों को पोर्टल से हटाने, नोटिस भेजने और फंड रिकवरी के निर्देश दिए गए हैं। इस प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने के लिए सभी लाभार्थियों की सूची को सत्यापित किया जा रहा है, साथ ही ई-केवाईसी (e-KYC) को भी अपडेट किया जा रहा है।1 जनवरी 2025 से, इस योजना के तहत पंजीकरण करने के लिए ‘फार्मर आइडी’ (Farmer ID) को अनिवार्य कर दिया गया है। मंत्रालय ने राज्यों को आदेश दिए हैं कि वे 21वीं किस्त (दिसंबर 2025) से पहले सभी लाभार्थियों का सत्यापन और ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी कर लें। इसके लिए अक्टूबर 2025 तक समय सीमा निर्धारित की गई है।
यह खबर भी देखें...
CIRT पुणे करेगी जैसलमेर बस हादसे की जांच, एसआईटी सौंपेगी राजस्थान सरकार को रिपोर्ट
21वीं किस्त (दिसंबर 2025) से पहले कृषि मंत्रालय ने सभी राज्यों को निर्देश दिए हैं कि वे सभी लाभार्थियों का सत्यापन और ई-केवाईसी प्रक्रिया को पूरा करें। यह कदम फर्जी लाभार्थियों की पहचान करने और योजना की सटीकता सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है। मंत्रालय ने यह भी निर्देश दिया है कि आगामी किस्तों के लिए सभी फंड की सही तरीके से वसूली हो और लाभार्थियों के नाम सही पोर्टल पर हों।
यह खबर भी देखें...
आरएएस परीक्षा 2023: सात साल की मेहनत और बिना कोचिंग के कुशल चौधरी ने रचा इतिहास, पाई पहली रैंक
कृषि मंत्रालय ने एसओपी जारी कर राज्यों को योजना में अधिक पारदर्शिता लाने के निर्देश दिए हैं। इस SOP के तहत, प्रत्येक राज्य को लाभार्थियों की सूची का सत्यापन करना होगा, फर्जी नामों को हटाना होगा, और संदिग्ध लाभार्थियों को नोटिस भेजने होंगे। इसके अलावा, मंत्रालय ने फंड वसूली की प्रक्रिया को भी सख्त बनाने के निर्देश दिए हैं। इसके लिए प्रत्येक राज्य को फंड वसूलने की प्रक्रिया को सख्ती से लागू करने की सलाह दी गई है।
यह खबर भी देखें...
राजस्थान में फिर एक अप्रेल से सरकारी स्कूल खोलने की तैयारी, पहले फेल हो चुका यह प्रयोग
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना का उद्देश्य छोटे और सीमांत किसानों को वित्तीय सहायता प्रदान करना है। इस योजना के तहत किसानों को सालाना 6,000 रुपए की सहायता तीन किस्तों में दी जाती है। अब तक, इस योजना के तहत देश के 9.7 करोड़ किसानों को 20वीं किस्त (अगस्त 2025) में 20,500 करोड़ रुपए का वितरण किया जा चुका है। इस योजना ने देश भर में किसानों को महत्वपूर्ण सहायता प्रदान की है, लेकिन इस योजना में हो रही धांधली ने इसकी प्रभावशीलता को चुनौती दी है।
राजस्थान का युवक मौत के दो महीने बाद बना आरएएस, गम में डूबा परिवार और गांव
राजस्थान में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना में धांधली किन जिलों में हुई?
यह खबर भी देखें...
अंता उपचुनाव: टिकट के नाम पर साइबर ठगी का शिकार बने बारां प्रधान को ही भाजपा का टिकट, त्रिकोणीय मुकाबले के आसार
सरकारी खजाने को नुकसान और वसूली की प्रक्रिया
यह खबर भी देखें...
राजस्थान में 2026 के लिए सरकारी छुट्टियों का कलैंडर जारी, शनिवार-रविवार के कारण नौ अवकाश का हो गया नुकसान
पारदर्शिता के लिए सत्यापन की प्रक्रिया तेज
यह खबर भी देखें...
CIRT पुणे करेगी जैसलमेर बस हादसे की जांच, एसआईटी सौंपेगी राजस्थान सरकार को रिपोर्ट
दिसंबर 2025 में आनी है 21वीं किस्त
यह खबर भी देखें...
आरएएस परीक्षा 2023: सात साल की मेहनत और बिना कोचिंग के कुशल चौधरी ने रचा इतिहास, पाई पहली रैंक
राज्य सरकारों को पारदर्शिता बरतने के आदेश
यह खबर भी देखें...
राजस्थान में फिर एक अप्रेल से सरकारी स्कूल खोलने की तैयारी, पहले फेल हो चुका यह प्रयोग
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना क्या है ?
FAQ
- 1. पीएम किसान सम्मान निधि योजना में धांधली के मामले कहां सामने आए हैं?
राजस्थान के जोधपुर, बीकानेर और जैसलमेर जैसे जिलों में पीएम किसान सम्मान निधि योजना में धांधली के 2.5 लाख संदिग्ध मामले सामने आए हैं। - 2. पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत कितनी सहायता दी जाती है?
पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत किसानों को सालाना 6,000 रुपए की सहायता दी जाती है, जो तीन किस्तों में 2,000-2,000 रुपए होती है। - 3. कृषि मंत्रालय ने पीएम किसान सम्मान निधि योजना में कब तक सभी लाभार्थियों का सत्यापन करने की समय सीमा तय की है?
कृषि मंत्रालय ने 21वीं किस्त (दिसंबर 2025) से पहले सभी लाभार्थियों का सत्यापन और ई-केवाईसी पूरा करने के लिए अक्टूबर 2025 तक की समय सीमा तय की है। 4. पीएम किसान सम्मान निधि योजना का उद्देश्य क्या है? इस योजना का उद्देश्य छोटे और सीमांत किसानों को वित्तीय सहायता प्रदान करना है, जिससे उनकी आय में वृद्धि हो सके और वे कृषि कार्यों में सक्षम हो सकें।
मध्य प्रदेश के किसानों को बड़ी राहत: मिनी ट्रैक्टर पर मिलेगी 50 प्रतिशत तक सब्सिडी, ऑनलाइन पोर्टल पर ऐसे करें आवेदन
By Jitendra Shrivastava
mp-top-news: खबरें काम की... ब्राह्मणों ने कभी शासन नहीं किया, नरोत्तम मिश्रा बोले खामोशी को कमजोरी न समझें
By Sanjay Dhiman
झाबुआ संयुक्त कलेक्टर अक्षय सिंह की नौकरी खतरे में, फर्जी जाति प्रमाणपत्र में ऐसे घिरे
By Sanjay Gupta
बस्तर में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे CM साय, प्रभावित परिवारों से मिले, 10 हजार रुपए अतिरिक्त सहायता की घोषणा
By Arun Tiwari
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava
Top News: खबरें काम की... नेपाल में पहाड़ टूटा, भूस्खलन और बाढ़ में 24 की मौत, डोनाल्ड ट्रंप का दावा- ईरान से जल्द खत्म होगी जंग
By Jitendra Shrivastava